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बंदरों के हमले में चार बच्चे जख्मी

Sat, 04 Mar 2017 10:06 PM IST
ब्यूरो, अमर उजाला/ हापुड़
ब्यूरो, अमर उजाला/ हापुड़ Updated Sat, 04 Mar 2017 10:06 PM IST
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Four children injured in monkey attacks.
बंदरों का हमला - फोटो : अमर उजाला

शहर में बंदरों का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। शनिवार दोपहर मोहल्ला गढ़ी में घर के बाहर खेल रहे बच्चों पर बंदरों के झुंड ने हमला बोल दिया। जिससे चार बच्चे जख्मी हो गए। जिन्हें आसपास के लोगों ने उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया।

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लोगों ने बंदरों को पकड़वाने की मांग उठाई है। शनिवार दोपहर एक बजे मोहल्ला गढ़ी में घर के बाहर बच्चे खेल रहे थे। तभी वहां बंदरों के झुंड ने हमला बोल दिया। बंदरों के हमले से अफरा-तफरी मच गई।
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हमले की चपेट में आकर 15 वर्षीय अर्जुन, 8 वर्षीय रीतिक, 7 वर्षीय तनिष्क और 8 वर्षीय तुषार घायल हो गए। आसपास के लोगों ने घायल बच्चों को तुरंत निजी अस्पताल में भर्ती कराया।
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मोहल्ले के लोगों ने बताया कि बंदरों का आतंक दिनोंदिन बढ़ता जा रहा है। कई बार बंदरों को पकड़वाने की मांग की जा चुकी है लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है।

बंदरों के हमले से परेशान शहर के लोगों में आक्रोश है। मोहल्ला निवासी विकास शर्मा, पंकज शर्मा, राजन शर्मा, अमित दक्ष आदि ने कहा कि पालिका ने अगर जल्द बंदरों को नहीं पकड़वाया तो वह पालिका का घेराव करेंगे।

वहीं पालिका प्रशासक ज्योति राय ने कहा कि उन्होंने जल्द ही कार्यभार संभाला है, इसलिए उन्हें टेंडर के विषय में जानकारी नहीं है।

हापुड़ में नगर पालिका की पिछली बोर्ड बैठकों में लोगों की मांग को देखते हुए यह प्रस्ताव पास किया गया था कि 300 रुपये प्रति बंदर के हिसाब से इन्हें पकड़वाने का ठेका दिया जाएगा,

लेकिन अब तक इस पर अमल नहीं हुआ। चेयरमैन मालती भारती ने कहा कि लोगों की मांग पर एक बार फिर जल्द ही अभियान चलाया जाएगा।

प्रभागीय वन अधिकारी पीएन सिंह ने बताया कि जंगलों में खाने की कमी और किसानों द्वारा बंदरों को खदेड़े जाने के कारण बंदर शहर की ओर रुख कर रहे हैं। हस्तिनापुर सेंचुरी रेंज में बंदरों के खाने के लिए कुछ खास नहीं है।


ऐसे में ये इस क्षेत्र से बाहर आकर किसानों की फसल को नुकसान पहुंचाते हैं। किसानों द्वारा खदेड़े जाने पर बंदर शहर की ओर आ जाते हैं।

बंदरों को पकड़ने के लिए समय-समय पर अभियान चलाया जाता है। नागरिकों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। जल्द ही बंदरों को पकड़वाया जाएगा। ज्योति राय, पालिका प्रशासक, डिप्टी कलेक्टर      

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