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Hapur News: रामलीला मैदान के मेले में सुरक्षा नियमों की अनदेखी का आरोप
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कलक्ट्रेट में डीएम से रामलीला मैदान में लगे झूलों की शिकायत करने पहुंचे लोग। स्रोत: स्वयं
हापुड़। रामलीला मैदान में चल रहे मेले में सुरक्षा मानकों की अनदेखी का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी कविता मीणा से शिकायत की गई है। शिकायतकर्ताओं ने मेले में संचालित बड़े झूलों और मौत के कुएं की तकनीकी जांच कराने, हाईटेंशन बिजली लाइन के नीचे लगी दुकानों को हटवाने ओर सुरक्षा व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की है।
सोमवार को जिला मुख्यालय पहुंचे लज्जापुरी निवासी बिट्टू, विशाल, महेश, मोंटी ने बताया कि मेले में प्रतिदिन हजारों लोग पहुंच रहे हैं लेकिन सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। आरोप है कि बड़े झूले और मौत का कुआं बिना तकनीकी जांच और आधिकारिक फिटनेस प्रमाणपत्र के संचालित किए जा रहे हैं। ऐसे में किसी तकनीकी खराबी के कारण बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।
मेले में कई दुकानें 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन बिजली लाइन के नीचे लगाई गई हैं। तारों और दुकानों के बीच कम दूरी होने से करंट लगने और शॉर्ट सर्किट का खतरा बना हुआ है। इसके अलावा मेले में आग बुझाने के उपकरण और आपातकालीन निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है।
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उन्होंने जिलाधिकारी से मेले में तकनीकी टीम भेजकर झूलों की जांच कराने और मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले झूलों को तत्काल बंद कराने की मांग की है। साथ ही हाईटेंशन लाइन के नीचे लगी दुकानों और आवंटित भूमि पर किए गए कथित अतिक्रमण को हटवाकर जनसुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
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सोमवार को जिला मुख्यालय पहुंचे लज्जापुरी निवासी बिट्टू, विशाल, महेश, मोंटी ने बताया कि मेले में प्रतिदिन हजारों लोग पहुंच रहे हैं लेकिन सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम नहीं हैं। आरोप है कि बड़े झूले और मौत का कुआं बिना तकनीकी जांच और आधिकारिक फिटनेस प्रमाणपत्र के संचालित किए जा रहे हैं। ऐसे में किसी तकनीकी खराबी के कारण बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है।
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मेले में कई दुकानें 11 हजार वोल्ट की हाईटेंशन बिजली लाइन के नीचे लगाई गई हैं। तारों और दुकानों के बीच कम दूरी होने से करंट लगने और शॉर्ट सर्किट का खतरा बना हुआ है। इसके अलावा मेले में आग बुझाने के उपकरण और आपातकालीन निकासी की पर्याप्त व्यवस्था नहीं है।
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उन्होंने जिलाधिकारी से मेले में तकनीकी टीम भेजकर झूलों की जांच कराने और मानकों पर खरे नहीं उतरने वाले झूलों को तत्काल बंद कराने की मांग की है। साथ ही हाईटेंशन लाइन के नीचे लगी दुकानों और आवंटित भूमि पर किए गए कथित अतिक्रमण को हटवाकर जनसुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।