{"_id":"112-22487","slug":"Hapur-22487-112","type":"story","status":"publish","title_hn":"छठ पर्व पर उमड़ा श्रद्धा का सैलाब","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
छठ पर्व पर उमड़ा श्रद्धा का सैलाब
Hapur
Updated Tue, 20 Nov 2012 12:00 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
शहरी क्षेत्र से आए श्रद्धालुओं ने गंगा किनारे की पूजा-अर्चना
हापुड़/गढ़मुक्तेश्वर/पिलखुवा। चंद्रलोक कालोनी में छठ पूजन का पर्व धूमधाम से मनाया गया। ब्रजघाट में गंगा किनारे शहरी क्षेत्रों से आए श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। सूर्यास्त के समय गंगा की जलधारा में खड़े होकर भगवान भास्कर को अर्घ्य दिया।
19 नवबंर की शाम महिलाओं ने जलकुंड में खड़े होकर सूर्यास्त के समय पूजाकर सूर्य को अर्घ्य दिया। 20 नवंबर की सुबह सूर्योदय के समय जल कुंड में खड़े होकर सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। इसी के बाद दूसरे दिन का व्रत खुलेगा। जीनाथ पंाडेय का कहना है कि छठ पर्व पर महिलाएं दो दिन का व्रत रखती हैें। 18 नवंबर को महिलाओं ने पूरे दिन व्रत रखा तथा शाम को फलाहार कर व्रत खोला। 19 नवबंर को पूरे दिन व्रत रखा तथा शाम को सूर्यास्त के समय जल कुंड में खड़े होकर गन्ना, हरि सब्जियों आदि के साथ मिट्टी का सूर्य बनाकर उसे अर्घ्य दिया गया। इसी तरह कल 20 नवबंर की सुबह जल कुंड में खड़े होकर सूर्योदय के समय अर्घ्य देकर व्रत खोला जायेगा। महिलाएं यह व्रत अपने बच्चों और पति की दीर्घायु के लिए रखती हैं और दो दिन तक कुछ नहीं खातीं। 20 नवंबर की सुबह बड़ी संख्या में महिला पुरुष चन्द्रलोक कालोनी में पूजा अर्चना कर अर्घ्य देने के लिए पहुंचेंगे। पर्व के आयोजन में नगर पालिका परिषद अध्यक्ष मालती देवी, पालिका सदस्य बिजेन्द्र सिंह, बिजेन्द्र त्यागी, बिजेन्द्र चौधरी, सचिन चौधरी, बिजेन्द्र चौधरी, संजय पांडेय, त्रिभुवन पांडेय आदि का सहयोग रहा।
ब्रजघाट सोमवार को दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ, फरीदाबाद, मुरादाबाद, अमरोहा आदि शहरों में रहने वाले पूर्वांचल के लोग पहुंचे। उन्होंने गंगातट पर सिंघाड़ा, मूली, शकरकंद, मूंगफली, केले, सेब आदि की पूजा-अर्चना की। शाम को श्रद्धालुओं ने गंगा की जलधारा में खड़े होकर अस्तांचल के समय भगवान भास्कर को अर्घ्य देकर संतान की दीर्घायु, परिवार की सुख-समृद्धि एवं मनोवांछित फल की कामना की। सूर्यदेव को अर्घ्य देने के बाद श्रद्धालुओं ने आतिशबाजी छोड़ी।
विज्ञापन
नवरंगपुरी में उमड़ी महिलाओं की भीड़
पिलखुवा की फैक्ट्रियों में पूर्वांचल के जिलों के परिवार रहते हैं, जो प्रतिवर्ष नवरंगपुरी में छठ पर्व धूमधाम से मनाते हैं। कांति देवी और प्रेमो देवी ने बताया कि पुत्रों की दीर्घायु और परिवार की सुख समृद्धि के लिए छठ पूजन किया जाता है। रविवार को पूजन के पहले दिन कदुआ भात और अगले दिन खरना किया गया। सोमवार को डूबते हुए सूर्य को अर्घ्य देकर अपने बेटों की दीर्घायु की मंगल कामना की। मंगलवार की सुबह उगते सूर्य को अर्घ्य देंगे। रजनी विहार, रमपुरा रोड, मोदीनगर रोड पर भी महिलाओं ने छठ पूजन किया। पूजन करने वालों में रेनू, उतनी, चांदो, लालती, किरण, रविन्द्र, विरेन्द्र, रामनोल, संजय तिवारी, दीपू, विरेन्द्र, प्रेमचंद आदि थे।
विज्ञापन
हापुड़/गढ़मुक्तेश्वर/पिलखुवा। चंद्रलोक कालोनी में छठ पूजन का पर्व धूमधाम से मनाया गया। ब्रजघाट में गंगा किनारे शहरी क्षेत्रों से आए श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना की। सूर्यास्त के समय गंगा की जलधारा में खड़े होकर भगवान भास्कर को अर्घ्य दिया।
19 नवबंर की शाम महिलाओं ने जलकुंड में खड़े होकर सूर्यास्त के समय पूजाकर सूर्य को अर्घ्य दिया। 20 नवंबर की सुबह सूर्योदय के समय जल कुंड में खड़े होकर सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। इसी के बाद दूसरे दिन का व्रत खुलेगा। जीनाथ पंाडेय का कहना है कि छठ पर्व पर महिलाएं दो दिन का व्रत रखती हैें। 18 नवंबर को महिलाओं ने पूरे दिन व्रत रखा तथा शाम को फलाहार कर व्रत खोला। 19 नवबंर को पूरे दिन व्रत रखा तथा शाम को सूर्यास्त के समय जल कुंड में खड़े होकर गन्ना, हरि सब्जियों आदि के साथ मिट्टी का सूर्य बनाकर उसे अर्घ्य दिया गया। इसी तरह कल 20 नवबंर की सुबह जल कुंड में खड़े होकर सूर्योदय के समय अर्घ्य देकर व्रत खोला जायेगा। महिलाएं यह व्रत अपने बच्चों और पति की दीर्घायु के लिए रखती हैं और दो दिन तक कुछ नहीं खातीं। 20 नवंबर की सुबह बड़ी संख्या में महिला पुरुष चन्द्रलोक कालोनी में पूजा अर्चना कर अर्घ्य देने के लिए पहुंचेंगे। पर्व के आयोजन में नगर पालिका परिषद अध्यक्ष मालती देवी, पालिका सदस्य बिजेन्द्र सिंह, बिजेन्द्र त्यागी, बिजेन्द्र चौधरी, सचिन चौधरी, बिजेन्द्र चौधरी, संजय पांडेय, त्रिभुवन पांडेय आदि का सहयोग रहा।
विज्ञापन
ब्रजघाट सोमवार को दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, मेरठ, फरीदाबाद, मुरादाबाद, अमरोहा आदि शहरों में रहने वाले पूर्वांचल के लोग पहुंचे। उन्होंने गंगातट पर सिंघाड़ा, मूली, शकरकंद, मूंगफली, केले, सेब आदि की पूजा-अर्चना की। शाम को श्रद्धालुओं ने गंगा की जलधारा में खड़े होकर अस्तांचल के समय भगवान भास्कर को अर्घ्य देकर संतान की दीर्घायु, परिवार की सुख-समृद्धि एवं मनोवांछित फल की कामना की। सूर्यदेव को अर्घ्य देने के बाद श्रद्धालुओं ने आतिशबाजी छोड़ी।
विज्ञापन
नवरंगपुरी में उमड़ी महिलाओं की भीड़
पिलखुवा की फैक्ट्रियों में पूर्वांचल के जिलों के परिवार रहते हैं, जो प्रतिवर्ष नवरंगपुरी में छठ पर्व धूमधाम से मनाते हैं। कांति देवी और प्रेमो देवी ने बताया कि पुत्रों की दीर्घायु और परिवार की सुख समृद्धि के लिए छठ पूजन किया जाता है। रविवार को पूजन के पहले दिन कदुआ भात और अगले दिन खरना किया गया। सोमवार को डूबते हुए सूर्य को अर्घ्य देकर अपने बेटों की दीर्घायु की मंगल कामना की। मंगलवार की सुबह उगते सूर्य को अर्घ्य देंगे। रजनी विहार, रमपुरा रोड, मोदीनगर रोड पर भी महिलाओं ने छठ पूजन किया। पूजन करने वालों में रेनू, उतनी, चांदो, लालती, किरण, रविन्द्र, विरेन्द्र, रामनोल, संजय तिवारी, दीपू, विरेन्द्र, प्रेमचंद आदि थे।