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हजारों लोगों का नाम मतदाता सूची से गायब
गोरखपुर। अमर उजाला ब्यूरो
Updated Mon, 23 Nov 2015 08:16 PM IST
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सहजनवां तहसील के 17 गांवों के एक हजार से अधिक लोगों के नाम मतदाता सूची से गायब होने पर नये सिरे नाम जोड़ने के लिए सभी औपचारिकताएं पूरी की। बावजूद इनके नाम मतदाता सूची में दर्ज नहीं हुए। इससे नाराज सौ की संख्या में कलेक्ट्रेट पहुंचे ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन देकर नाम मतदाता सूची में दर्ज कराने की मांग की।
ग्राम पंचायत बुदहट, भीमापार, परमेश्वरपुर, रघुनाथपुर, सहित अन्य 17 ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया। कहा कि छूटे हुए मतदाताओं का नाम समस्त प्रक्रिया पूरी कर एसडीएम सहजनवां के वहां परिवर्धन और विलोपन की सूची प्राप्त करा दी गई थी। इससे संबंधित पूरी पत्रावली निर्वाचन कार्यालय भेजने की बात हम लोगों को बताई गई थी। निर्वाचन कार्यालय से जब जानकारी मांगीं गई तो पता चला कि परिवर्धन और विलोपन की सूची ही रिसीव नहीं है। इससे साफ है कि इसमें एसडीएम, बीडीओ, एडीओ की भूमिका संदिग्ध है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बीडीओ साजिश के तहत नाम जोड़ने में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं।
ज्ञापन देने वालों में सुशील दुबे, अभय पासवान, देव सहाय, सतीश पासवान, प्रेमचंद उपाध्याय, दिनेश, संतोष शुक्ला, सर्वेश, गोलू गौड़, सीताराम, वंदना देवी, कुसुम, प्रमोद यादव, रणजीत कलावती आदि लोग शामिल थे।
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ग्राम पंचायत बुदहट, भीमापार, परमेश्वरपुर, रघुनाथपुर, सहित अन्य 17 ग्राम पंचायतों के ग्रामीणों ने जिलाधिकारी को ज्ञापन दिया। कहा कि छूटे हुए मतदाताओं का नाम समस्त प्रक्रिया पूरी कर एसडीएम सहजनवां के वहां परिवर्धन और विलोपन की सूची प्राप्त करा दी गई थी। इससे संबंधित पूरी पत्रावली निर्वाचन कार्यालय भेजने की बात हम लोगों को बताई गई थी। निर्वाचन कार्यालय से जब जानकारी मांगीं गई तो पता चला कि परिवर्धन और विलोपन की सूची ही रिसीव नहीं है। इससे साफ है कि इसमें एसडीएम, बीडीओ, एडीओ की भूमिका संदिग्ध है। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि बीडीओ साजिश के तहत नाम जोड़ने में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं।
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ज्ञापन देने वालों में सुशील दुबे, अभय पासवान, देव सहाय, सतीश पासवान, प्रेमचंद उपाध्याय, दिनेश, संतोष शुक्ला, सर्वेश, गोलू गौड़, सीताराम, वंदना देवी, कुसुम, प्रमोद यादव, रणजीत कलावती आदि लोग शामिल थे।
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