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जिला पंचायत की जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर हंगामा
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Fri, 24 Jun 2016 09:15 PM IST
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जिला अधिकारी कार्यालय के सामने रोते-बिलखते दीवानी कचहरी के पास ठेला-खोमचा लगाने वाले लोग
- फोटो : mahesh kumar
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दीवानी कचहरी के पास स्थित जिला पंचायत की जमीन पर विभाग की तरफ से बाउंड्रीवाल की प्रक्रिया शुरू होने पर वहां ठेला खोमचा लगाने वाले और सब्जी बेचने वालों ने हंगामा कर दिया। जिलाधिकारी कार्यालय पर पहुंच कर धरना प्रदर्शन करने लगे। सूचना पर सिटी मजिस्ट्रेट ने मौके पर पहुंचकर निर्माण कार्य को बंद करवा दिया। इतना ही नहीं बाउंड्रीवाल के लिए गड्ढे खोदे गए गड्ढे को पटवा दिया। जिला पंचायत की तरफ से कार्य करने वालों को भगा दिया गया।
दीवानी कचहरी के पास पहले जिला पंचायत का डाक बंगला हुआ करता था। न्यायालय के निर्माण के समय जमीन कम पड़ने पर शासन की तरफ से दीवानी न्यायालय को जिला पंचायत की जमीन दे दी गई। जिस पर न्यायालय द्वारा बाउंड्रीवाल खड़ा कर दिया गया। शेष जमीन करीब 8 हजार वर्ग फिट उसी तरह से पड़ी हुई है। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष साधना सिंह के कार्यकाल में तत्कालीन अपर मुख्य अधिकारी आरएस यादव उसी जमीन पर दुकान बनवाने लगे। इस पर अध्यक्ष ने यह कह कर रोकवा दिया था कि बगैर उनके संज्ञान में लिए कोई कार्य नहीं हो सकता है। इसी बीच नगर निगम ने सब्जी बेचने वालाें को लाकर स्थापित कर दिया।
नया अध्यक्ष चुने जाने के बाद जिला पंचायत अपनी जमीन पर एक बार फिर कब्जा करने की तैयारी शुरू की। विभाग की तरफ से जब बाउंड्रीवाल की प्रक्रिया शुरू की गई तो स्थानीय पार्षद अजय राय ने जिलाधिकारी को एक पत्र लिखा। जिसमें कहा कि दीवानी न्यायालय के पास की जमीन जिला पंचायत की है। इसके बदले उसे कहीं और जमीन दे दिया जाए। इस पर सब्जी वाले ठेेला लगाते हैं। उन्हें यहां से बेदखल न किया जाए।
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उस पत्र पर जिलाधिकारी ने अपर मुख्य अधिकारी को पत्र लिख कर उचित कार्रवाई करने को कहा। उस पत्र के जवाब में एएमए ने लिखा की जिला पंचायत की जमीन है उसे किसी को नहीं दी जा सकती। उसके बाद जिला पंचायत की तरफ से बाउंड्रीवाल निर्माण शुरू करा दिया गया। शुक्रवार को वहां पर सब्जी लगाने वालाें ने जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसकी सूचना पर पहुंचे सिटी मजिस्ट्रेट ने कार्य को रोकवा दिया।
जिला पंचायत की जमीन पर स्थानीय पार्षद के द्वारा सब्जी वालों से वसूली की जाती है। पार्षद ने उन्हीं सब्जी वालों को उकसा कर धरना प्रदर्शन कराया गया। बाउंड्रीवाल के लिए जो गड्ढे खोदे गए थे उस पाट दिया गया। यह सीधे सीधे सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा है। यह कृत्य ठीक नहीं है। प्रशासन को दोषी लोगों के विरुद्ध कार्रवाई करनी चाहिए न की ऐसे लोगों को प्रश्रय देना चाहिए। जिला पंचायत की जमीन को किसी को भी कब्जा नहीं करने देंगे।
- गीताजंलि यादव, अध्यक्ष जिला पंचायत
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दीवानी कचहरी के पास पहले जिला पंचायत का डाक बंगला हुआ करता था। न्यायालय के निर्माण के समय जमीन कम पड़ने पर शासन की तरफ से दीवानी न्यायालय को जिला पंचायत की जमीन दे दी गई। जिस पर न्यायालय द्वारा बाउंड्रीवाल खड़ा कर दिया गया। शेष जमीन करीब 8 हजार वर्ग फिट उसी तरह से पड़ी हुई है। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष साधना सिंह के कार्यकाल में तत्कालीन अपर मुख्य अधिकारी आरएस यादव उसी जमीन पर दुकान बनवाने लगे। इस पर अध्यक्ष ने यह कह कर रोकवा दिया था कि बगैर उनके संज्ञान में लिए कोई कार्य नहीं हो सकता है। इसी बीच नगर निगम ने सब्जी बेचने वालाें को लाकर स्थापित कर दिया।
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नया अध्यक्ष चुने जाने के बाद जिला पंचायत अपनी जमीन पर एक बार फिर कब्जा करने की तैयारी शुरू की। विभाग की तरफ से जब बाउंड्रीवाल की प्रक्रिया शुरू की गई तो स्थानीय पार्षद अजय राय ने जिलाधिकारी को एक पत्र लिखा। जिसमें कहा कि दीवानी न्यायालय के पास की जमीन जिला पंचायत की है। इसके बदले उसे कहीं और जमीन दे दिया जाए। इस पर सब्जी वाले ठेेला लगाते हैं। उन्हें यहां से बेदखल न किया जाए।
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उस पत्र पर जिलाधिकारी ने अपर मुख्य अधिकारी को पत्र लिख कर उचित कार्रवाई करने को कहा। उस पत्र के जवाब में एएमए ने लिखा की जिला पंचायत की जमीन है उसे किसी को नहीं दी जा सकती। उसके बाद जिला पंचायत की तरफ से बाउंड्रीवाल निर्माण शुरू करा दिया गया। शुक्रवार को वहां पर सब्जी लगाने वालाें ने जिलाधिकारी कार्यालय पर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इसकी सूचना पर पहुंचे सिटी मजिस्ट्रेट ने कार्य को रोकवा दिया।
जिला पंचायत की जमीन पर स्थानीय पार्षद के द्वारा सब्जी वालों से वसूली की जाती है। पार्षद ने उन्हीं सब्जी वालों को उकसा कर धरना प्रदर्शन कराया गया। बाउंड्रीवाल के लिए जो गड्ढे खोदे गए थे उस पाट दिया गया। यह सीधे सीधे सरकारी जमीन पर अवैध कब्जा है। यह कृत्य ठीक नहीं है। प्रशासन को दोषी लोगों के विरुद्ध कार्रवाई करनी चाहिए न की ऐसे लोगों को प्रश्रय देना चाहिए। जिला पंचायत की जमीन को किसी को भी कब्जा नहीं करने देंगे।
- गीताजंलि यादव, अध्यक्ष जिला पंचायत