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जश्न और जोश में सर्दी का छूटा पसीना
अमर उजाला ब्यूरो, गोरखपुर।
Updated Sun, 01 Jan 2017 01:15 AM IST
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गोलघर में नए साल पर जश्न मनाते शहरी।
- फोटो : Rajesh Kumar
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नववर्ष को मंगलमय करने के लिए शनिवार सुबह से कहीं जश्न मनाने की तैयारी थी तो कहीं लोग पिकनिक को निकल चुके थे। हर ओर 2016 की विदाई और 2017 के अभिनंदन की गूंज रही। आधी रात को जैसे ही नववर्ष ने दस्तक दी, लोगों ने उसका स्वागत अतिशबाजी से की। समूचा शहर एकबारगी रोशनी से नहा उठा। कड़ाके की ठंड में लोगों ने गर्मजोशी के साथ नए साल का इस्तकबाल किया। नए साल के आगमन को लेकर युवाओं व बच्चों में विशेष उत्साह दिखा। देर रात तक पार्टियों व सैर-सपाटे का दौर चला।
वर्ष के अंतिम दिन दोपहर से ही सड़क पर युवाओं की चहल-पहल बढ़ गई। हालांकि, सर्द हवाएं लोगों के उल्लास को चुनौती दे रही थीं लेकिन युवाओं के जोश की गर्मी ठंड पर भारी पड़ी। उपहार के माध्यम से नयावर्ष मंगलमय कहने के लिए फूल, कार्ड व गिफ्ट की दुकानों पर पूरे दिन भीड़ लगी रही। गोलघर के होटल व रेस्तरां भी सुबह से नएवर्ष के आगमन के लिए तैयार किए जाने लगे। शाम के बाद जो रौनक बढ़ी, वो देर रात तक जारी रही। शहर में कई जगहों पर दावतों का दौर भी देर रात तक चलता रहा। नए साल के जश्न में डूबे शहर के लोगों का जोश कड़ाके की ठंड को मात दे गया। सर्द रात में नए साल के जश्न में नाचते-झूमते लोगों ने नए साल के जश्न में ऐसी गर्मी भरी कि मानो सर्दी भी पसीना-पसीना हो गई।
नेपाल और कुशीनगर की पिकनिक
ट्रैवल एजेंसी संचालक फैज अहमद ने बताया कि नए साल का जश्न मनाने के लिए शहर के लोग नेपाल और कुशीनगर भी गए हैं। हालांकि इस बार ऐसे लोगों की संख्या पिछले सालों के मुकाबले कम है। उन्होंने सैर-सपाटे के साथ नए साल के इस्तकबाल में आई कमी के पीछे नोटबंदी का असर बताया।
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खूबसूरत बुके की रही होड़
नववर्ष पर फूलों से बधाई देने के लिए युवाओं में विशेष उत्साह दिखा। दोपहर से ही गोलघर पर बुके बनवाने के लिए युवाओं की भीड़ जुटने लगी। मेरा बुके सबसे खूबसूरत हो, इसके लिए होड़ रही। मांग को देखते हुए बुके के दौरान मुंहमांगी कीमत वसूलते देखे गए।
सोशल साइट्स पर संदेशों की बाढ़
नए साल के स्वागत का उल्लास सोशल साइट्स भी छाप छोड़ गया। तरह-तरह के संदेशों के जरिए लोग अपने इष्ट-मित्रों को नववर्ष की मुबारकबाद देते रहे। दिन चढ़ने के साथ सोशल साइट्स पर ऐसे संदेश बढ़ते गए। रात के बारह बजते-बजते सोशल साइट्स पर ऐसे संदेशों की बाढ़ सी आ गई।
पार्कों में पूरे दिन लगी रही भीड़
शहर के पार्कों में पूरे दिन लोगों की भीड़ जुटी रही। बड़े लोग घर के बच्चों को लेकर पार्कों में पहुंचे तो युवा भी पार्क में प्राकृतिक सौंदर्य का मजा उठाते दिखे। बच्चों ने पार्कों में झूले आदि का आनंद उठाया तो बड़ों ने सुंदर नजारों को सेल्फी के जरिए कैमरे में कैद किया।
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वर्ष के अंतिम दिन दोपहर से ही सड़क पर युवाओं की चहल-पहल बढ़ गई। हालांकि, सर्द हवाएं लोगों के उल्लास को चुनौती दे रही थीं लेकिन युवाओं के जोश की गर्मी ठंड पर भारी पड़ी। उपहार के माध्यम से नयावर्ष मंगलमय कहने के लिए फूल, कार्ड व गिफ्ट की दुकानों पर पूरे दिन भीड़ लगी रही। गोलघर के होटल व रेस्तरां भी सुबह से नएवर्ष के आगमन के लिए तैयार किए जाने लगे। शाम के बाद जो रौनक बढ़ी, वो देर रात तक जारी रही। शहर में कई जगहों पर दावतों का दौर भी देर रात तक चलता रहा। नए साल के जश्न में डूबे शहर के लोगों का जोश कड़ाके की ठंड को मात दे गया। सर्द रात में नए साल के जश्न में नाचते-झूमते लोगों ने नए साल के जश्न में ऐसी गर्मी भरी कि मानो सर्दी भी पसीना-पसीना हो गई।
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नेपाल और कुशीनगर की पिकनिक
ट्रैवल एजेंसी संचालक फैज अहमद ने बताया कि नए साल का जश्न मनाने के लिए शहर के लोग नेपाल और कुशीनगर भी गए हैं। हालांकि इस बार ऐसे लोगों की संख्या पिछले सालों के मुकाबले कम है। उन्होंने सैर-सपाटे के साथ नए साल के इस्तकबाल में आई कमी के पीछे नोटबंदी का असर बताया।
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खूबसूरत बुके की रही होड़
नववर्ष पर फूलों से बधाई देने के लिए युवाओं में विशेष उत्साह दिखा। दोपहर से ही गोलघर पर बुके बनवाने के लिए युवाओं की भीड़ जुटने लगी। मेरा बुके सबसे खूबसूरत हो, इसके लिए होड़ रही। मांग को देखते हुए बुके के दौरान मुंहमांगी कीमत वसूलते देखे गए।
सोशल साइट्स पर संदेशों की बाढ़
नए साल के स्वागत का उल्लास सोशल साइट्स भी छाप छोड़ गया। तरह-तरह के संदेशों के जरिए लोग अपने इष्ट-मित्रों को नववर्ष की मुबारकबाद देते रहे। दिन चढ़ने के साथ सोशल साइट्स पर ऐसे संदेश बढ़ते गए। रात के बारह बजते-बजते सोशल साइट्स पर ऐसे संदेशों की बाढ़ सी आ गई।
पार्कों में पूरे दिन लगी रही भीड़
शहर के पार्कों में पूरे दिन लोगों की भीड़ जुटी रही। बड़े लोग घर के बच्चों को लेकर पार्कों में पहुंचे तो युवा भी पार्क में प्राकृतिक सौंदर्य का मजा उठाते दिखे। बच्चों ने पार्कों में झूले आदि का आनंद उठाया तो बड़ों ने सुंदर नजारों को सेल्फी के जरिए कैमरे में कैद किया।