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बिना योगी मंदिर में मनेगा शारदीय नवरात्र
Updated Tue, 19 Sep 2017 01:39 AM IST
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गोरखपुर। गोरखनाथ मंदिर में शारदीय नवरात्र इस बार बिना योगी के मनाया जाएगा। योगी आदित्यनाथ के सीएम बनने के बाद इस तरह का यह पहला अवसर होगा। वह केवल नवरात्र के पहले दिन कलश स्थापना तथा आखिरी दिन कन्या पूजन के लिए मंदिर में मौजूद रहेंगे।
नवरात्र का पर्व पूरे विधि विधान से गोरखनाथ मंदिर में गोरक्ष पीठाधीश्वर मनाते हैं। कलश स्थापना कर पूरे नवरात्र के दौरान वही व्रत रहते हैं। हर रोज दुर्गा सप्तशती का पाठ संस्कृत के आचार्यों द्वारा होता है। उनके साथ ही योगी भी खुद पाठ करते हैं। मगर सीएम होने के कारण वह पूरे नौ दिन मंदिर में नहीं रह सकते हैं। वेदाचार्य रामानुज त्रिपाठी के मुताबिक 21 सितंबर को सीएम आएंगे और सायंकाल कलश स्थापना कर मंदिर के मुख्य पुजारी कमलनाथ को प्रतिनिधि बनाकर लखनऊ चले जाएंगे। फिर 29 सितंबर को आकर वह कन्या पूजन कर सभी को भोजन कराएंगे।
इसके बाद 30 सितंबर को गोरखनाथ मंदिर में दशहरा मनाया जाएगा। सभी देवी-देवताओं की पूजा के बाद मंदिर से परंपरागत ढंग से शोभायात्रा निकलेगी जो मानसरोवर मंदिर जाएगी। वहां शंकर भगवान की पूजा के बाद शोभायात्रा रामलीला मैदान पहुंचेगी, जहां गोरक्ष पीठाधीश्वर राम और लक्ष्मण का राज तिलक कर आरती उतारेंगे। वहां से मंदिर आकर साधु, संतों एवं निर्धनों को भोजन कराएंगे।
नवरात्र का पर्व पूरे विधि विधान से गोरखनाथ मंदिर में गोरक्ष पीठाधीश्वर मनाते हैं। कलश स्थापना कर पूरे नवरात्र के दौरान वही व्रत रहते हैं। हर रोज दुर्गा सप्तशती का पाठ संस्कृत के आचार्यों द्वारा होता है। उनके साथ ही योगी भी खुद पाठ करते हैं। मगर सीएम होने के कारण वह पूरे नौ दिन मंदिर में नहीं रह सकते हैं। वेदाचार्य रामानुज त्रिपाठी के मुताबिक 21 सितंबर को सीएम आएंगे और सायंकाल कलश स्थापना कर मंदिर के मुख्य पुजारी कमलनाथ को प्रतिनिधि बनाकर लखनऊ चले जाएंगे। फिर 29 सितंबर को आकर वह कन्या पूजन कर सभी को भोजन कराएंगे।
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इसके बाद 30 सितंबर को गोरखनाथ मंदिर में दशहरा मनाया जाएगा। सभी देवी-देवताओं की पूजा के बाद मंदिर से परंपरागत ढंग से शोभायात्रा निकलेगी जो मानसरोवर मंदिर जाएगी। वहां शंकर भगवान की पूजा के बाद शोभायात्रा रामलीला मैदान पहुंचेगी, जहां गोरक्ष पीठाधीश्वर राम और लक्ष्मण का राज तिलक कर आरती उतारेंगे। वहां से मंदिर आकर साधु, संतों एवं निर्धनों को भोजन कराएंगे।
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