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जिला अस्पताल के बेड फुल, लौटाए गए मरीज
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, गोरखपुर।
Updated Thu, 19 Jul 2018 01:19 AM IST
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जिला अस्पताल में बेड फुुल होने पर कई मरीजों को लौटा दिया गया।
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केस-1
मियां बाजार की शीला गौड़ को जिला अस्पताल की ओपीडी से दिखाकर उनके परिवार के लोग भर्ती करने 12:05 बजे इमरजेंसी पहुंचे। यहां बेड खाली न होने के चलते उन्हें वापस कर दिया गया।
केस- 2
महराजगंज के रामशरन को भर्ती कराने के लिए तीमारदार 12.10 बजे ओपीडी से इमरजेंसी ले आए। मेडिसिन के डॉक्टर ने भर्ती करने की सलाह दी थी। उन्हें भी बेड खाली न होने के चलते लौटा दिया गया।
गोरखपुर। बारिश के बाद तल्ख हुए मौसम ने जिला अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ा दी है। जिला अस्पताल के विभिन्न वार्डों के बेड फुल हो गए हैं। बुधवार को दोपहर 12 बजे के बाद बेड न होने से भर्ती होने आए मरीजों को वापस करना पड़ा।
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जिला अस्पताल की ओपीडी में रोजाना औसतन करीब 1500 मरीज आते हैं। लेकिन इधर एक सप्ताह से यह संख्या करीब 22 सौ तक पहुंच गई है। बुधवार को भी ओपीडी में करीब दो हजार मरीज पहुंचे। अस्पताल में तिल रखने भर की जगह नहीं थी। रजिस्ट्रेशन काउंटर पर लंबी लाइन खिड़की बंद होने तक बनी रही। दूसरी ओर गंभीर मरीज सीधे इमरजेंसी में भी पहुंचते रहे। ओपीडी से लेकर इमरजेंसी तक से 12 बजे तक ही मरीजों को अस्पताल में भर्ती किया गया। इसके बाद बेड फुल होने की जानकारी देकर मरीजों से भर्ती करने में असमर्थता जता दी गई।
मरीजों को लौटाए जाने की जानकारी नहीं है। वैकल्पिक व्यवस्था कराकर मरीज का इलाज करना अस्पताल प्रशासन की जिम्मेदारी है। ऐसा हुआ है तो यह गंभीर मामला है। जांच कराई जाएगी।
- डॉ. आरके गुप्ता, एसआईसी, जिला अस्पताल
8 जुलाई - 2000 मरीज
9 जुलाई - 2100 के पार
10 जुलाई - 2200 मरीज
11 जुलाई - 21 से 22सौ के बीच
12 जुलाई - 2100
13 जुलाई - 2000
14 जुलाई - 1800
15 जुलाई - रविवार
16 जुलाई - 2000 के पार
17 जुलाई - 2100
मियां बाजार की शीला गौड़ को जिला अस्पताल की ओपीडी से दिखाकर उनके परिवार के लोग भर्ती करने 12:05 बजे इमरजेंसी पहुंचे। यहां बेड खाली न होने के चलते उन्हें वापस कर दिया गया।
केस- 2
महराजगंज के रामशरन को भर्ती कराने के लिए तीमारदार 12.10 बजे ओपीडी से इमरजेंसी ले आए। मेडिसिन के डॉक्टर ने भर्ती करने की सलाह दी थी। उन्हें भी बेड खाली न होने के चलते लौटा दिया गया।
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गोरखपुर। बारिश के बाद तल्ख हुए मौसम ने जिला अस्पताल में मरीजों की संख्या बढ़ा दी है। जिला अस्पताल के विभिन्न वार्डों के बेड फुल हो गए हैं। बुधवार को दोपहर 12 बजे के बाद बेड न होने से भर्ती होने आए मरीजों को वापस करना पड़ा।
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जिला अस्पताल की ओपीडी में रोजाना औसतन करीब 1500 मरीज आते हैं। लेकिन इधर एक सप्ताह से यह संख्या करीब 22 सौ तक पहुंच गई है। बुधवार को भी ओपीडी में करीब दो हजार मरीज पहुंचे। अस्पताल में तिल रखने भर की जगह नहीं थी। रजिस्ट्रेशन काउंटर पर लंबी लाइन खिड़की बंद होने तक बनी रही। दूसरी ओर गंभीर मरीज सीधे इमरजेंसी में भी पहुंचते रहे। ओपीडी से लेकर इमरजेंसी तक से 12 बजे तक ही मरीजों को अस्पताल में भर्ती किया गया। इसके बाद बेड फुल होने की जानकारी देकर मरीजों से भर्ती करने में असमर्थता जता दी गई।
बढ़ता गया लोड, नहीं बढ़े संसाधन
1908 में बने जिला अस्पताल की क्षमता 305 बेड है। अंतिम बार बेड की संख्या कब बढ़ाई गई, इस बारे में कोई जानकारी नहीं है। लगातार शहर की आबादी बढ़ती बढ़ने के बाद भी यहां संसाधन नहीं बढ़े।मरीजों को लौटाए जाने की जानकारी नहीं है। वैकल्पिक व्यवस्था कराकर मरीज का इलाज करना अस्पताल प्रशासन की जिम्मेदारी है। ऐसा हुआ है तो यह गंभीर मामला है। जांच कराई जाएगी।
- डॉ. आरके गुप्ता, एसआईसी, जिला अस्पताल
बीते 10 दिन में मरीजों की संख्या
8 जुलाई - 2000 मरीज
9 जुलाई - 2100 के पार
10 जुलाई - 2200 मरीज
11 जुलाई - 21 से 22सौ के बीच
12 जुलाई - 2100
13 जुलाई - 2000
14 जुलाई - 1800
15 जुलाई - रविवार
16 जुलाई - 2000 के पार
17 जुलाई - 2100