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जांच के आदेश से मची खलबली
Updated Sun, 16 Jul 2017 11:47 PM IST
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कुशीनगर। राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) हाटा में 3.20 करोड़ रुपये के उपकरण खरीद में अनियमितता के मामले में प्राचार्य के निलंबन और जांच के आदेश के बाद संबंधित कर्मचारियों में खलबली मच गई है। इस बीच निलंबित प्राचार्य की जगह अब नए प्राचार्य ने आईटीआई का कार्यभार संभाल लिया है।
आईटीआई हाटा भवन अभी निर्माणाधीन है। इसके नाम पर कुल 18 ट्रेडों में प्रशिक्षण पडरौना आईटीआई में दिया जाता है। हाटा आईटीआई भवन बनने से पहले ही तत्कालीन प्राचार्य ने दिसंबर 2015 में 3.20 करोड़ रुपये के उपकरणों की खरीदारी कर ली थी, जिन्हें नौरंगिया आईटीआई में रखा गया था। नियम विरुद्ध तरीके से टेंडर जारी करके खरीदे गए साज-सज्जा, उपकरण एवं संयंत्रों को हाटा से करीब 60 किलोमीटर दूर नौरंगिया आईटीआई में रखा गया था। गड़बड़ी की जांच के लिए शासन ने टीम गठित की थी। रिपोर्ट मिलने के बाद प्रथम दृष्टया शासन ने गंभीर अनियमितता मानते हुए प्राचार्य अमित कुमार मद्धेसिया को निलंबित करते हुए प्रशिक्षण एवं सेवायोजन निदेशालय लखनऊ से संबद्ध कर दिया था।
उधर, इस मामले की जांच सीडीओ को सौंपी गई है। सात जुलाई को नौरंगिया आईटीआई के प्राचार्य पद की जिम्मेदारी संभालने वाले मसूद इशरत ने अब हाटा और पडरौना सहित सभी राजकीय आईटीआई का चार्ज संभाल लिया है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक महकमे में एक साथ हुई कई तब्दीली से उपकरण खरीद में शामिल कर्मचारियों में खलबली मच गई है। नए प्राचार्य मसूद इशरत ने बताया कि इस मामले की जांच सीडीओ करेंगे। जांच में उनका पूरा सहयोग किया जाएगा। इस जांच में उनकी तरफ से जो भी अभिलेख और सूचनाएं मांगी जाएंगी, उन्हें उपलब्ध कराई जाएंगी।
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आईटीआई हाटा भवन अभी निर्माणाधीन है। इसके नाम पर कुल 18 ट्रेडों में प्रशिक्षण पडरौना आईटीआई में दिया जाता है। हाटा आईटीआई भवन बनने से पहले ही तत्कालीन प्राचार्य ने दिसंबर 2015 में 3.20 करोड़ रुपये के उपकरणों की खरीदारी कर ली थी, जिन्हें नौरंगिया आईटीआई में रखा गया था। नियम विरुद्ध तरीके से टेंडर जारी करके खरीदे गए साज-सज्जा, उपकरण एवं संयंत्रों को हाटा से करीब 60 किलोमीटर दूर नौरंगिया आईटीआई में रखा गया था। गड़बड़ी की जांच के लिए शासन ने टीम गठित की थी। रिपोर्ट मिलने के बाद प्रथम दृष्टया शासन ने गंभीर अनियमितता मानते हुए प्राचार्य अमित कुमार मद्धेसिया को निलंबित करते हुए प्रशिक्षण एवं सेवायोजन निदेशालय लखनऊ से संबद्ध कर दिया था।
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उधर, इस मामले की जांच सीडीओ को सौंपी गई है। सात जुलाई को नौरंगिया आईटीआई के प्राचार्य पद की जिम्मेदारी संभालने वाले मसूद इशरत ने अब हाटा और पडरौना सहित सभी राजकीय आईटीआई का चार्ज संभाल लिया है। विभागीय सूत्रों के मुताबिक महकमे में एक साथ हुई कई तब्दीली से उपकरण खरीद में शामिल कर्मचारियों में खलबली मच गई है। नए प्राचार्य मसूद इशरत ने बताया कि इस मामले की जांच सीडीओ करेंगे। जांच में उनका पूरा सहयोग किया जाएगा। इस जांच में उनकी तरफ से जो भी अभिलेख और सूचनाएं मांगी जाएंगी, उन्हें उपलब्ध कराई जाएंगी।
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