{"_id":"5787d6cc4f1c1b217913d9e2","slug":"demand-for-action-against-gram-pradhan","type":"story","status":"publish","title_hn":"सत्येन्द्र के इलाज का खर्च सरकार उठाए ","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सत्येन्द्र के इलाज का खर्च सरकार उठाए
ब्यूरो/अमर उजाला,गाजीपुर
Updated Thu, 14 Jul 2016 11:45 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सैदपुर में आयोजित सूबे के लोक निर्माण विकास मंत्री शिवपाल सिंह यादव की सभा में युवक द्वारा आत्महत्या का प्रयास करने के बावजूद कोटेदार और ग्राम प्रधान पर अब तक कार्रवाई न किये जाने से नाराज प्रगतिशील मानव समाज पार्टी ने गुरुवार को सरजू पांडेय पार्क में अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस मौके पर महामंत्री दुर्विजय बिंद ने कहा कि सरकार सत्येंद्र के इलाज का खर्च उठाए और दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई करे।
उन्होंने कहा कि पीड़ित सत्येंद्र अपना प्रार्थना पत्र कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव को देना चाहता था, लेकिन विपक्षी के कहने पर जिला प्रशासन ने सत्येंद्र को ज्ञापन नहीं देने दिया। इससे तंग आकर सत्येंद्र ने आत्मदाह की धमकी दी, लेकिन प्रशासन ने उसकी एक न सुनी। आजिज होकर सत्येंद्र ने आग लगा ली। सरकार से न्याय नहीं मिला। सरकार की पूरी जिम्मेदारी बनती है कि सत्येन्द्र के उपचार का खर्च उठाए और उसके परिवार को मुआवजा भी दे। कहा कि उसका उपचार वाराणसी में चल रहा है जहां वह जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहा है। इस अवसर पर संतोष कुमार बिंद, निर्मला बलवंत, डा. रामउग्रह बिंद, दधिबल बिंद, मूलचंद बिंद, सुरेन्द्र बिंद, पूर्णमासी बिंद, नगदू बिंद, अवधेश बिंद एवं ज्ञानेन्द्र मौजूद थे।
विज्ञापन
उन्होंने कहा कि पीड़ित सत्येंद्र अपना प्रार्थना पत्र कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव को देना चाहता था, लेकिन विपक्षी के कहने पर जिला प्रशासन ने सत्येंद्र को ज्ञापन नहीं देने दिया। इससे तंग आकर सत्येंद्र ने आत्मदाह की धमकी दी, लेकिन प्रशासन ने उसकी एक न सुनी। आजिज होकर सत्येंद्र ने आग लगा ली। सरकार से न्याय नहीं मिला। सरकार की पूरी जिम्मेदारी बनती है कि सत्येन्द्र के उपचार का खर्च उठाए और उसके परिवार को मुआवजा भी दे। कहा कि उसका उपचार वाराणसी में चल रहा है जहां वह जिंदगी और मौत के बीच संघर्ष कर रहा है। इस अवसर पर संतोष कुमार बिंद, निर्मला बलवंत, डा. रामउग्रह बिंद, दधिबल बिंद, मूलचंद बिंद, सुरेन्द्र बिंद, पूर्णमासी बिंद, नगदू बिंद, अवधेश बिंद एवं ज्ञानेन्द्र मौजूद थे।
विज्ञापन