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Firozabad News: शव पहुंचते ही चीखों में बदल गया सन्नाटा
Wed, 14 Feb 2024 12:03 AM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फिरोजाबाद
Updated Wed, 14 Feb 2024 12:03 AM IST
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शिकोहाबाद/फिरोजाबाद। यमुना एक्सप्रेस-वे पर हुए हादसे में शिकोहाबाद शहर के दो युवक व फिरोजाबाद के तीन युवकों के जिंदा जलने के बाद पांचों घरों में मातम छाया हुआ है। देर रात सभी के शव परिजन लेकर आए। देर रात ही परिजन ने शव का अंतिम संस्कार किया।
शहर के शंभुनगर निवासी अंशुमन यादव, हिमांशू व उनके साथ फिरोजाबाद के तीन युवक मुश्ताक मंजिल निवासी मोहम्मद जैद, राजपूताना निवासी सरबर हुसैन, सुहागनगर निवासी शिवकिशन भी मोबाइल एप के माध्यम से कार में सवार हुए थे। सभी दिल्ली एक ही कार से जा रहे थे। कार अंशुमान चला रहा था। एक्सप्रेस-वे पर मथुरा के महावन थाना क्षेत्र में खड़ी बस से कार टकरा गई, जिससे कार में आग लग गई। इसमें कार सवार पांचों युवक जिंदा जल गए थे। शवों की किसी तरह शिनाख्त कर परिजन को सुपुर्द किया गया।
अंशुमन का शव उसके पिता मनोज यादव रात करीब 10:30 बजे मथुरा से सीधे अपने पैतृक गांव ककरारा थाना जसराना लेकर पहुंचे। वहीं हिमांशू का शव उसका भाई सचिन, ताऊ श्यामेंद्र यादव एवं पिता वीरेंद्र यादव रात 11:45 बजे अपने पैतृक गांव पिडसरा थाना अरांव लेकर पहुंचे। वहीं फिरोजाबाद के शिवकिशन का शव भी रात करीब 11 बजे आया। रात में ही बड़े भाई दीपक ने जलेसर रोड स्थित शमशान घाट पर अंतिम संस्कार किया। जबकि रात करीब 10 बजे जैद खान का शव घर पहुंचा। इसके बाद रात करीब 12 बजे मुस्तान बिल्डिंग कब्रिस्तान में सुपुर्दे खाक किया गया। सरबर हुसैन के शव का सुपुर्दे ए खाक मस्तान का तकिया कब्रिस्तान पैमेश्वर गेट में करीब 12 बजे किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
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जैसे ही इन युवकों के शव घर पहुंचे तो सन्नाटा टूट गया। महिलाओं की चीखें निकल गईं। परिजन ही नहीं बल्कि आसपास के लोग भी इस दर्दनाक हादसे के चलते स्तब्ध थे। महिलाओं की चीख-पुकार सुनकर वहां मौजूद सैकड़ों लोगों की आंखें नम हो गईं। हिमांशू के परिजन अंतिम संस्कार के बाद शिकोहाबाद के एटा रोड स्थित हरदयाल कोल्ड स्टोर के पास अपने पैतृक घर पर आ गए।
हिमांशू की शादी के कार्ड बंट चुके थे
शिकोहाबाद। अंशुमन के परिवार में उसकी पत्नी विशाखा, छोटी बहन अंशिका एवं मां पुष्पा देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। अंशुमन की शादी 2023 में हुई थी। वहीं हिमांशू का पूरा परिवार ही इस घटना से बिखर गया। उसकी 12 मार्च को सिरसागंज के गांव किसरांव में शादी होनी थी। परिजन के अनुसार शादी के कार्ड भी बंट चुके थे, लेकिन इस हादसे के बाद सब कुछ बिखर गया। आर्किटेक होने के कारण घर का नक्शा भी खुद ही बनाया था। उसी के अनुसार ही वह मकान खुद ही बनवा रहा था।
पांच लाख रुपये सहायता राशि दिलाने की मांग
सदर विधायक मनीष असीजा ने मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर यमुना एक्सप्रेस वे पर पांच लोगों की मौत पर दुख जताया है। वहीं सभी मृतक के परिजन को मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता कोष से पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता दिलाए जाने की मांग की है।
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शहर के शंभुनगर निवासी अंशुमन यादव, हिमांशू व उनके साथ फिरोजाबाद के तीन युवक मुश्ताक मंजिल निवासी मोहम्मद जैद, राजपूताना निवासी सरबर हुसैन, सुहागनगर निवासी शिवकिशन भी मोबाइल एप के माध्यम से कार में सवार हुए थे। सभी दिल्ली एक ही कार से जा रहे थे। कार अंशुमान चला रहा था। एक्सप्रेस-वे पर मथुरा के महावन थाना क्षेत्र में खड़ी बस से कार टकरा गई, जिससे कार में आग लग गई। इसमें कार सवार पांचों युवक जिंदा जल गए थे। शवों की किसी तरह शिनाख्त कर परिजन को सुपुर्द किया गया।
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अंशुमन का शव उसके पिता मनोज यादव रात करीब 10:30 बजे मथुरा से सीधे अपने पैतृक गांव ककरारा थाना जसराना लेकर पहुंचे। वहीं हिमांशू का शव उसका भाई सचिन, ताऊ श्यामेंद्र यादव एवं पिता वीरेंद्र यादव रात 11:45 बजे अपने पैतृक गांव पिडसरा थाना अरांव लेकर पहुंचे। वहीं फिरोजाबाद के शिवकिशन का शव भी रात करीब 11 बजे आया। रात में ही बड़े भाई दीपक ने जलेसर रोड स्थित शमशान घाट पर अंतिम संस्कार किया। जबकि रात करीब 10 बजे जैद खान का शव घर पहुंचा। इसके बाद रात करीब 12 बजे मुस्तान बिल्डिंग कब्रिस्तान में सुपुर्दे खाक किया गया। सरबर हुसैन के शव का सुपुर्दे ए खाक मस्तान का तकिया कब्रिस्तान पैमेश्वर गेट में करीब 12 बजे किया गया। इस दौरान बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे।
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जैसे ही इन युवकों के शव घर पहुंचे तो सन्नाटा टूट गया। महिलाओं की चीखें निकल गईं। परिजन ही नहीं बल्कि आसपास के लोग भी इस दर्दनाक हादसे के चलते स्तब्ध थे। महिलाओं की चीख-पुकार सुनकर वहां मौजूद सैकड़ों लोगों की आंखें नम हो गईं। हिमांशू के परिजन अंतिम संस्कार के बाद शिकोहाबाद के एटा रोड स्थित हरदयाल कोल्ड स्टोर के पास अपने पैतृक घर पर आ गए।
हिमांशू की शादी के कार्ड बंट चुके थे
शिकोहाबाद। अंशुमन के परिवार में उसकी पत्नी विशाखा, छोटी बहन अंशिका एवं मां पुष्पा देवी का रो-रोकर बुरा हाल है। अंशुमन की शादी 2023 में हुई थी। वहीं हिमांशू का पूरा परिवार ही इस घटना से बिखर गया। उसकी 12 मार्च को सिरसागंज के गांव किसरांव में शादी होनी थी। परिजन के अनुसार शादी के कार्ड भी बंट चुके थे, लेकिन इस हादसे के बाद सब कुछ बिखर गया। आर्किटेक होने के कारण घर का नक्शा भी खुद ही बनाया था। उसी के अनुसार ही वह मकान खुद ही बनवा रहा था।
पांच लाख रुपये सहायता राशि दिलाने की मांग
सदर विधायक मनीष असीजा ने मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर यमुना एक्सप्रेस वे पर पांच लोगों की मौत पर दुख जताया है। वहीं सभी मृतक के परिजन को मुख्यमंत्री आर्थिक सहायता कोष से पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता दिलाए जाने की मांग की है।