{"_id":"6ac1563baf9824fb0f0cdff0","slug":"risk-of-leaf-folder-pest-on-paddy-increases-fatehpur-news-c-217-1-srv1001-163729-2026-10-04","type":"story","status":"publish","title_hn":"Fatehpur News: धान पर पत्ती लपेटक कीट का खतरा बढ़ा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Fatehpur News: धान पर पत्ती लपेटक कीट का खतरा बढ़ा
विज्ञापन
फतेहपुर। अतिवृष्टि के बाद तापमान बढ़ने और वातावरण में नमी अधिक होने से धान की फसल में पत्ती लपेटक कीट का प्रकोप बढ़ने की आशंका है। इससे किसानों को आर्थिक नुकसान हो सकता है।
जिला कृषि रक्षा अधिकारी रंजीत कुमार ने किसानों को फसल निगरानी व बचाव के उपाय अपनाने को कहा। पत्ती लपेटक कीट की सूंडी रेशमी धागे से पत्ती के किनारों को जोड़कर अंदर छिप जाती है। शुरूआती प्रकोप में 10-12 मीटर लंबी रस्सी से फसल खींचने पर सूंडियां नष्ट होती हैं।
किसानों को खेत में अधिक नाइट्रोजन और यूरिया का इस्तेमाल न करने के लिए कहा गया है। अधिक यूरिया से पत्तियां कोमल होकर कीट प्रकोप बढ़ा सकती हैं। खेत की मेड़ों और आसपास के खरपतवार भी साफ रखें। प्रकोप होने पर नीम का तेल (3-5 मिलीलीटर/लीटर पानी) या बैसिलस थुरिजिएंसिस (1-1.5 ग्राम/लीटर पानी) का छिड़काव करें।
विज्ञापन
विज्ञापन
जिला कृषि रक्षा अधिकारी रंजीत कुमार ने किसानों को फसल निगरानी व बचाव के उपाय अपनाने को कहा। पत्ती लपेटक कीट की सूंडी रेशमी धागे से पत्ती के किनारों को जोड़कर अंदर छिप जाती है। शुरूआती प्रकोप में 10-12 मीटर लंबी रस्सी से फसल खींचने पर सूंडियां नष्ट होती हैं।
विज्ञापन
किसानों को खेत में अधिक नाइट्रोजन और यूरिया का इस्तेमाल न करने के लिए कहा गया है। अधिक यूरिया से पत्तियां कोमल होकर कीट प्रकोप बढ़ा सकती हैं। खेत की मेड़ों और आसपास के खरपतवार भी साफ रखें। प्रकोप होने पर नीम का तेल (3-5 मिलीलीटर/लीटर पानी) या बैसिलस थुरिजिएंसिस (1-1.5 ग्राम/लीटर पानी) का छिड़काव करें।
विज्ञापन