{"_id":"6ace7a96d178f146af0d0bfa","slug":"six-officials-including-an-sdo-and-a-je-implicated-in-granting-a-connection-based-on-a-forged-affidavit-farrukhabad-news-c-22-1-sknp1018-112141-2026-10-14","type":"story","status":"publish","title_hn":"Farrukhabad News: फर्जी शपथ पत्र पर कनेक्शन देने में एसडीओ, जेई समेत छह फंसे","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Farrukhabad News: फर्जी शपथ पत्र पर कनेक्शन देने में एसडीओ, जेई समेत छह फंसे
विज्ञापन
फर्रुखाबाद। फर्जी शपथ पत्र पर बिजली कनेक्शन देने में मऊदरवाजा थाने के मानिकपुर निवासी रघुनंदन सिंह ने कोर्ट के आदेश पर बिजली विभाग के एसडीओ, जेई, संविदा कर्मी और तीन परिजन पर प्राथमिकी दर्ज कराई है। उन्होंने कहा कि सांठगांठ करके मां की जमीन पर बनी दुकानों पर आरोपी कब्जा करना और कराना चाहते हैं।
रघुनंदन ने भतीजे प्रवीण कुमार, अमन कुमार, कृपाल सिंह और उपखंड अधिकारी (एसडीओ) मो. शमीम अहमद, अवर अभियंता (जेई) सुशील कुमार और संविदा कर्मी प्रवल मिश्रा पर प्राथमिकी दर्ज कराई।
इसमें कहा कि मां दुलारी देवी ने अपने खेत में बनी 10 दुकानों को पांचों बेटों को दो-दो बांट दी थीं। छोटे भाई कृपाल व उसके बेटों ने विश्वास में लेकर प्रार्थी की दो दुकानें ले लीं। वापस मांगने पर गाली-गलौज व जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद बिजली विभाग के अधिकारियों से मिलीभगत कर फर्जी कूटरचित शपथ पत्र बनाकर सुमन देवी के नाम से बिना एनओसी व स्वामित्व प्रमाण के घरेलू कनेक्शन ले लिया। भतीजे देवेंद्र सिंह ने आईजीआरएस पर शिकायत की तो आरोपियों ने मिलकर उसे वाणिज्यिक कनेक्शन में बदल कर गलत तरीके से मामले का निस्तारण कर दिया। शपथ पत्र पर नोटरी की मुहर व हस्ताक्षर भी फर्जी बताए गए हैं।
विज्ञापन
पीड़ित ने कहा कि इसकी थाना पुलिस के अलावा एसपी को भी रजिस्ट्री से शिकायत की, मगर कोई सुनवाई नहीं हुई। थानाध्यक्ष अजब सिंह ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन
रघुनंदन ने भतीजे प्रवीण कुमार, अमन कुमार, कृपाल सिंह और उपखंड अधिकारी (एसडीओ) मो. शमीम अहमद, अवर अभियंता (जेई) सुशील कुमार और संविदा कर्मी प्रवल मिश्रा पर प्राथमिकी दर्ज कराई।
विज्ञापन
इसमें कहा कि मां दुलारी देवी ने अपने खेत में बनी 10 दुकानों को पांचों बेटों को दो-दो बांट दी थीं। छोटे भाई कृपाल व उसके बेटों ने विश्वास में लेकर प्रार्थी की दो दुकानें ले लीं। वापस मांगने पर गाली-गलौज व जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद बिजली विभाग के अधिकारियों से मिलीभगत कर फर्जी कूटरचित शपथ पत्र बनाकर सुमन देवी के नाम से बिना एनओसी व स्वामित्व प्रमाण के घरेलू कनेक्शन ले लिया। भतीजे देवेंद्र सिंह ने आईजीआरएस पर शिकायत की तो आरोपियों ने मिलकर उसे वाणिज्यिक कनेक्शन में बदल कर गलत तरीके से मामले का निस्तारण कर दिया। शपथ पत्र पर नोटरी की मुहर व हस्ताक्षर भी फर्जी बताए गए हैं।
विज्ञापन
पीड़ित ने कहा कि इसकी थाना पुलिस के अलावा एसपी को भी रजिस्ट्री से शिकायत की, मगर कोई सुनवाई नहीं हुई। थानाध्यक्ष अजब सिंह ने बताया कि कोर्ट के आदेश पर प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।