फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Farrukhabad News ›   Farrukhabad: Seven convicts sentenced to life imprisonment after 15 years in murder case

Farrukhabad: हत्या के मामले में 15 साल बाद सात दोषियों को उम्रकैद, रंजिश में दिया था अपराध को अंजाम

Fri, 22 Aug 2025 02:32 AM IST
दुष्यंत शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, फर्रुखाबाद
अमर उजाला नेटवर्क, फर्रुखाबाद Published by: दुष्यंत शर्मा Updated Fri, 22 Aug 2025 02:32 AM IST
सार

मामले की सुनवाई कर विशेष न्यायाधीश पॉक्सो प्रथम मेराज अहमद ने हत्या में सात लोगों को दोषी ठहराया। प्रत्येक दोषी को उम्र कैद की सजा सुनाई। सभी पर दो लाख तेईस हजार रुपये जुर्माना लगाया।

विज्ञापन
Farrukhabad: Seven convicts sentenced to life imprisonment after 15 years in murder case
कोर्ट से सजा सुनाए जाने के बाद पुलिस हिरासत में जेल जाते दोषी। - फोटो : संवाद

विस्तार

15 वर्ष पूर्व रंजिश में गांव के सात लोगों ने मारपीट व फायरिंग कर परिवार के छह लोगों को घायल कर दिया था। इलाज के दौरान एक की मौत हो गई थी। मामले की सुनवाई कर विशेष न्यायाधीश पॉक्सो प्रथम मेराज अहमद ने हत्या में सात लोगों को दोषी ठहराया। प्रत्येक दोषी को उम्र कैद की सजा सुनाई। सभी पर दो लाख तेईस हजार रुपये जुर्माना लगाया।

विज्ञापन


थाना कमालगंज क्षेत्र के गांव कुन्दन नगला निवासी फूल सिंह पुत्र लालमन ने गांव के ही सात लोगों के खिलाफ हत्या के प्रयास की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि 13 जुलाई 2010 को शाम करीब 6 बजे पुरानी रंजिश के चलते सुरेंद्र सिंह पुत्र मुंशीलाल अपने पिता की लाइसेंसी बंदूक लेकर भाई रामरतन, साथी पवन व माखनलाल पुत्र रामपाल, रामपाल व मुंशीलाल पुत्र रामचन्द्र व नवरतन पुत्र नामालूम तमंचों और देशी बंदूक लेकर आए। 
विज्ञापन


उसके चचेरे भाई राजबहादुर पर जान से मारने की नीयत से फायर झोंक दिया। गोली लगते ही राजबहादुर घायल होकर गिर पड़ा। बचाने दौड़े परिवार के ग्रीश, विमनेश उर्फ गोरेलाल, अशोक, नंंदराम, विकास व मां सुखदेवी भी गोलियों की चपेट में आकर घायल हो गई। आरोपियों ने गालियां देते हुए ताबड़तोड़ फायरिंग की। जिससे पूरे गांव में अफरा-तफरी मच गई। चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे। आरोपी फायर करते हुए भाग निकले। 
विज्ञापन
विज्ञापन


ग्रामीणों की मदद से सभी घायलों को इलाज के लिए लोहिया अस्पताल ले जाया गया। जहां इलाज के दौरान चचेरे भाई राजबहादुर की मौत हो गई। पुलिस ने रिपोर्ट हत्या के अपराध में तरमीम कर जांच की। विवेचक ने विवेचना पूरी कर सात के खिलाफ न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया। 


अभियोजन पक्ष की ओर से तेज सिंह राजपूत ने दलीलें दीं। मामले की सुनवाई कर रहे एडीजे नौ मेराज अहमद ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनी। गवाह व साक्ष्य के आधार पर सभी को हत्या के मामले में दोषी ठहराया। प्रत्येक दोषी को उम्र कैद की सजा सुनाई। साथ ही सभी पर दो लाख तेईस हजार रुपये जुर्माना लगाया। जुर्माना अदा न करने पर एक माह अतिरिक्त कारावास का प्रावधान किया।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed