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Ayodhya News: मुहूर्त से पहले उमड़ी आस्था की लहर
Tue, 21 Nov 2023 12:07 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Tue, 21 Nov 2023 12:07 AM IST
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अयोध्या। शुभ मुहूर्त की प्रतीक्षा। टिक-टिक करती घड़ी की सूइयां। उसी ओर श्रद्धालुओं की निगाह, लेकिन भीतर ही भीतर आस्था उमड़-घुमड़ रही थी। उनके कदम तो ठहरे थे, लेकिन अंतर्मन में बह रही भावनाओं की सलिला श्रद्धालुओं के चेहरे पर बयां हो रही थी। दर्जन भर से ज्यादा स्थानों पर अंतर्मन में लहराती आस्था की लहर आखिरकार मुहूर्त से पहले ही छलक उठी। आस्था का समुद्र परिक्रमा पथ पर जगह-जगह लहराने लगा।
ये दृश्य अयोध्या की 14 कोस की आध्यात्मिक परिधि का था। 14 कोसी परिक्रमा शुरू होने के साथ ही कार्तिक मेला शुरू हो चुका है। परिक्रमा का मुहूर्त 20 नवंबर की रात 2:09 बजे से था, लेकिन श्रद्धालुओं ने रात करीब एक बजे से ही परिक्रमा शुरू कर दी। रात जैसे-जैसे सघन होती गई, श्रद्धालुओं का कारवां भी बढ़ता गया। भोर हाेते-होते रामनगरी के 14 कोस की परिधि अटूट मानव-श्रृंखला में बंध सी गई। गगनभेदी जयघोष की सामूहिक आध्यात्मिक स्वरों से 14 कोसी परिक्रमा पथ गुंजायमान होने लगा। दर्शननगर, भीखापुर, देवकाली, जनौरा, नाका हनुमानगढ़ी, मोदहा, सिविल लाइंस स्थित हनुमान मंदिर, सआदतगंज, अफीम कोठी, नयाघाट आदि स्थानों से श्रद्धालुओं ने पूरे भक्ति की रौ में परिक्रमा करना शुरू कर दिया है।
श्रद्धालुओं की सेवा के लिए जगह-जगह सेवा शिविर भी लगाए गए हैं। जलपान से लेकर चिकित्सा के पूरे इतंजाम परिक्रमा पथ पर खूब किए गए हैं। वहीं, रामनगरी में यातायात प्रतिबंध लागू करते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। नयाघाट स्थित कंट्रोल रूम में जिले के आला अधिकारी मंडलायुक्त गौरव दयाल, डीएम नितीश कुमार, आईजी प्रवीण कुमार, एसएसपी राजकरण नय्यर ने कैंप कर रखा है, पूरे मेला क्षेत्र की पल-पल निगरानी की जा रही है।
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एक दिन पहले ही मठ-मंदिरों में जुट गए श्रद्धालु
आस्था के पथ को नापने के लिए रामनगरी में दोपहर से ही श्रद्धालु जुटने लगे थे। शाम होने तक सरयू घाटों से लेकर मठ-मंदिर भक्तों से गुलजार हो उठे। ट्रेन व बसों समेत ट्रैक्टर-ट्रालियों में श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ने लगा। बड़ी संख्या में श्रद्धालु रविवार को ही अपने गुरु स्थानों, मठ-मंदिर, आश्रम व धर्मशालाओं में आकर रुक गए थे। श्रद्धालुओं ने सोमवार की सुबह सरयू स्नान कर विभिन्न मंदिरों में दर्शन-पूजन किया और दिन में आराम कर रात में परिक्रमा शुरू की।
कार्तिक परिक्रमा मेले के इंतजाम
एटीएस की निगरानी में परिक्रमा होगी
सीसीटीवी से पूरे मेला क्षेत्र की निगरानी
सरयू के घाटों पर जल पुलिस व गोताखोरों की तैनाती
प्रमुख मठ-मंदिरों पर अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था
पूरे पथ पर जगह-जगह पुलिस के साथ सुरक्षा बल तैनात
परिक्रमा पथ पर 15 स्थानों पर चिकित्सा शिविर
परिक्रमा क्षेत्र में 10 स्थानों पर एंबुलेंस
परिक्रमा क्षेत्र में पांच स्थानों पर खोया-पाया कैंप
नयाघाट पर मेला कंट्रोल रूम की स्थापना
जगह-जगह सामाजिक संस्थाओं के शिविर
भीड़ नियंत्रण के लिए परिक्रमा पथ पर बैरीकेडिंग
रामनगरी में भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित
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ये दृश्य अयोध्या की 14 कोस की आध्यात्मिक परिधि का था। 14 कोसी परिक्रमा शुरू होने के साथ ही कार्तिक मेला शुरू हो चुका है। परिक्रमा का मुहूर्त 20 नवंबर की रात 2:09 बजे से था, लेकिन श्रद्धालुओं ने रात करीब एक बजे से ही परिक्रमा शुरू कर दी। रात जैसे-जैसे सघन होती गई, श्रद्धालुओं का कारवां भी बढ़ता गया। भोर हाेते-होते रामनगरी के 14 कोस की परिधि अटूट मानव-श्रृंखला में बंध सी गई। गगनभेदी जयघोष की सामूहिक आध्यात्मिक स्वरों से 14 कोसी परिक्रमा पथ गुंजायमान होने लगा। दर्शननगर, भीखापुर, देवकाली, जनौरा, नाका हनुमानगढ़ी, मोदहा, सिविल लाइंस स्थित हनुमान मंदिर, सआदतगंज, अफीम कोठी, नयाघाट आदि स्थानों से श्रद्धालुओं ने पूरे भक्ति की रौ में परिक्रमा करना शुरू कर दिया है।
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श्रद्धालुओं की सेवा के लिए जगह-जगह सेवा शिविर भी लगाए गए हैं। जलपान से लेकर चिकित्सा के पूरे इतंजाम परिक्रमा पथ पर खूब किए गए हैं। वहीं, रामनगरी में यातायात प्रतिबंध लागू करते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। नयाघाट स्थित कंट्रोल रूम में जिले के आला अधिकारी मंडलायुक्त गौरव दयाल, डीएम नितीश कुमार, आईजी प्रवीण कुमार, एसएसपी राजकरण नय्यर ने कैंप कर रखा है, पूरे मेला क्षेत्र की पल-पल निगरानी की जा रही है।
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एक दिन पहले ही मठ-मंदिरों में जुट गए श्रद्धालु
आस्था के पथ को नापने के लिए रामनगरी में दोपहर से ही श्रद्धालु जुटने लगे थे। शाम होने तक सरयू घाटों से लेकर मठ-मंदिर भक्तों से गुलजार हो उठे। ट्रेन व बसों समेत ट्रैक्टर-ट्रालियों में श्रद्धालुओं का हुजूम उमड़ने लगा। बड़ी संख्या में श्रद्धालु रविवार को ही अपने गुरु स्थानों, मठ-मंदिर, आश्रम व धर्मशालाओं में आकर रुक गए थे। श्रद्धालुओं ने सोमवार की सुबह सरयू स्नान कर विभिन्न मंदिरों में दर्शन-पूजन किया और दिन में आराम कर रात में परिक्रमा शुरू की।
कार्तिक परिक्रमा मेले के इंतजाम
एटीएस की निगरानी में परिक्रमा होगी
सीसीटीवी से पूरे मेला क्षेत्र की निगरानी
सरयू के घाटों पर जल पुलिस व गोताखोरों की तैनाती
प्रमुख मठ-मंदिरों पर अतिरिक्त सुरक्षा व्यवस्था
पूरे पथ पर जगह-जगह पुलिस के साथ सुरक्षा बल तैनात
परिक्रमा पथ पर 15 स्थानों पर चिकित्सा शिविर
परिक्रमा क्षेत्र में 10 स्थानों पर एंबुलेंस
परिक्रमा क्षेत्र में पांच स्थानों पर खोया-पाया कैंप
नयाघाट पर मेला कंट्रोल रूम की स्थापना
जगह-जगह सामाजिक संस्थाओं के शिविर
भीड़ नियंत्रण के लिए परिक्रमा पथ पर बैरीकेडिंग
रामनगरी में भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित