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यातायात बहाल करने को तीन हजार सुरक्षा कर्मियों ने बहाया पसीना
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अयोध्या। चौदहकोसी परिक्रमा पथ पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम दिखे। सरयू स्नान घाट समेत अन्य प्रमुख स्थलों पर अर्धसैनिक बल व पीएसी के जवान तैनात रहे। करीब 45 किमी. के इस पथ पर करीब तीन हजार सुरक्षाकर्मी लगे हैं।
श्रद्धालुओं को बैरियर पर कुछ देर रोककर चौराहों-तिराहों पर शहरवासियों को आने-जाने में सहूलियत देकर यातायात सुचारु बनाए रखा। इसके साथ ही प्रत्येक जोन व सेक्टर में मजिस्ट्रेट, स्टैटिक मजिस्ट्रेट, एएसपी व डीएसपी स्तर के अधिकारी तैनात रहे।
यह अधिकारी पैदल भ्रमण करते रहे। अयोध्या के नयाघाट स्थित बंधा तिराहा परिक्रमा उठाने का मुख्य स्थल है। ज्यादातर श्रद्धालु सरयू स्नान कर यहीं से परिक्रमा की शुरूआत करते हैं।
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इस दौरान के चारों ओर भारी सुरक्षा बल तैनात था। बाईपास जाने वाले रास्ते पर बैरियर लगाकर सिर्फ पैदल श्रद्धालुओं को आने-जाने दिया जा रहा था। यहां तैनात पुलिसकर्मी लोगों लगातार चलने की हिदायत देते रहे। पूछे जाने पर लोगों को रास्ता भी बताया।
लखनऊ-गोरखपुर हाईवे पर स्थित बूथ नंबर-4 पर बैरियर लगाकर श्रद्धालुओं को हाईवे पर जाने से रोका जाता रहा। परिक्रमाथियों के लिए हाईवे के नीचे अंडरपास परिक्रमा पथ बनाया गया था।
यहां पर लगे तीन बैरियरों के अलावा अंडरपास के नीचे भी सुरक्षाकर्मी तैनात रहे। मोदहा रेलवे क्रॉसिंग के दोनों ओर बैरियर लगाए गए थे। इन बैरियरों पर मजिस्ट्रेट व पुलिस अधिकारियों के साथ पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था।
रेलवे की मुख्य क्रॉसिंग पर आरपीएफ व जीआरपी तैनात रही। ट्रेन आने से पांच मिनट पूर्व ही करीब 25 मीटर दूर लगे बैरियर पर ही श्रद्धालुओं को रोक दिया जाता रहा।
शहर से लखनऊ जाने वाले मार्ग के बीच में पड़ने वाले इस चौराहे पर दोनों तरफ बैरियर लगाकर वाहनों का आवागमन रोका गया था। इन बैरियरों के अलावा चौराहे के दोनों ओर परिक्रमा मार्ग पर भारी सुरक्षा बल तैनात रहा।
एसएसपी शैलेश पांडेय ने परिक्रमा मार्ग पर कई स्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने परिक्रमाथियों से बात भी की व सुरक्षा में तैनात कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
एसएसपी ने बताया कि पूरा मेला क्षेत्र की सीसीटीवी से निगरानी की जा रही है। सभी जोन व सेक्टर के अधिकारियों से पल-पल की खबर ली जा रही है।
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श्रद्धालुओं को बैरियर पर कुछ देर रोककर चौराहों-तिराहों पर शहरवासियों को आने-जाने में सहूलियत देकर यातायात सुचारु बनाए रखा। इसके साथ ही प्रत्येक जोन व सेक्टर में मजिस्ट्रेट, स्टैटिक मजिस्ट्रेट, एएसपी व डीएसपी स्तर के अधिकारी तैनात रहे।
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यह अधिकारी पैदल भ्रमण करते रहे। अयोध्या के नयाघाट स्थित बंधा तिराहा परिक्रमा उठाने का मुख्य स्थल है। ज्यादातर श्रद्धालु सरयू स्नान कर यहीं से परिक्रमा की शुरूआत करते हैं।
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इस दौरान के चारों ओर भारी सुरक्षा बल तैनात था। बाईपास जाने वाले रास्ते पर बैरियर लगाकर सिर्फ पैदल श्रद्धालुओं को आने-जाने दिया जा रहा था। यहां तैनात पुलिसकर्मी लोगों लगातार चलने की हिदायत देते रहे। पूछे जाने पर लोगों को रास्ता भी बताया।
लखनऊ-गोरखपुर हाईवे पर स्थित बूथ नंबर-4 पर बैरियर लगाकर श्रद्धालुओं को हाईवे पर जाने से रोका जाता रहा। परिक्रमाथियों के लिए हाईवे के नीचे अंडरपास परिक्रमा पथ बनाया गया था।
यहां पर लगे तीन बैरियरों के अलावा अंडरपास के नीचे भी सुरक्षाकर्मी तैनात रहे। मोदहा रेलवे क्रॉसिंग के दोनों ओर बैरियर लगाए गए थे। इन बैरियरों पर मजिस्ट्रेट व पुलिस अधिकारियों के साथ पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया था।
रेलवे की मुख्य क्रॉसिंग पर आरपीएफ व जीआरपी तैनात रही। ट्रेन आने से पांच मिनट पूर्व ही करीब 25 मीटर दूर लगे बैरियर पर ही श्रद्धालुओं को रोक दिया जाता रहा।
शहर से लखनऊ जाने वाले मार्ग के बीच में पड़ने वाले इस चौराहे पर दोनों तरफ बैरियर लगाकर वाहनों का आवागमन रोका गया था। इन बैरियरों के अलावा चौराहे के दोनों ओर परिक्रमा मार्ग पर भारी सुरक्षा बल तैनात रहा।
एसएसपी शैलेश पांडेय ने परिक्रमा मार्ग पर कई स्थानों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने परिक्रमाथियों से बात भी की व सुरक्षा में तैनात कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
एसएसपी ने बताया कि पूरा मेला क्षेत्र की सीसीटीवी से निगरानी की जा रही है। सभी जोन व सेक्टर के अधिकारियों से पल-पल की खबर ली जा रही है।