{"_id":"62893557c8af4f3aa8594699","slug":"swami-demands-to-remove-worship-act-sends-letter-to-pm-modi-faizabad-news-lko631661255","type":"story","status":"publish","title_hn":"पीएम मोदी से की पूजा स्थल कानून को समाप्त करने की मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
पीएम मोदी से की पूजा स्थल कानून को समाप्त करने की मांग
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
अयोध्या। ज्ञानवापी मस्जिद विवाद के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर पूजा स्थल कानून धारा-1991 को समाप्त करने की मांग की गई है। तपस्वी छावनी के जगद्गुरू परमहंसाचार्य ने प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर उक्त कानून को समाप्त करने की अपील की है।
परमहंसाचार्य का आरोप है कि यह कानून उस समय बनाया गया था जब कांग्रेस सत्ता में थी। इसलिए इसे तत्काल समाप्त कर जनता के हितों में होने वाले कानून बनाए जाएं। परमहंसाचार्य ने कहा कि कांग्रेस के समय में पूजा स्थल अधिनियम 1991 बना था। उसको समाप्त करने के लिए आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र भेजा है।
साथ ही अंग्रेजों के द्वारा भी बनाए गए कानून को समाप्त करके और राष्ट्रहित का ध्यान रखते हुए जनसंख्या कानून, समान नागरिक संहिता, गौ रक्षा जैसे कानूनों को बनाने की आवश्यकता है। जिस प्रकार से आबादी बढ़ रही है, यह देश के लिए घातक और चिंताजनक है। (संवाद)
विज्ञापन
विज्ञापन
परमहंसाचार्य का आरोप है कि यह कानून उस समय बनाया गया था जब कांग्रेस सत्ता में थी। इसलिए इसे तत्काल समाप्त कर जनता के हितों में होने वाले कानून बनाए जाएं। परमहंसाचार्य ने कहा कि कांग्रेस के समय में पूजा स्थल अधिनियम 1991 बना था। उसको समाप्त करने के लिए आज प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र भेजा है।
विज्ञापन
साथ ही अंग्रेजों के द्वारा भी बनाए गए कानून को समाप्त करके और राष्ट्रहित का ध्यान रखते हुए जनसंख्या कानून, समान नागरिक संहिता, गौ रक्षा जैसे कानूनों को बनाने की आवश्यकता है। जिस प्रकार से आबादी बढ़ रही है, यह देश के लिए घातक और चिंताजनक है। (संवाद)
विज्ञापन