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Ayodhya News: झूठी गवाही देने पर वादी के खिलाफ केस
Thu, 17 Aug 2023 12:06 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Thu, 17 Aug 2023 12:06 AM IST
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अयोध्या। दलित उत्पीड़न के एक मामले में झूठी गवाही देने में कोर्ट ने वादी के खिलाफ प्रकीर्णवाद दर्ज करने का आदेश दिया है। कोर्ट ने दोनों आरोपियों को दोषमुक्त कर दिया है। एफआईआर दर्ज होने के बाद मिली अनुदान की धनराशि को वसूलने के लिए निर्णय की प्रति जिलाधिकारी को भेजने का आदेश दिया है। यह आदेश विशेष न्यायाधीश एससी एसटी एक्ट राकेश कुमार की अदालत से हुआ है।
एससी-एसटी एक्ट के विशेष लोक अभियोजक नरसिंह नारायण उपाध्याय तथा लालमणि तिवारी ने बताया कि 10 सितंबर 2017 को कैंट थाना क्षेत्र के मऊयदुवंशपुर दीपापुर के दलित रविंद्र कुमार बीमार होने के कारण घर पर थे। घर के अन्य लोग खेत गए थे। सुबह आठ बजे गांव के दुर्गेश मालवीय तथा उसके भाई सिंटू मालवीय उनके घर पर गए और जातिसूचक गालियां देते हुए कहा कि धान की निराई करने के लिए क्यों नहीं आए। इसके बाद उन्हें मारा-पीटा। इसकी रिपोर्ट उसने दोनों के खिलाफ दर्ज कराई थी। पुलिस ने सगे भाइयों के खिलाफ आरोप पत्र अदालत में प्रस्तुत किया। अदालत में गवाही देने के वक्त रविंद्र कुमार ने मारपीट की घटना को झूठी बताया। इस पर कोर्ट ने दोनों अभियुक्तों को दोषमुक्त कर दिया और वादी रविंद्र कुमार के खिलाफ दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 344 के तहत प्रकीर्ण बार दर्ज करने तथा केस दर्ज करते समय प्राप्त हुई अनुदान की धनराशि को वसूलने के लिए निर्णय की प्रति जिलाधिकारी को भेजने का आदेश दिया है। संवाद
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एससी-एसटी एक्ट के विशेष लोक अभियोजक नरसिंह नारायण उपाध्याय तथा लालमणि तिवारी ने बताया कि 10 सितंबर 2017 को कैंट थाना क्षेत्र के मऊयदुवंशपुर दीपापुर के दलित रविंद्र कुमार बीमार होने के कारण घर पर थे। घर के अन्य लोग खेत गए थे। सुबह आठ बजे गांव के दुर्गेश मालवीय तथा उसके भाई सिंटू मालवीय उनके घर पर गए और जातिसूचक गालियां देते हुए कहा कि धान की निराई करने के लिए क्यों नहीं आए। इसके बाद उन्हें मारा-पीटा। इसकी रिपोर्ट उसने दोनों के खिलाफ दर्ज कराई थी। पुलिस ने सगे भाइयों के खिलाफ आरोप पत्र अदालत में प्रस्तुत किया। अदालत में गवाही देने के वक्त रविंद्र कुमार ने मारपीट की घटना को झूठी बताया। इस पर कोर्ट ने दोनों अभियुक्तों को दोषमुक्त कर दिया और वादी रविंद्र कुमार के खिलाफ दंड प्रक्रिया संहिता की धारा 344 के तहत प्रकीर्ण बार दर्ज करने तथा केस दर्ज करते समय प्राप्त हुई अनुदान की धनराशि को वसूलने के लिए निर्णय की प्रति जिलाधिकारी को भेजने का आदेश दिया है। संवाद
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