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गर्मियों की शुरुआत से ही बढ़ी आग लगने की घटनाएं
Updated Sun, 04 Mar 2018 11:00 PM IST
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संसाधन व स्टाफ की कमी से जूझ रहा अग्निशमन विभाग
फैजाबाद। गर्मी की आहट के साथ ही जनपद में आगजनी की घटनाओं में वृद्धि होने लगी है। तीन सप्ताह में जिले के रुदौली, मवई, पटरंगा, सोहावल, हैदरगंज व शहर समेत कई इलाकों में आग लगने से कई छप्पर व मकान जल गए। ऐसे में ऐसे में स्टाफ व संसाधनों की कमी से जूझ रहा अग्निशमन विभाग का इस पर काबू पाना आसान नहीं दिखता। 10 फरवरी से होली तक जनपद में आगजनी की करीब 15 घटनाएं सामने आ चुकी हैं। हालांकि इनमें कोई जनहानि नहीं हुई लेकिन कई गरीबों के आशियाने उजड़ गए। 12 फरवरी को मवई के सैछपुर चौकी के कसारी मजरे बनिया गांव में चूल्हे की चिंगारी से एक घर जला। 21 फरवरी को सोहावल के रूपासी मजरे पूरे दत्ता का मिश्र गांव में आग से एक घर राख हो गया। 23 फरवरी को रुदौली के कैथी मांझा गांव में आग से दो छप्पर जलकर राख हो गए। इन सभी मामलों में अग्निशमन दस्ता पहुंचा तो जरूर लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। मौजूदा समय में विभाग के पास छोटी-बड़ी कुल 15 गाड़ियां हैं। इनमें से तीन गाड़ियां स्थाई रूप से अयोध्या के विवादित परिसर की सुरक्षा में तैनात है। इन तीन गाड़ियों का अति आवश्यक स्थिति में रिसीवर की अनुमति से ही प्रयोग किया जाता है। क्विक रिस्पांस टाइम कम करने के लिए विभाग द्वारा ग्रामीण इलाकों की पांचों तहसीलों पर फायर ब्रिगेड के अस्थाई कार्यालयों पर आग बुझाने वाली छोटी व बड़ी गाड़ियां रखी गई हैं। इसके अलावा थाना महराजगंज में एक फायर टेंडर खड़ा किया गया है। यह जनसंख्या व क्षेत्रफल के सापेक्ष अपर्याप्त है। इसके अलावा यदि मैन पॉवर की बात करें तो सृजित पदों के सापेक्ष नियुक्तियां भी कम है।
मौजूद संसाधन
फायर टेंडर 9 (7 बड़े व 2 छोटे)
फाम टेंडर 2 (पेट्रोल पंप आदि पर आग से काबू पाने के लिए)
वाटर ब्राउजर 1 (8 हजार लीटर)
फायर हंटर 2 (5 हजार लीटर)
फायर हंटर छोटी 1 (2.5 हजार लीटर)
स्टाफ पर एक नजर-
पद नाम सृजित पद तैनात
अग्निशमन अधिकारी 01 01
सहा. अग्निशमन अधिकारी 05 01
लीडिंग फायरमैन 16 07
चालक 17 15
फायरमैन 103 84
नोट-इसके अतिरिक्त 80 अनट्रेंड होमगार्ड भी तैनात।
संसाधनों को दुरुस्त करने का काम शुरू
मार्च से जून माह तक आगजनी की घटनाओं में वृद्धि होने से पूर्व विभाग द्वारा मौजूद संसाधनों को दुरुस्त करने का काम शुरू कर दिया गया है। इसके विभाग द्वारा बैठकों व सेमिनार के माध्यम से आम लोगों को आग से बचाव के उपाय व आग लगने के समय तत्काल किए जाने वाले उपायों के बारे में बताया जा रहा है। एफएसओ के अनुसार ये कार्रवाई 15 फरवरी से प्रारंभ कर दी गई है।
ग्रामीण इलाकों में क्विक रिस्पांस टाइम कम करने के लिए जिले के ग्रामीण इलाकों की तहसीलों पर फायर ब्रिगेड की गाड़ियां तैनात की गई हैं। गर्मियों में आगजनी की घटनाओं में वृद्धि होने की संभावना से पूर्व इंतजाम दुरुस्त किए जा रहे हैं। संसाधनों व स्टाफ की कमी जरूर है, शासन को पत्र लिखा गया है, उम्मीद है कि जल्द ही व्यवस्थाएं पूर्ण होंगी।-राजकिशोर राय, मुख्य अग्निशमन अधिकारी, फैजाबाद।
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फैजाबाद। गर्मी की आहट के साथ ही जनपद में आगजनी की घटनाओं में वृद्धि होने लगी है। तीन सप्ताह में जिले के रुदौली, मवई, पटरंगा, सोहावल, हैदरगंज व शहर समेत कई इलाकों में आग लगने से कई छप्पर व मकान जल गए। ऐसे में ऐसे में स्टाफ व संसाधनों की कमी से जूझ रहा अग्निशमन विभाग का इस पर काबू पाना आसान नहीं दिखता। 10 फरवरी से होली तक जनपद में आगजनी की करीब 15 घटनाएं सामने आ चुकी हैं। हालांकि इनमें कोई जनहानि नहीं हुई लेकिन कई गरीबों के आशियाने उजड़ गए। 12 फरवरी को मवई के सैछपुर चौकी के कसारी मजरे बनिया गांव में चूल्हे की चिंगारी से एक घर जला। 21 फरवरी को सोहावल के रूपासी मजरे पूरे दत्ता का मिश्र गांव में आग से एक घर राख हो गया। 23 फरवरी को रुदौली के कैथी मांझा गांव में आग से दो छप्पर जलकर राख हो गए। इन सभी मामलों में अग्निशमन दस्ता पहुंचा तो जरूर लेकिन तब तक देर हो चुकी थी। मौजूदा समय में विभाग के पास छोटी-बड़ी कुल 15 गाड़ियां हैं। इनमें से तीन गाड़ियां स्थाई रूप से अयोध्या के विवादित परिसर की सुरक्षा में तैनात है। इन तीन गाड़ियों का अति आवश्यक स्थिति में रिसीवर की अनुमति से ही प्रयोग किया जाता है। क्विक रिस्पांस टाइम कम करने के लिए विभाग द्वारा ग्रामीण इलाकों की पांचों तहसीलों पर फायर ब्रिगेड के अस्थाई कार्यालयों पर आग बुझाने वाली छोटी व बड़ी गाड़ियां रखी गई हैं। इसके अलावा थाना महराजगंज में एक फायर टेंडर खड़ा किया गया है। यह जनसंख्या व क्षेत्रफल के सापेक्ष अपर्याप्त है। इसके अलावा यदि मैन पॉवर की बात करें तो सृजित पदों के सापेक्ष नियुक्तियां भी कम है।
मौजूद संसाधन
फायर टेंडर 9 (7 बड़े व 2 छोटे)
फाम टेंडर 2 (पेट्रोल पंप आदि पर आग से काबू पाने के लिए)
वाटर ब्राउजर 1 (8 हजार लीटर)
फायर हंटर 2 (5 हजार लीटर)
फायर हंटर छोटी 1 (2.5 हजार लीटर)
स्टाफ पर एक नजर-
पद नाम सृजित पद तैनात
अग्निशमन अधिकारी 01 01
सहा. अग्निशमन अधिकारी 05 01
लीडिंग फायरमैन 16 07
चालक 17 15
फायरमैन 103 84
नोट-इसके अतिरिक्त 80 अनट्रेंड होमगार्ड भी तैनात।
संसाधनों को दुरुस्त करने का काम शुरू
मार्च से जून माह तक आगजनी की घटनाओं में वृद्धि होने से पूर्व विभाग द्वारा मौजूद संसाधनों को दुरुस्त करने का काम शुरू कर दिया गया है। इसके विभाग द्वारा बैठकों व सेमिनार के माध्यम से आम लोगों को आग से बचाव के उपाय व आग लगने के समय तत्काल किए जाने वाले उपायों के बारे में बताया जा रहा है। एफएसओ के अनुसार ये कार्रवाई 15 फरवरी से प्रारंभ कर दी गई है।
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ग्रामीण इलाकों में क्विक रिस्पांस टाइम कम करने के लिए जिले के ग्रामीण इलाकों की तहसीलों पर फायर ब्रिगेड की गाड़ियां तैनात की गई हैं। गर्मियों में आगजनी की घटनाओं में वृद्धि होने की संभावना से पूर्व इंतजाम दुरुस्त किए जा रहे हैं। संसाधनों व स्टाफ की कमी जरूर है, शासन को पत्र लिखा गया है, उम्मीद है कि जल्द ही व्यवस्थाएं पूर्ण होंगी।-राजकिशोर राय, मुख्य अग्निशमन अधिकारी, फैजाबाद।
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