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गेहूं की सिंचाई के समय कृषि विवि में हो रही धान की कटाई
Updated Mon, 18 Dec 2017 10:45 PM IST
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मिल्कीपुर। किसानों के लिए ज्ञान का मंदिर कहे जाने वाला नरेंद्र देव कृषि विश्वविद्यालय खुद अव्यवस्था का शिकार है। यहां नामी कृषि वैज्ञानिक है, जो किसानों को लगातार उन्नत खेती के तरीके से रू-ब-रू कराते रहते हैं। इसके बाद भी यहां अब धान की कटाई की जा रही है।
विश्वविद्यालय के अधीन कई अन्य जगहों पर तो अभी धान की फसल लहलहा रही है। इन जगहों पर कटान भी नहीं शुरू हो सकी है। बता दें, इस समय किसान गेहूं की बोआई कर सिंचाई कार्य में लगे हुए हैं।
नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय कुमारगंज के अकमा परिक्षेत्र में अब धान की कटाई शुरू की गई है, जबकि विश्वविद्यालय में प्रगतिशील किसान खेती करने का ज्ञान लेने के लिए कृषि वैज्ञानिकों से जानकारी लेने आते रहते हैं।
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जहां कृषि विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक उन्हें समय-समय पर खरीफ व रबी की फसल की बोओई की जानकारियां देते रहते हैं। दूसरी ओर विश्वविद्यालय के अन्य फार्म बिरौली, टिप्टी, नागीपुर में अभी धान की फसल की कटान शुरू नहीं हो सकी है।
लाखों रुपए खर्च करने के बाद तैयार धान की फसल को विश्वविद्यालय प्रशासन ने समय से कटाई व मड़ाई नहीं करा रहा है। धान की फसल को गाय, भैंस, बकरियां रौंद रही हैं। वहां पर मौजूद कर्मचारी भी मूकदर्शक बने हुए हैं।
फार्म की रखवाली कर रहा चौकीदार सतदेव यादव से पूछा गया तो उसने बताया कि फार्म इंचार्ज चंद्रभान पांडे कहीं गए हैं। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर अख्तर हसीब ने कहा कि मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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विश्वविद्यालय के अधीन कई अन्य जगहों पर तो अभी धान की फसल लहलहा रही है। इन जगहों पर कटान भी नहीं शुरू हो सकी है। बता दें, इस समय किसान गेहूं की बोआई कर सिंचाई कार्य में लगे हुए हैं।
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नरेंद्र देव कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय कुमारगंज के अकमा परिक्षेत्र में अब धान की कटाई शुरू की गई है, जबकि विश्वविद्यालय में प्रगतिशील किसान खेती करने का ज्ञान लेने के लिए कृषि वैज्ञानिकों से जानकारी लेने आते रहते हैं।
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जहां कृषि विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक उन्हें समय-समय पर खरीफ व रबी की फसल की बोओई की जानकारियां देते रहते हैं। दूसरी ओर विश्वविद्यालय के अन्य फार्म बिरौली, टिप्टी, नागीपुर में अभी धान की फसल की कटान शुरू नहीं हो सकी है।
लाखों रुपए खर्च करने के बाद तैयार धान की फसल को विश्वविद्यालय प्रशासन ने समय से कटाई व मड़ाई नहीं करा रहा है। धान की फसल को गाय, भैंस, बकरियां रौंद रही हैं। वहां पर मौजूद कर्मचारी भी मूकदर्शक बने हुए हैं।
फार्म की रखवाली कर रहा चौकीदार सतदेव यादव से पूछा गया तो उसने बताया कि फार्म इंचार्ज चंद्रभान पांडे कहीं गए हैं। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर अख्तर हसीब ने कहा कि मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।