{"_id":"5824aa0c4f1c1bc932b39918","slug":"deleted-in-line-with-the-general-and-specific-difference","type":"story","status":"publish","title_hn":"कतार में मिटा आम और खास का फर्क","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कतार में मिटा आम और खास का फर्क
देवरिया
Updated Thu, 10 Nov 2016 10:40 PM IST
विज्ञापन
रुद्रपुर के बैंक में नोट बदलने और जमा करने को लगी लंबी लाइन।
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
देवरिया। एक दिन की बंदी के बाद गुरुवार को बैंक की शाखाओं के खुलने से पहले ही लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। हर कोई बड़े नोट के बदले छोटे नोट हासिल करने की फिराक में था। कई बैंकों में आधार और पैन कार्ड के जरिए रुपये जमा किए जा रहे थे। इसके चलते खाताधारकों ने हंगामा कर दिया। कतार में घंटों खड़े रहने के बाद 100 और 50 रुपये के नोट मिल सके।
उधर, प्रधान डाकघर के अलावा अन्य उप डाकघरों में दोपहर तक रुपये नहीं आएं।
शहर के अधिकांश बैंक की शाखाओं में अतिरिक्त काउंटर खोले गए। सुबह नौ बजे लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। आधे घंटे में यह संख्या सैकड़ों में पहुंच गई। चैनल खुलते ही काउंटर पर खड़ा होने के लिए अफरातफरी मच गई। लोगों के तेवर को देखते हुए काउंटर पर अनुभवी कर्मियों को तैनात किया गया। कई जगहों पर एहतियातन बैंक शाखा के बाहर काउंटर खोला गया। रुपये हासिल करने के लिए आम और खास वर्ग का फर्क मिट गया। आम के साथ खास लोगों ने कतार में खड़े होकर 500 और 1000 रुपये का नोट जमा किए।
राघवनगर स्थित एक बैंक में सुरक्षा के लिए तैनात एक दरोगा जी प्रबंधक के पास पहुंचे, उन्होंने रुपये जमा कराने की गुजारिश की। प्रबंधक ने जमा पर्ची को देखा तो बोले कि यह क्या है। कहा कि अभी आएं थे। बात बढ़ता देख बोले कतार में खड़ा रहना पड़ेगा।
विज्ञापन
राघवनगर स्थित एसबीआई की शाखा में अतिरिक्त काउंटर खोले गए। कलेक्ट्रेट परिसर स्थित पूर्वांचल बैंक में कर्मचारियों की भीड़ देखने को मिली। शहर के अंसारी रोड स्थित इलाहाबाद बैंक, सिंडिकेट बैंक, आईडीबीआई, कॉर्पोरेशन, केनरा, इंडियन बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स के अलावा पीएनबी सिविल लाइंस और स्टेशन रोड आदि बैंकों में भीड़ देखने को मिली।
ग्राहकों के सवालों का जवाब देने में बैंक प्रबंधक हलकान रहे। घंटों कतार में खड़े होने के बाद रुपये मिल सके। बैतालपुर, गौरीबाजार, महुआडीह, बलटिकरा, देसही देवरिया, रामपुर कारखाना, तरकुलवा, बघौचघाट, पथरदेवा, रामपुर अवस्थी के अलावा रुद्रपुर, भाटपाररानी, सलेमपुर, बरहज आदि तहसील इलाकों के बैंकों में ऐसा ही माहौल देखने को मिला।
विज्ञापन
उधर, प्रधान डाकघर के अलावा अन्य उप डाकघरों में दोपहर तक रुपये नहीं आएं।
शहर के अधिकांश बैंक की शाखाओं में अतिरिक्त काउंटर खोले गए। सुबह नौ बजे लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया। आधे घंटे में यह संख्या सैकड़ों में पहुंच गई। चैनल खुलते ही काउंटर पर खड़ा होने के लिए अफरातफरी मच गई। लोगों के तेवर को देखते हुए काउंटर पर अनुभवी कर्मियों को तैनात किया गया। कई जगहों पर एहतियातन बैंक शाखा के बाहर काउंटर खोला गया। रुपये हासिल करने के लिए आम और खास वर्ग का फर्क मिट गया। आम के साथ खास लोगों ने कतार में खड़े होकर 500 और 1000 रुपये का नोट जमा किए।
विज्ञापन
राघवनगर स्थित एक बैंक में सुरक्षा के लिए तैनात एक दरोगा जी प्रबंधक के पास पहुंचे, उन्होंने रुपये जमा कराने की गुजारिश की। प्रबंधक ने जमा पर्ची को देखा तो बोले कि यह क्या है। कहा कि अभी आएं थे। बात बढ़ता देख बोले कतार में खड़ा रहना पड़ेगा।
विज्ञापन
राघवनगर स्थित एसबीआई की शाखा में अतिरिक्त काउंटर खोले गए। कलेक्ट्रेट परिसर स्थित पूर्वांचल बैंक में कर्मचारियों की भीड़ देखने को मिली। शहर के अंसारी रोड स्थित इलाहाबाद बैंक, सिंडिकेट बैंक, आईडीबीआई, कॉर्पोरेशन, केनरा, इंडियन बैंक, बैंक ऑफ इंडिया, ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स के अलावा पीएनबी सिविल लाइंस और स्टेशन रोड आदि बैंकों में भीड़ देखने को मिली।
ग्राहकों के सवालों का जवाब देने में बैंक प्रबंधक हलकान रहे। घंटों कतार में खड़े होने के बाद रुपये मिल सके। बैतालपुर, गौरीबाजार, महुआडीह, बलटिकरा, देसही देवरिया, रामपुर कारखाना, तरकुलवा, बघौचघाट, पथरदेवा, रामपुर अवस्थी के अलावा रुद्रपुर, भाटपाररानी, सलेमपुर, बरहज आदि तहसील इलाकों के बैंकों में ऐसा ही माहौल देखने को मिला।