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ठगी हुई, जांच शुरू
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चित्रकूट। शहर के मुख्य डाकघर के फर्जी एजेंट बनकर कई लोगों से लाखों की ठगी करने वाले फर्जी एजेंट की धोखाधड़ी का मामला सामने आने पर रोज नए लोग सामने आ रहे हैं। कोतवाली व डाकघर पहुंचे चार लोगों ने बताया कि फर्जी एजेंट ने उनके साथ लगभग 14 लाख की धोखाधड़ी की है। उधर, डाक अधीक्षक ने विभागीय कर्मचारियों से पूछताछ कर अभिलेखों की जांच की है।
सोमवार को बगरेही निवासी करतार सिंह, मायादेवी, भौंरी निवासी गुलशन कुमार व ब्यूर निवासी गुल्लू प्रसाद आदि ने कोतवाली व डाकघर आकर अपनी पास बुक व रसीदें दिखाई। बताया कि उनका भी एजेंट रविंद्र कुमार था। डाकघर काउंटर में बैठे कर्मचारियों ने पास बुक देखकर बताया कि यह खाता नंबर उनके यहां नहीं है यह फर्जी है। इसके बाद सभी कोतवाली पहुंचे। कोतवाल राजीव कुमार ने बताया कि इन सभी के कागजात व प्रार्थना पत्र लेकर पहले दर्ज की गई रिपेार्ट में ही शामिल किया जाएगा।
अभी पुलिस टीम फर्जी एजेंट की तलाश कर रही है।
उधर, इस गंभीर प्रकरण में विभागीय अधिकारी अलर्ट हो गए हैं। डाक अधीक्षक इंद्र कुमार और सहायक डाक अधीक्षक एसडी मिश्र के साथ मिलकर पूरे अभिलेखों की जांच पड़ताल की। कुछ कर्मचारियों से भी पूछताछ की है।
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सोमवार को बगरेही निवासी करतार सिंह, मायादेवी, भौंरी निवासी गुलशन कुमार व ब्यूर निवासी गुल्लू प्रसाद आदि ने कोतवाली व डाकघर आकर अपनी पास बुक व रसीदें दिखाई। बताया कि उनका भी एजेंट रविंद्र कुमार था। डाकघर काउंटर में बैठे कर्मचारियों ने पास बुक देखकर बताया कि यह खाता नंबर उनके यहां नहीं है यह फर्जी है। इसके बाद सभी कोतवाली पहुंचे। कोतवाल राजीव कुमार ने बताया कि इन सभी के कागजात व प्रार्थना पत्र लेकर पहले दर्ज की गई रिपेार्ट में ही शामिल किया जाएगा।
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अभी पुलिस टीम फर्जी एजेंट की तलाश कर रही है।
उधर, इस गंभीर प्रकरण में विभागीय अधिकारी अलर्ट हो गए हैं। डाक अधीक्षक इंद्र कुमार और सहायक डाक अधीक्षक एसडी मिश्र के साथ मिलकर पूरे अभिलेखों की जांच पड़ताल की। कुछ कर्मचारियों से भी पूछताछ की है।
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