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कुशल नेतृत्वकर्ता थे कामता प्रसाद
चंदौली ब्यूरो, अमर उजाला
Updated Thu, 18 Aug 2016 01:33 AM IST
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अमर शहीद बालिका इंटर कालेज शहीदगांव में वर्ष 42 में धानापुर कांड के नायक, पूर्व विधायक व विद्यालय के संस्थापक कामता प्रसाद विद्यार्थी की पुण्यतिथि को निर्वाण दिवस के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर उनके व्यक्तित्व व कृतित्व पर आयोजित संभाषण प्रतियोगिता में बच्चों ने प्रतिभाग किया। श्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले बच्चों को पुरस्कृत किया गया।
कामता प्रसाद के व्यक्तित्व पर चर्चा में बच्चों ने कहा कि कामता प्रसाद विद्यार्थी एक कुशल नेतृत्वकर्ता थे। उनकी अगुआई में आजादी से 5 वर्ष पूर्व ही आजाद हिन्दुस्तान की नींव रखी गयी। तमाम बाधाओं और विषमताओं के बावजूद ब्रिटिश हुकूमत उन्हें अपने लक्ष्य से भटका न सकी। आजादी के बाद उन्होंने सामाजिक पिछड़ेपन को शिक्षा के माध्यम से दूर करने का बीड़ा उठाया और बालक व बालिकाओं के लिए दो विद्यालयों व कुटीर उद्योग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ग़ांधी आश्रम की स्थापना की। वह आजीवन समाज को आर्थिक व आध्यात्मिक चेतना से जोड़ते रहे। प्रतियोगिता में अमर शहीद विद्यामंदिर इंटर कालेज, अमर शहीद बालिका इंटर कालेज व सत्यम चिल्ड्रेन एकेडमी शहीदगांव के बच्चों ने प्रतिभाग किया। जिसमे रानू सिंह प्रथम, प्रीति मौर्या द्वितीय, ख़ुशी व आयुषी संयुक्त रूप से तृतीय स्थान पर रहीं। वहीं ऋचा सिंह, रोशन सिंह व संस्कृति को सांत्वना पुरस्कार मिला। इस मौके पर डा. रामजी मिश्रा, डा. आनंद विद्यार्थी, डा. नागेन्द्र मिश्रा, डा. वन्दना विद्यार्थी, मदनपाल सिंह, रंजीता किरण, रूपा श्रीवास्तव, पूनम सिंह आदि रहे।
चंचला श्रीवास्तव, उमा सिंह, लालबहादुर सिंह सहित तमाम लोग उपस्थित थे।
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कामता प्रसाद के व्यक्तित्व पर चर्चा में बच्चों ने कहा कि कामता प्रसाद विद्यार्थी एक कुशल नेतृत्वकर्ता थे। उनकी अगुआई में आजादी से 5 वर्ष पूर्व ही आजाद हिन्दुस्तान की नींव रखी गयी। तमाम बाधाओं और विषमताओं के बावजूद ब्रिटिश हुकूमत उन्हें अपने लक्ष्य से भटका न सकी। आजादी के बाद उन्होंने सामाजिक पिछड़ेपन को शिक्षा के माध्यम से दूर करने का बीड़ा उठाया और बालक व बालिकाओं के लिए दो विद्यालयों व कुटीर उद्योग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ग़ांधी आश्रम की स्थापना की। वह आजीवन समाज को आर्थिक व आध्यात्मिक चेतना से जोड़ते रहे। प्रतियोगिता में अमर शहीद विद्यामंदिर इंटर कालेज, अमर शहीद बालिका इंटर कालेज व सत्यम चिल्ड्रेन एकेडमी शहीदगांव के बच्चों ने प्रतिभाग किया। जिसमे रानू सिंह प्रथम, प्रीति मौर्या द्वितीय, ख़ुशी व आयुषी संयुक्त रूप से तृतीय स्थान पर रहीं। वहीं ऋचा सिंह, रोशन सिंह व संस्कृति को सांत्वना पुरस्कार मिला। इस मौके पर डा. रामजी मिश्रा, डा. आनंद विद्यार्थी, डा. नागेन्द्र मिश्रा, डा. वन्दना विद्यार्थी, मदनपाल सिंह, रंजीता किरण, रूपा श्रीवास्तव, पूनम सिंह आदि रहे।
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चंचला श्रीवास्तव, उमा सिंह, लालबहादुर सिंह सहित तमाम लोग उपस्थित थे।