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Bulandshahar News: धान का उचित भाव न मिलने पर किसानों ने मंडी में दिया धरना
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शिकारपुर। गल्ला मंडी में धान का उचित भाव न मिलने का आरोप लगाकर किसान सभा के कार्यकर्ताओं ने धरना दिया। उन्होंने मंडी सचिव के समक्ष किसानों की समस्याएं रखीं। मंडी सचिव ने जल्द समस्याओं को दूर करने का आश्वासन दिया।
किसान सभा के मंडल सचिव जयभगवान शर्मा ने कहा कि शिकारपुर मंडी में किसानों के धान को ओने-पौने दामों में लूटा जा रहा है। जिस धान का चावल बाजार में 100 रुपये किलो बिक रहा है, उस धान का रेट किसान को मात्र 12 रुपये से 20 रुपये किलो मिल रहा है। उस पर भी व्यापारी सरेआम किसानों के धान को 100 किलो में 105 किलो तौल रहे हैं। उन्होंने कहा कि धान की तौल के बाद किसानों को वजन व रेट की हाथ से सादा कागज पर लिखी एक कच्ची पर्ची पकड़ा दी जाती है। जिसका कोई कानूनी अर्थ नहीं होता है।
इस प्रकार व्यापारी किसानों के साथ ही सरकार को भी चूना लगाया जा रहा है। दूसरी ओर किसानों से मंडी शुल्क के नाम पर अवैध वसूली की जा रही है। जबकि मंडी में किसानों से आढ़त काटने का कोई प्रावधान नहीं है। मांगों से संबंधित ज्ञापन मंडी सचिव को सौंपा गया। धरने में अर्जुन सिंह, वीरपाल सिंह, मांगेराम त्यागी, तुंगल सिंह और सुभाष सिंह आदि शामिल रहे।
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किसान सभा के मंडल सचिव जयभगवान शर्मा ने कहा कि शिकारपुर मंडी में किसानों के धान को ओने-पौने दामों में लूटा जा रहा है। जिस धान का चावल बाजार में 100 रुपये किलो बिक रहा है, उस धान का रेट किसान को मात्र 12 रुपये से 20 रुपये किलो मिल रहा है। उस पर भी व्यापारी सरेआम किसानों के धान को 100 किलो में 105 किलो तौल रहे हैं। उन्होंने कहा कि धान की तौल के बाद किसानों को वजन व रेट की हाथ से सादा कागज पर लिखी एक कच्ची पर्ची पकड़ा दी जाती है। जिसका कोई कानूनी अर्थ नहीं होता है।
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इस प्रकार व्यापारी किसानों के साथ ही सरकार को भी चूना लगाया जा रहा है। दूसरी ओर किसानों से मंडी शुल्क के नाम पर अवैध वसूली की जा रही है। जबकि मंडी में किसानों से आढ़त काटने का कोई प्रावधान नहीं है। मांगों से संबंधित ज्ञापन मंडी सचिव को सौंपा गया। धरने में अर्जुन सिंह, वीरपाल सिंह, मांगेराम त्यागी, तुंगल सिंह और सुभाष सिंह आदि शामिल रहे।
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