मातम में बदलीं दो बेटियों की शादी की खुशियां: घर से उठनी थी डोलियां, वहां उठी अर्थी; ट्रक ने कुचला चाचा का सि
घर में बरात के स्वागत की तैयारियां पूरी होने को थीं। टेबल पर नाश्ते की प्लेटें सज चुकी थीं। परिवार के लोग मेहमानों के आने का इंतजार कर रहे थे। किसी को अंदाजा भी नहीं था कि कुछ ही देर में घर की खुशियां इस कदर बिखर जाएंगी। हादसे में हनीफ की मौत की खबर मिलते ही परिवार के लोग बरात के स्वागत की तैयारियां छोड़कर घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े।
विस्तार
यूपी के बुलंदशहर स्थित डिबाई में भतीजियों की शादी के लिए बाजार सामान लेने जा रहे चाचा की ट्रक की टक्कर से मौत हो गई। रविवार को मृतक की दो भतीजियों की शादी थी। हादसे में चाचा की मौत की सूचना से परिवार की खुशियां मातम में बदल गईं। सूचना पर परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और शव को देखते ही बिलख उठे हर ओर चीख पुकार मच गई। आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने आरोपी चालक की गिरफ्तारी और उसके खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने परिवार के लोगों को कार्रवाई का आश्वासन देते हुए शांत कराया। जिसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
ट्रक ने कुच दिया हनीफ का पहिया
गांव दौलतपुर खुर्द निवासी अली हसन ने बताया कि उनकी बेटियों हीना और अलीशा का रविवार दोपहर को निकाह होना था। हीना की बरात अहार से और अलीशा की बरात लोनी, गाजियाबाद से दोपहर 2 बजे आनी थी। घर में बरात के स्वागत की तैयारियां चल रही थीं। इसी सिलसिले में उनके भाई हनीफ बाइक से कुछ सामान खरीदने के लिए दौलतपुर तिराहे जा रहे थे। रविवार दोपहर गांव दौलतपुर खुर्द-जहांगीराबाद मार्ग पर शराब के ठेके के निकट सामने से आ रहे ट्रक ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। टक्कर लगने से हनीफ सड़क पर गिर पड़े और ट्रक का पहिया उनके सिर को कुचलता हुआ निकल गया। हादसे में उनकी मौके पर ही मौत हो गई।
खुशियों की जगह मातम ने ली
हादसे के बाद चालक ट्रक को मौके पर छोड़कर फरार हो गया। कुछ ही देर में घटनास्थल पर लोगों की भीड़ जुट गई। हनीफ की मौत की खबर घर पहुंची तो शादी की तैयारियों में जुटे परिवार के लोगों के पैरों तले जमीन खिसक गई। परिजन मौके पर पहुंचे और शव देखकर बिलख पड़े। घर में जहां बेटियों के निकाह की खुशियां मनाई जा रही थीं, वहां हर तरफ चीख-पुकार मच गई।
नगमा पर टूटा दुखों का पहाड़
आक्रोशित परिजनों और ग्रामीणों ने आरोपी चालक की गिरफ्तारी और उसके खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया। इसके बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हनीफ चार भाइयों में दूसरे नंबर पर थे और मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते थे। उनकी मौत से पत्नी नगमा पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। नौ वर्षीय सरवर और सात वर्षीय रिहान के सिर से पिता साया उठ गया। मां और दोनों बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं मृतक की मां और बहनें समीना, समीम, परवीन, सब्बो, नसीम और सिमरन समेत परिवार के अन्य लोगों की आंखों से आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं।
पुलिस का बयान
फरार ट्रक चालक की गिरफ्तारी के लिए पुलिस दबिश दे रही है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। मामले में रिपोर्ट दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। -मधुप सिंह, सीओ डिबाई
शहनाई की जगह सुनाई दीं सिसकियां
घर में बरात के स्वागत की तैयारियां पूरी होने को थीं। टेबल पर नाश्ते की प्लेटें सज चुकी थीं। परिवार के लोग मेहमानों के आने का इंतजार कर रहे थे। किसी को अंदाजा भी नहीं था कि कुछ ही देर में घर की खुशियां इस कदर बिखर जाएंगी। हादसे में हनीफ की मौत की खबर मिलते ही परिवार के लोग बरात के स्वागत की तैयारियां छोड़कर घटनास्थल की ओर दौड़ पड़े। कुछ देर बाद जब दोनों बेटियों की बरात घर पहुंची तो वहां खुशियों की जगह मातम पसरा था। जिस आंगन में शहनाई की गूंज होनी थी, वहां परिजनों की सिसकियां सुनाई दे रही थीं।
गमगीन माहौल में हुई दोनों बेटियों की विदाई
बेटियों के निकाह के दिन ही चाचा की मौत ने पूरे परिवार को तोड़कर रख दिया था। गांव में भी हादसे को लेकर शोक छा गया। बड़ी संख्या में ग्रामीण पीड़ित परिवार को सांत्वना देने पहुंचे। उन्होंने परिवार को ढांढस बंधाया और बेटियों के निकाह की रस्में पूरी कराने में सहयोग किया। बेटियों को हंसी-खुशी विदा करने का सपना देख रहे परिवार के लोगों को नियति ने ऐसा जख्म दिया कि उनकी आंखों में खुशी के आंसुओं की जगह गम छलक रहा था। आखिरकार दोनों बेटियों का निकाह कराया गया और उन्हें विदा किया गया। जिस घर से रविवार को दो बेटियों की डोली उठी, वहां एक ओर विदाई का दर्द था तो दूसरी ओर हनीफ को खोने का असहनीय गम। शादी का दिन परिवार के लिए ऐसी टीस छोड़ गया, जिसे शायद ही वे कभी भुला पाएं।