{"_id":"6822280480f7a69c2f088383","slug":"buddha-purnima-ganga-ghats-of-the-district-reverberated-with-the-chants-of-har-har-gange-bulandshahr-news-c-133-1-bul1002-133818-2025-05-12","type":"story","status":"publish","title_hn":"बुद्ध पूर्णिमा : हर-हर गंगे के जयकारों से गूंजे जिले के गंगा घाट","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बुद्ध पूर्णिमा : हर-हर गंगे के जयकारों से गूंजे जिले के गंगा घाट
विज्ञापन
नरौरा में गंगा स्नान करते श्रद्धालु। संवाद
अनूपशहर/डिबाई/अहार/नरौरा/बुगरासी। बुद्ध पूर्णिमा पर सोमवार को जिले भर के गंगा घाटों पर श्रद्धालुओं ने पुण्य की डुबकी लगाई। हर-हर गंगे के जयकारों के बीच श्रद्धालुओं ने सूर्य देव को अर्घ्य दिया। दोपहर बाद तक गंगा स्नान और पूजा-अर्चना का क्रम चला।
अनूपशहर के बबस्टर गंज घाट, बाबा मस्तराम घाट, गंगा पुल एवं कच्चे घाटों पर हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने गंगा में डुबकी लगाई। गंगा घाटों पर रविवार देर रात से ही श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया था। बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए पहुंचे। मान्यता है कि बुद्ध पूर्णिमा पर गंगा स्नान करने से देवता खुश होते हैं। श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान करने के बाद गंगा तट पर स्थित मंदिरों में पूजा-अर्चना कर भोग लगाया। श्रद्धालुओं ने भगवान सत्यनारायण व्रत कथा का श्रवण एवं दान भी किया।
नगरपालिका परिषद ने सुरक्षित स्नान के लिए गंगा में बैरिकेडिंग की व्यवस्था की थी। घाटों पर स्थानीय गोताखोर तैनात रहे। अहार और बुगरासी में भी गंगा स्नान करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा घाट पहुंचे।
विज्ञापन
अहार क्षेत्र के ऐतिहासिक सिद्ध बाबा गंगा घाट और मां अवंतिका देवी मंदिर गंगा घाट पर सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लग गया। वहीं, दूसरी ओर डिबाई क्षेत्र के कर्णवास और नरौरा क्षेत्र के गंगा घाटों पर भी श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में गंगा स्नान किया। यहां पर अलीगढ़, हाथरस, मथुरा और आगरा समेत दूर-दूर से श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए पहुंचे। इस दौरान गंगा घाट सोमवार की दोपहर तक हर-हर गंगे के जयकारों से गूंजते रहे। श्रद्धालुओं की आस्था देखते ही बन रही थी।
विज्ञापन
अनूपशहर के बबस्टर गंज घाट, बाबा मस्तराम घाट, गंगा पुल एवं कच्चे घाटों पर हजारों की संख्या में श्रद्धालुओं ने गंगा में डुबकी लगाई। गंगा घाटों पर रविवार देर रात से ही श्रद्धालुओं का आना शुरू हो गया था। बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए पहुंचे। मान्यता है कि बुद्ध पूर्णिमा पर गंगा स्नान करने से देवता खुश होते हैं। श्रद्धालुओं ने गंगा स्नान करने के बाद गंगा तट पर स्थित मंदिरों में पूजा-अर्चना कर भोग लगाया। श्रद्धालुओं ने भगवान सत्यनारायण व्रत कथा का श्रवण एवं दान भी किया।
विज्ञापन
नगरपालिका परिषद ने सुरक्षित स्नान के लिए गंगा में बैरिकेडिंग की व्यवस्था की थी। घाटों पर स्थानीय गोताखोर तैनात रहे। अहार और बुगरासी में भी गंगा स्नान करने के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा घाट पहुंचे।
विज्ञापन
अहार क्षेत्र के ऐतिहासिक सिद्ध बाबा गंगा घाट और मां अवंतिका देवी मंदिर गंगा घाट पर सुबह से ही श्रद्धालुओं का तांता लग गया। वहीं, दूसरी ओर डिबाई क्षेत्र के कर्णवास और नरौरा क्षेत्र के गंगा घाटों पर भी श्रद्धालुओं ने बड़ी संख्या में गंगा स्नान किया। यहां पर अलीगढ़, हाथरस, मथुरा और आगरा समेत दूर-दूर से श्रद्धालु गंगा स्नान के लिए पहुंचे। इस दौरान गंगा घाट सोमवार की दोपहर तक हर-हर गंगे के जयकारों से गूंजते रहे। श्रद्धालुओं की आस्था देखते ही बन रही थी।