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शहर से सटे स्कूल को बदलने की मांग
Updated Mon, 05 Jan 2015 07:04 PM IST
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शहर से सटे ग्रामीण स्कूल को मॉडर्न स्कूल बनाने के लिए चिह्नित करना अब विभाग के लिए परेशानी खड़ा करने लगा है। शिक्षक संघ के पदाधिकारियों ने इसे बदलने के साथ किसी सुदूर ग्रामीण क्षेत्र के स्कूल को चिह्नित करने की मांग तेज कर दी है। संगठन ने प्रमुख सचिव के अलावा अन्य उच्चाधिकारियों को पत्र भी भेजा है। कहना है कि विभाग की ओर से चंद किलोमीटर दूर स्थित स्कूल को चिह्नित करना महज विभागीय फायदे के लिए है। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में अंग्रेजी माध्यम की शिक्षा मुहैया कराने की मंशा पूरी होती नहीं दिखाई देती है। लिहाजा इसे बदला जाए।
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उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के प्रांतीय उपाध्यक्ष सतीश चंद्र मिश्रा की ओर से भेेजे गए पत्र में कहा गया है कि जिले में प्राइमरी स्कूल पुलिस लाइंस को नगर क्षेत्र तथा आरिफपुर नवादा स्कूल को ग्रामीण क्षेत्र में चिह्नित किया गया है। जिसमें से पुलिस लाइंस का नगर क्षेत्र में समझ आता है लेकिन शहर से ही सटे ग्रामीण स्कूल को चिह्नित करना समझ से बाहर है। आरोप है कि यह स्कूल दफ्तर से चंद किलोमीटर की दूरी पर स्थित हैं। जबकि ग्रामीण स्कूल के आसपास पहले से ही अंग्रेजी माध्यम से प्राइवेट स्कूल संचालित हैं। आरोप लगाया कि इसके बाद भी ग्राम आरिफपुर नवादा में अंग्रेजी माध्यम से संचालित विद्यालयों के होते हुए प्राइमरी स्कूल आरिफपुर नवादा को अंग्रेजी मॉडर्न स्कूल के लिए चयन करना शासन की मूल भावना से विपरीत है। जबकि इन दोनों स्कूलों की तहसील भी एक ही है। श्री मिश्रा ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में तमाम स्कूल ऐसे हैं जहां अंग्रेजी शिक्षा दूर तक नहीं है। उन्होंने पत्र भेज एक ही तहसील में दो अंग्रेजी माध्यम के विद्यालय का चयन न करके, किसी अन्य तहसील/विकास क्षेत्र में अंग्रेजी माध्यम के विद्यालय का चयन करने की मांग की है।
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