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Bijnor News: बिजली कटौती में भी परिषदीय विद्यालयों में चलेगी स्मार्ट क्लासेस
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बिजनौर। बिजली नहीं होने पर भी जनपद के जिन परिषदीय विद्यालयों में स्मार्ट क्लास हैं, वह संचालित रहेंगी। वजह, विभाग ऐसे विद्यालयों में इन्वेटर-बैटरी उपलब्ध कराएगा। जिन आईसीटी (सूचना एवं संचार प्रौद्योगिकी) लैब है। वहां अन्य संसाधन उपलब्ध कराए जाएंगे। बेसिक शिक्षा विभाग चिन्हित विद्यालयों में उपकरण खरीद के लिए धनराशि भेज रहा है।
विभागीय अधिकारियों के अनुसार जिन विद्यालयों में स्मार्ट क्लास संचालित हैं, वहां निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए इनवर्टर, बैटरी आदि की व्यवस्था की जाएगी। वहीं जिन स्कूलों में आईसीटी लैब यानी कंप्यूटर लैब स्थापित हैं, उनके सुचारू संचालन के लिए प्रिंटर सहित आवश्यक संसाधनों के लिए भी धनराशि उपलब्ध कराई जा रही है। जनपद के 12 आईसीटी लैब और बीआरसी के लिए भेजी जा रही है। इसके अलावा 264 स्मार्ट क्लास संचालित विद्यालयों के लिए 38,000 रुपये प्रति विद्यालय की दर से धनराशि जारी की गई है।
बीएसए सचिन कसाना ने बताया कि यह धनराशि ब्लॉक संसाधन केंद्रों के खातों तथा विद्यालयों के स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) खातों में भेजी जा रही है। विभाग का कहना है कि इससे विद्यालयों में आईसीटी लैब का रख-रखाव, उपकरणों का बेहतर उपयोग और शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया को अधिक प्रभावी व आकर्षक बनाने में मदद मिलेगी।
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विभागीय अधिकारियों के अनुसार जिन विद्यालयों में स्मार्ट क्लास संचालित हैं, वहां निर्बाध बिजली आपूर्ति के लिए इनवर्टर, बैटरी आदि की व्यवस्था की जाएगी। वहीं जिन स्कूलों में आईसीटी लैब यानी कंप्यूटर लैब स्थापित हैं, उनके सुचारू संचालन के लिए प्रिंटर सहित आवश्यक संसाधनों के लिए भी धनराशि उपलब्ध कराई जा रही है। जनपद के 12 आईसीटी लैब और बीआरसी के लिए भेजी जा रही है। इसके अलावा 264 स्मार्ट क्लास संचालित विद्यालयों के लिए 38,000 रुपये प्रति विद्यालय की दर से धनराशि जारी की गई है।
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बीएसए सचिन कसाना ने बताया कि यह धनराशि ब्लॉक संसाधन केंद्रों के खातों तथा विद्यालयों के स्कूल प्रबंधन समिति (एसएमसी) खातों में भेजी जा रही है। विभाग का कहना है कि इससे विद्यालयों में आईसीटी लैब का रख-रखाव, उपकरणों का बेहतर उपयोग और शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया को अधिक प्रभावी व आकर्षक बनाने में मदद मिलेगी।
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