फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bhadohi News ›   Two teachers including headmaster, who extorted money from teachers by posing as fake director of SIT, dismissed

Bhadohi News: एसआईटी का फर्जी निदेशक बनकर शिक्षकों से वसूली करने वाले हेडमास्टर समेत दो शिक्षक बर्खास्त

Tue, 04 Mar 2025 12:29 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 04 Mar 2025 12:29 AM IST
विज्ञापन
Two teachers including headmaster, who extorted money from teachers by posing as fake director of SIT, dismissed
ज्ञानपुर। कालीन नगरी में फर्जी शिक्षकों के मिलने का सिलसिला नहीं थम रहा है। फर्जी एसआईटी अफसर बनकर कई सालों से शिक्षकों से वसूली करने वाले हेडमास्टर समेत दो शिक्षकों को बर्खास्त कर दिया गया है। दोनों शिक्षक बीएड और संपूर्णांनंद संस्कृत विश्वविद्यालय के फर्जी अभिलेख लगाकर नौकरी कर रहे थे। इन दो शिक्षकों को बीएसए भूपेंद्र नारायण सिंह ने बर्खास्त कर दिया। अभिलेखों की जांच एवं अधिकारियों के रिपोर्ट पर यह कार्रवाई की गई। इसमें एक हेडमास्टर फर्जी एसआईटी का निदेशक बनकर प्रदेश भर में शिक्षकों से वसूली करता था।
विज्ञापन

जिले में 885 प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक और कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं। इसमें चार हजार से अधिक शिक्षकों की तैनाती है। शासन स्तर से जरूरत के हिसाब से शिक्षकों की नियुक्ति की जाती है। पिछले पांच से छह साल में नियुक्ति से लेकर अन्य गतिविधियां ऑनलाइन होने से प्रमाणपत्र की खामियां उजागर हो जाती हैं, लेकिन डेढ़ से दो दशक पूर्व की नियुक्ति प्रक्रिया कागजों में ही चलती थी। विश्वविद्यालय और बोर्ड स्तर पर होने वाले सत्यापन में भी झोल कर दिया जाता, इससे फर्जी और दूसरे के प्रमाणपत्र पकड़ में नहीं आते। प्रेरणा पोर्टल पर सभी अभिलेख ऑनलाइन होने के बाद प्रदेश स्तर पर बड़ी संख्या में शिक्षकों के प्रमाणपत्र संदिग्ध मिले। इसके बाद बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से विश्वविद्यालय और बोर्ड से अभिलेखों का सत्यापन कराया।
विज्ञापन

इन पर हुई कार्रवाई
प्राथमिक विद्यालय तुलापुर रोही के हेडमास्टर अनुराग तिवारी निवासी ग्राम एवं पोस्ट बरदह तहसील लालगंज, आजमगढ़ और कंपोजिट विद्यालय कलिकमवैया के सहायक अध्यापक शैलेंद्र कुमार निवासी ग्राम भटौली पोस्ट हरहुआ वाराणसी का प्रमाणपत्र फर्जी मिला। दोनों के अनुक्रमांक पर दूसरे विद्यार्थियों का नाम अंकित मिला। सत्यापन रिपोर्ट और खंड शिक्षा अधिकारी की आख्या पर बीएसए ने दोनों शिक्षकों की सेवा समाप्त कर दी। दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराते हुए रिकवरी का निर्देश दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन

-------
इनसेट
छह लाख की धांधली में भी आया था हेडमास्टर का नाम
प्राथमिक विद्यालय तुलापुर का हेडमास्टर अनुराग तिवारी विभाग को ही अपने चक्रव्यूह में उलझा दिया था। सेवा समाप्ति आदेश में बीएसए ने इसका जिक्र भी किया है। कहा है कि वह फर्जी एसआईटी का निदेशक बनकर जिले में ही नहीं दूसरे जनपदों में शिक्षकों को मूर्ख बनाया। यही नहीं विद्यालय में एमडीएम में करीब छह लाख की धांधली में भी उसका नाम आया। उसकी इस करतूत से विभाग की छवि धूमिल हुई। यह शिक्षक आचरण नियमावली के विरूद्ध है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed