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Bhadohi News: गारंटी 5 साल की, छह महीने में अंधेरा
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गोपीगंज के बड़े शिव मंदिर मार्ग पर बुझी स्ट्रीट लाइटें। संवाद
ज्ञानपुर। शहरी क्षेत्रों में प्रकाश व्यवस्था बेहतर करने की मुहिम पटरी से उतर चुकी है। सात निकायों में करीब आठ करोड़ रुपये से लगाई गई तिरंगा और स्ट्रीट लाइटें देखरेख के अभाव में बुझ रहीं हैं। करीब 20 फीसदी लाइटें छह माह से बंद हैं, लेकिन निकाय प्रशासन ध्यान नहीं दे रहा है। इससे आगामी शारदीय नवरात्र और दीपावली पर अंधेरा होने से लोग परेशान होंगे। जिले के भदोही, गोपीगंज, ज्ञानपुर, सुरियावां, औराई, खमरिया और नईबाजार सहित सातों निकायों में दो साल के अंतराल में करीब आठ करोड़ रुपये से 2100 स्ट्रीट लाइटें लगाई गईं। इनकी पांच साल तक वारंटी भी है, लेकिन कुछ लाइटें छह महीने में ही बुझ गईं। इससे संबंधित मार्गों पर शाम होते ही अंधेरा छा जाता है।
सोमवार को हमारी टीम ने नईबाजार, ज्ञानपुर, गोपीगंज और सुरियावां नगर में पड़ताल की। इसमें अलग-अलग मोहल्लों में स्ट्रीट लाइटें बुझीं थीं। गोपीगंज नगर में 250 स्ट्रीट लाइटों में 50, सुरियावां में 100 में 25, नईबाजार में 150 में 35 और ज्ञानपुर में 175 में 10 स्ट्रीट लाइटें बंद मिलीं।
नवरात्र में जगह-जगह दुर्गा पूजा पंडाल सजेंगे। दीपावली पर बाजारों में देर रात तक भीड़ रहेगी। ऐसे में मुख्य मार्गों और गलियों में अंधेरा होने से सुरक्षा और हादसे का डर बढ़ गया है।
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लाइट लगाकर भूल गए जिम्मेदार : नगरीय क्षेत्रों में प्रकाश की व्यवस्था के लिए लगाई जाने वाली स्ट्रीट लाइटों को लेकर निकाय प्रशासन संजीदा नहीं है। पालिका, नगर पंचायत और ठेकेदार की ओर से लाइटें लगाकर उद्घाटन कर दिया जाता है। उसके बाद खराब होने पर न तो कर्मचारी नजर आते हैं और न ही ठेकेदार। इससे खराब होने वाली लाइटें दुरुस्त नहीं हो पातीं।
बड़े शिव मार्ग की अधिकांश फैंसी लाइटें बंद
गोपीगंज नगर के बड़े शिव मार्ग पर 50 स्ट्रीट लाइटें लगाई गई हैं। एक साइड में लगी लगभग अधिकांश फैंसी स्ट्रीट लाइटें पिछले कई महीनों से बंद पड़ी हैं। रात होते ही मार्ग का बड़ा हिस्सा अंधेरे में डूब जाता है, जिससे राहगीरों और स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
15 दिन जलीं, फिर पांच महीने से बंद
सुरियावां नगर के वार्ड चार शास्त्री नगर में डूडा की ओर से छह महीने पूर्व 15 स्ट्रीट लाइटें लगाई गई थीं। 15 दिन जलने के बाद से वे बंद हो गईं। धीरे-धीरे करीब पांच माह हो गए, लेकिन उन्हें नहीं सुधारा गया। इससे मार्ग पर रात में अंधेरा रहता है।
एक पोल पर 80 हजार खर्च, गुणवत्ता पर सवाल
गोपीगंज नगर में करीब 250 तिरंगा स्ट्रीट लाइटें लगाई गई थीं, जिनकी गारंटी पांच वर्ष रही। परियोजना पर करीब दो करोड़ रुपये खर्च किए गए। इस आधार पर प्रति पोल करीब 80 हजार रुपये खर्च हुए। इसके बावजूद बड़ी संख्या में स्ट्रीट लाइटें बंद होने से उनकी गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं।
लाइट लगाकर भूल गए जिम्मेदार
नगरीय क्षेत्रों में प्रकाश की व्यवस्था के लिए लगाई जाने वाली स्ट्रीट लाइटों को लेकर निकाय प्रशासन संजीदा नहीं है। पालिका, नगर पंचायत और ठेकेदार की ओर से लाइटें लगाकर उद्घाटन कर दिया जाता है। उसके बाद खराब होने पर न तो कर्मचारी नजर आते हैं और न ही ठेकेदार। इससे खराब होने वाली लाइटें दुरुस्त नहीं हो पातीं।
स्ट्रीट लाइट के नाम पर सरकारी पैसे का बंदरबांट किया जा रहा है। सामान का पूरा भुगतान होता है, लेकिन कम गुणवत्ता वाली लाइटें समय से पहले खराब हो जाती हैं। इसकी जांच कराई जानी चाहिए। - घनश्याम मौर्य, सुरियावां
बड़े शिव मार्ग पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते-जाते हैं। नवरात्र में भीड़ अधिक बढ़ जाएगी। शिकायत के बाद भी लाइटों को सही नहीं किया गया। - रत्नेश मिश्रा, गोपीगंज
पांच साल की गारंटी होने के बाद भी खराब स्ट्रीट लाइटें सही नहीं कराई जा रही हैं। त्योहार में खराबी के कारण लोगों को परेशान होना पड़ेगा। - धर्मराज दूबे, गोपीगंज
नगर में कुछ स्थानों पर स्ट्रीट लाइट बंद होने की सूचना मिली है। कार्यदायी संस्था को सही कराने का निर्देश दिया गया है। पर्व से पहले सब कुछ दुरुस्त कर लिया जाएगा। - सुजीत कुमार, ईओ, सुरियावां और नई बाजार
तकनीकी खराबी से स्ट्रीट लाइटें बंद हुई हैं। उन्हें सही कराया जा रहा है। तीन दिन में सभी लाइटें सही करा दी जाएंगी। - बीना सिंह, ईओ, गोपीगंज
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सोमवार को हमारी टीम ने नईबाजार, ज्ञानपुर, गोपीगंज और सुरियावां नगर में पड़ताल की। इसमें अलग-अलग मोहल्लों में स्ट्रीट लाइटें बुझीं थीं। गोपीगंज नगर में 250 स्ट्रीट लाइटों में 50, सुरियावां में 100 में 25, नईबाजार में 150 में 35 और ज्ञानपुर में 175 में 10 स्ट्रीट लाइटें बंद मिलीं।
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नवरात्र में जगह-जगह दुर्गा पूजा पंडाल सजेंगे। दीपावली पर बाजारों में देर रात तक भीड़ रहेगी। ऐसे में मुख्य मार्गों और गलियों में अंधेरा होने से सुरक्षा और हादसे का डर बढ़ गया है।
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लाइट लगाकर भूल गए जिम्मेदार : नगरीय क्षेत्रों में प्रकाश की व्यवस्था के लिए लगाई जाने वाली स्ट्रीट लाइटों को लेकर निकाय प्रशासन संजीदा नहीं है। पालिका, नगर पंचायत और ठेकेदार की ओर से लाइटें लगाकर उद्घाटन कर दिया जाता है। उसके बाद खराब होने पर न तो कर्मचारी नजर आते हैं और न ही ठेकेदार। इससे खराब होने वाली लाइटें दुरुस्त नहीं हो पातीं।
बड़े शिव मार्ग की अधिकांश फैंसी लाइटें बंद
गोपीगंज नगर के बड़े शिव मार्ग पर 50 स्ट्रीट लाइटें लगाई गई हैं। एक साइड में लगी लगभग अधिकांश फैंसी स्ट्रीट लाइटें पिछले कई महीनों से बंद पड़ी हैं। रात होते ही मार्ग का बड़ा हिस्सा अंधेरे में डूब जाता है, जिससे राहगीरों और स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
15 दिन जलीं, फिर पांच महीने से बंद
सुरियावां नगर के वार्ड चार शास्त्री नगर में डूडा की ओर से छह महीने पूर्व 15 स्ट्रीट लाइटें लगाई गई थीं। 15 दिन जलने के बाद से वे बंद हो गईं। धीरे-धीरे करीब पांच माह हो गए, लेकिन उन्हें नहीं सुधारा गया। इससे मार्ग पर रात में अंधेरा रहता है।
एक पोल पर 80 हजार खर्च, गुणवत्ता पर सवाल
गोपीगंज नगर में करीब 250 तिरंगा स्ट्रीट लाइटें लगाई गई थीं, जिनकी गारंटी पांच वर्ष रही। परियोजना पर करीब दो करोड़ रुपये खर्च किए गए। इस आधार पर प्रति पोल करीब 80 हजार रुपये खर्च हुए। इसके बावजूद बड़ी संख्या में स्ट्रीट लाइटें बंद होने से उनकी गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं।
लाइट लगाकर भूल गए जिम्मेदार
नगरीय क्षेत्रों में प्रकाश की व्यवस्था के लिए लगाई जाने वाली स्ट्रीट लाइटों को लेकर निकाय प्रशासन संजीदा नहीं है। पालिका, नगर पंचायत और ठेकेदार की ओर से लाइटें लगाकर उद्घाटन कर दिया जाता है। उसके बाद खराब होने पर न तो कर्मचारी नजर आते हैं और न ही ठेकेदार। इससे खराब होने वाली लाइटें दुरुस्त नहीं हो पातीं।
स्ट्रीट लाइट के नाम पर सरकारी पैसे का बंदरबांट किया जा रहा है। सामान का पूरा भुगतान होता है, लेकिन कम गुणवत्ता वाली लाइटें समय से पहले खराब हो जाती हैं। इसकी जांच कराई जानी चाहिए। - घनश्याम मौर्य, सुरियावां
बड़े शिव मार्ग पर प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते-जाते हैं। नवरात्र में भीड़ अधिक बढ़ जाएगी। शिकायत के बाद भी लाइटों को सही नहीं किया गया। - रत्नेश मिश्रा, गोपीगंज
पांच साल की गारंटी होने के बाद भी खराब स्ट्रीट लाइटें सही नहीं कराई जा रही हैं। त्योहार में खराबी के कारण लोगों को परेशान होना पड़ेगा। - धर्मराज दूबे, गोपीगंज
नगर में कुछ स्थानों पर स्ट्रीट लाइट बंद होने की सूचना मिली है। कार्यदायी संस्था को सही कराने का निर्देश दिया गया है। पर्व से पहले सब कुछ दुरुस्त कर लिया जाएगा। - सुजीत कुमार, ईओ, सुरियावां और नई बाजार
तकनीकी खराबी से स्ट्रीट लाइटें बंद हुई हैं। उन्हें सही कराया जा रहा है। तीन दिन में सभी लाइटें सही करा दी जाएंगी। - बीना सिंह, ईओ, गोपीगंज