फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Basti News ›   Responsibility of teacher for study and teaching: Prof. Vikas

अध्ययन और अध्यापन शिक्षक का दायित्व : प्रो. विकास

Wed, 26 Mar 2025 12:42 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती
संवाद न्यूज एजेंसी, बस्ती Updated Wed, 26 Mar 2025 12:42 AM IST
विज्ञापन
Responsibility of teacher for study and teaching: Prof. Vikas
बस्ती। अंग्रेजी उपन्यासकार व चौधरी चरण सिंह विवि मेरठ के प्रो. विकास शर्मा ने कहा कि अध्ययन और अध्यापन शिक्षक का प्रथम दायित्व है। महाविद्यालय और विश्वविद्यालय को अपनी आधार भूत संरचना को बढ़ाना चाहिए। तभी नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति कारगर सिद्ध होगी।
विज्ञापन

प्रो. शर्मा मंगलवार को यहां महिला पीजी कॉलेज में उर्दू विभाग के तत्वावधान में राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020- भारतीय उच्च शिक्षा के पुनर्निर्माण विषय पर आयोजित दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी को बतौर मुख्य वक्ता संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति, शिक्षक, छात्र समस्या, भारतीय ज्ञान परंपरा का समन्वय ही हमें सफल बना सकता है। डॉ. नगेंद्र कहते हैं कि -मै व्यवसाय से आलोचक हूं। इसका आशय यह है कि सच्चाई बोलने से गुरेज नहीं करना चाहिए। समाज में शिक्षक, पत्रकार, कवि और संतों को सच जरूर बोलना चाहिए। अवध गर्ल्स पीजी कॉलेज लखनऊ की प्राचार्य प्रो. बीना राय ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति के सकारात्मक एवं नकारात्मक बिंदुओं दोनों पर चर्चा की। कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 हमारी भारतीय ज्ञान परंपरा को बढ़ाने में काफी मददगार है। प्रो. बृजेश कुमार त्रिपाठी ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 समाज के समग्र विकास की परिकल्पना है। संगोष्ठी को बतौर मुख्य अतिथि सिद्धार्थ विश्वविद्यालय के वाणिज्य संकाय के प्रो. दीपक बाबू ने भी संबोधित किया। कहा कि शिक्षकों को कक्षाओं में नित नए ज्ञान का प्रवाह करना चाहिए। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रो. रघुवंश मणि त्रिपाठी ने किया। इसके पूर्व महाविद्यालय की प्राचार्य प्रो. सुनीता तिवारी, उर्दू विभाग की असिस्टेंट प्रोफेसर नेहा परवीन, प्रबंधक संजय उपाध्याय ने अतिथियों के साथ मां सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलन एवं पुष्प अर्पित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। प्राचार्य ने अतिथियों को स्मृति चिह्न भेंट किया।संगोष्ठी का संचालन डॉ. रघुवर पांडेय ने किया। इस मौके पर प्रो. रीना पाठक प्राचार्य, प्रो. अभय प्रताप सिंह, डॉ. सूर्य प्रकाश तिवारी, डॉ. संदीप श्रीवास्तव, डॉ. रघुनाथ चौधरी, डाॅ. बलराम चौधरी, डॉ. गजेंद्र उबारन गिरी, डॉ. संध्या राय आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed