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गैर इरादतन हत्या में तीन को आठ वर्ष की सजा
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गैर इरादतन हत्या में तीन को आठ वर्ष की सजा
- फास्ट ट्रैक कोर्ट ने सुनाई सजा, 13 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। अपर जनपद न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम के न्यायाधीश रजनीश कुमार मिश्रा की अदालत ने गैर इरादतन हत्या के तीन दोषियों को आठ वर्ष कैद की सजा सुनाई है। दोषियों पर 13 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है, जिसे अदा न करने पर तीनों को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
शासकीय अधिवक्ता राकेश प्रसाद पांडेय ने अदालत को बताया कि मामला सोनहा थाना क्षेत्र के परसा झोगिया गांव का है। दो मई 2018 की सुबह थाने पर तहरीर देकर अनवरली पुत्र कदीम हुसैन ने आरोप लगाया कि खरपतवार रखने को लेकर पट्टीदार मुस्तफा पुत्र कादिम हुसैन, असलम व तुफैल पुत्रगण मुस्तफा तथा जुबैदा खातून पत्नी मुस्तफा ने उसके बेटे अब्बास अली व साजिया व सिरुन्निशा को मारपीट कर घायल कर दिया। अब्बास अली की जिला अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। अदालत ने जुबेदा खातून को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। जबकि मुस्तफा व असलम, सुफैल, को आठ-आठ वर्ष की कठोर कारावास की सजा सुनाई।
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- फास्ट ट्रैक कोर्ट ने सुनाई सजा, 13 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। अपर जनपद न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम के न्यायाधीश रजनीश कुमार मिश्रा की अदालत ने गैर इरादतन हत्या के तीन दोषियों को आठ वर्ष कैद की सजा सुनाई है। दोषियों पर 13 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है, जिसे अदा न करने पर तीनों को छह माह की अतिरिक्त सजा भुगतनी होगी।
शासकीय अधिवक्ता राकेश प्रसाद पांडेय ने अदालत को बताया कि मामला सोनहा थाना क्षेत्र के परसा झोगिया गांव का है। दो मई 2018 की सुबह थाने पर तहरीर देकर अनवरली पुत्र कदीम हुसैन ने आरोप लगाया कि खरपतवार रखने को लेकर पट्टीदार मुस्तफा पुत्र कादिम हुसैन, असलम व तुफैल पुत्रगण मुस्तफा तथा जुबैदा खातून पत्नी मुस्तफा ने उसके बेटे अब्बास अली व साजिया व सिरुन्निशा को मारपीट कर घायल कर दिया। अब्बास अली की जिला अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। अदालत ने जुबेदा खातून को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया। जबकि मुस्तफा व असलम, सुफैल, को आठ-आठ वर्ष की कठोर कारावास की सजा सुनाई।
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