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बच्चों के कातिल कुत्तों को ढूंढने निकलीं महिलाएं
बरेली।
Updated Mon, 20 Feb 2017 12:11 AM IST
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बच्चों के कातिल कुत्तों को ढूंढने निकलीं महिलाएं
- फोटो : The dogs went to find the murderer of children, women
खूंखार कुत्तों से बच्चों को बचाने के लिए रविवार को महिलाओं ने खुद मोर्चा संभाल लिया। एक हफ्ते के अंदर दो बच्चों की जान जाने से दहशत में आईं कई गांवों की महिलाओं ने प्रशासन से उम्मीद छोड़कर लाठी डंडे उठाए और कुत्तों को मारने जंगल की ओर चल पड़ीं। पुरुष और बच्चे भी हौसला आफजाई करते हुए अभियान में शामिल हो गए। सुबह से शाम तक जंगलों की खाक छान मारने के बाद भी कोई कुत्ता हाथ नहीं आया मगर महिलाओं में इस कदर गुस्सा था कि उन्होंने हर रोज अभियान चलाने का एलान कर दिया। खतोला हुलास कुंवर गांव के शिक्षक राम किशोर सागर की 10 साल की बेटी प्रियंका को शनिवार दोपहर स्कूल से लौटते समय दनिया नदी के पास कुत्तों के झुंड ने नोच डाला था। उसकी मौके पर ही मौत हो गई थी। 13 फरवरी को इन्हीं आदमखोर कुत्तों ने जनक जागीर के देवकी नंदन की पांच साल की बेटी ममता पर भी हमला कर जान ले ली थी। दो मौतों से दहशत में आए जनक जागीर, जाफरपुर, मियांपुर, खतोला हुलास कुंवर आदि गांवों के लोग सुबह 11 बजे ही लाठी डंडे लेकर जंगल की ओर निकल पड़े। जनक जागीर गांव के प्रधान होरी लाल की पत्नी नन्ही देवी, कमला देवी, शांति देवी, मोरकली, रामदेई, सुरजा देवी, सावित्री, खेमा देवी और गायत्री देवी ने अभियान की अगुवाई की। उनके साथ पुरुष और बच्चे भी थे। महिलाओं का कहना था कि अब किसी भी कीमत पर बच्चों को आदमखोर कुत्तों का निवाला नहीं बनने देंगे। बच्चों का स्कूल जाना मुश्किल हो गया है। उनकी सुरक्षा जरूरी है। प्रशासन सब कुछ जानने के बाद भी चुप बैठा हुआ है। अब यह कतई नहीं चलेगा।
दहशत में हैं ग्रामीण
अभियान में शामिल प्रधान होरी लाल, जाफरपुर के प्रधान हरचरन लाल ने कहा कि जब तक कुत्ते नहीं मारे जाते तब तक अभियान जारी रहेगा। कई गांवों के लोग दहशत में हैं। सवाल बच्चों की पढ़ाई का है। परीक्षाएं सिर पर हैं। खतोला के छोटे-बड़े बच्चे रोजाना ढाई किमी दूर मियांपुर जाते हैं। पता नहीं कब किस पर हमला हो जाए। उन्होंने यह भी कहा कि जनक जागीर और मियांपुर गांव के लोगों की दनिया नदी के पास खेती है। बड़े भी वहां जाने से घबरा रहे हैं। प्रशासन ग्रामीणों की चिंता को हलके में ले रहा है।
खूंखार कुत्तों से बच्चों को बचाएं
राष्ट्रीय लोक दल के गजेंद्र पटेल ने डीएम से मुलाकात कर भोजीपुरा क्षेत्र में खूंखार कुत्तों से बच्चों को बचाए जाने की गुहार लगाई है। उन्होंने कहा कि कुत्ते मांस खाकर आदमखोर हो गए हैं इसलिए अवैध स्लाटर हाउस तत्काल बंद कराए जाएं। उन्होंने कहा कि 48 घंटे में कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा।
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दहशत में हैं ग्रामीण
अभियान में शामिल प्रधान होरी लाल, जाफरपुर के प्रधान हरचरन लाल ने कहा कि जब तक कुत्ते नहीं मारे जाते तब तक अभियान जारी रहेगा। कई गांवों के लोग दहशत में हैं। सवाल बच्चों की पढ़ाई का है। परीक्षाएं सिर पर हैं। खतोला के छोटे-बड़े बच्चे रोजाना ढाई किमी दूर मियांपुर जाते हैं। पता नहीं कब किस पर हमला हो जाए। उन्होंने यह भी कहा कि जनक जागीर और मियांपुर गांव के लोगों की दनिया नदी के पास खेती है। बड़े भी वहां जाने से घबरा रहे हैं। प्रशासन ग्रामीणों की चिंता को हलके में ले रहा है।
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खूंखार कुत्तों से बच्चों को बचाएं
राष्ट्रीय लोक दल के गजेंद्र पटेल ने डीएम से मुलाकात कर भोजीपुरा क्षेत्र में खूंखार कुत्तों से बच्चों को बचाए जाने की गुहार लगाई है। उन्होंने कहा कि कुत्ते मांस खाकर आदमखोर हो गए हैं इसलिए अवैध स्लाटर हाउस तत्काल बंद कराए जाएं। उन्होंने कहा कि 48 घंटे में कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन किया जाएगा।
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