Bareilly: पूर्व ब्लॉक प्रमुख पर बीडीसी सदस्य के अपहरण की रिपोर्ट, महिला बोली- मैं रिश्तेदारी में हूं
बिथरी थाने में पूर्व ब्लॉक प्रमुख ब्रजेंद्र सिंह समेत दो के खिलाफ बीडीसी सदस्य के अपहरण का मामला दर्ज कराया गया है। वहीं बीडीसी सदस्य ने अपहरण से इनकार किया है।
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बरेली में बिथरी चैनपुर ब्लॉक प्रमुख के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा की तारीख तय होने के साथ ही राजनीति तेज हो गई है। बिथरी थाने में पूर्व ब्लॉक प्रमुख ब्रजेंद्र सिंह समेत दो के खिलाफ बीडीसी सदस्य के अपहरण का मामला दर्ज कराया गया है।
नरियावल के राम सिंह के मुताबिक एक सप्ताह पहले सारीपुर निवासी ब्रजेंद्र सिंह (पूर्व ब्लॉक प्रमुख बिथरी) और अहलादपुर निवासी दुर्विजय सिंह अपने कुछ साथियों को लेकर घर आए और आवाज दी। पत्नी सुखदेई कश्यप ने दरवाजा खोला तो इन लोगों ने हथियारों के बल पर सुखदेई को कार में बैठा लिया।
शोर सुनकर उनका बेटा बाहर आया और विरोध किया तो आरोपियों ने हथियार दिखाकर धमकाया और सुखदेई का अपहरण कर ले गए। राम सिंह ने पत्नी की जान को खतरा जताया है। रामसिंह की ओर से ब्रजेंद्र और दुर्विजय के खिलाफ बिथरी थाने में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई। इंस्पेक्टर संजय सिंह ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर मामले की जांच की जा रही है।
ब्रजेंद्र आदि के खिलाफ मामला दर्ज होते ही विपक्ष ने भी रणनीतिक चाल चल दी। सोशल मीडिया पर बीडीसी सदस्य सुखदेई कश्यप का एक पत्र वायरल हो रहा है। दावा किया जा रहा है कि इसे डीएम-एसएसपी दफ्तर में दिया गया है। इसमें सुखदेई की ओर से लिखा गया है कि वह वार्ड 66 से बीडीसी सदस्य हैं।
पिछली बार अविश्वास प्रस्ताव खारिज होने की वजह से उनके पति ने राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता की वजह से ब्रजेंद्र व दुर्विजय के खिलाफ रिपोर्ट कराई है। ये लोग न कभी उनके घर आए और न ही उनका किसी ने अपहरण किया है। वह अपनी मर्जी से रिश्तेदारी में रह रही हैं।
नेता की किरकिरी के बाद फिर वजूद में आया अविश्वास
कुछ महीने पहले बिथरी चैनपुर की ब्लॉक प्रमुख बृजेश कुमारी के खिलाफ ब्रजेंद्र पक्ष की तरफ से भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए अविश्वास प्रस्ताव पेश किया गया था। इसे सत्तापक्ष के एक बुजुर्ग नेता ऑक्सीजन दे रहे थे। मौजूदा ब्लॉक प्रमुख की ओर से सत्तापक्ष के ही दूसरे जनप्रतिनिधि ने मोर्चा संभाला तो प्रस्ताव का समर्थन करने वाले विरोधी खेमे के कुछ सदस्यों ने ऐन वक्त पर पाला बदल लिया था। इस वजह से डीएम ने प्रस्ताव को खारिज कर दिया था।
ब्लॉक प्रमुख ने समझा कि खतरा टल गया पर अंदरखाने तैयारी जारी रही। अहलादपुर पंचायत के सदस्य दुर्विजय सिंह ने डीएम के फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका डाली थी। हाईकोर्ट ने डीएम के फैसले को रद्द कर दिया था। इस कारण अविश्वास प्रस्ताव दोबारा वजूद में आ गया और दोनों पक्ष फिर सक्रिय हो गए हैं।
एसपी देहात राहुल भाटी ने बताया कि बिथरी थाने में बीडीसी सदस्य के अपहरण की रिपोर्ट उसके पति ने दर्ज कराई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। अगर महिला कोई बयान दे रही है तो उसे भी विवेचना में शामिल किया जाएगा।