नाथ नगरी इंटीग्रेटेड टाउनशिप: शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के ऊपर बनेंगे फ्लैट, भूमि अधिग्रहण के लिए पांच गांव चिन्हित
बरेली विकास प्राधिकरण ने नाथ नगरी इंटीग्रेटेड टाउनशिप का डिजाइन और ले आउट जारी किया है। बरेली में बदायूं रोड पर प्रस्तावित इस टाउनशिप में शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के ऊपर फ्लैट बनेंगे। वहीं भूमि अधिग्रहण के लिए बीडीए ने पांच गांवों को चिन्हित किया है।
विस्तार
बरेली की नाथ नगरी इंटीग्रेटेड टाउनशिप में शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के ऊपर फ्लैट बनाए जाएंगे। इसके साथ ही टाउनशिप आने-जाने के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों की सुविधा दी जाएगी। बरेली विकास प्राधिकरण ने इसका ले-आउट व डिजाइन जारी कर दिया है।
बदायूं रोड पर रामगंगा एक्सप्रेस-वे से 20 किमी दूर विकसित हो रही विकास प्राधिकरण की इस नाथ नगरी इंटीग्रेटेड टाउनशिप में आईटी पार्क, औद्योगिक क्षेत्र, मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल, अपार्टमेंट, शापिंग कांप्लेक्स, आउटलेट, शिक्षण संस्थान को विकसित किया जा रहा है।
इलेक्ट्रिक वाहनों की होगी सुविधा
इसके अलावा टाउनशिप में ट्रांजिट ओरिएंटेड डवलपमेंट (टीओडी) नीति से शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के ऊपर फ्लैट बनाए जाएंगे। इसमें तीन से चार मंजिला तक शॉपिंग कॉम्प्लेक्स होगा और उसके ऊपर बीडीए फ्लैट का निर्माण करेगा। अधिकारियों का दावा है कि विश्वस्तरीय सौंदर्यीकरण के साथ टाउनशिप में आवागमन के लिए इलेक्ट्रिक वाहनों की सुविधा भी दी जाएगी।
बीडीए उपाध्यक्ष मनिकंडन ए के मुताबिक इससे नाथ नगरी बरेली के विकास को नये आयाम मिलेंगे। नाथ धाम इंटीग्रेटेड टाउनशिप से आवासीय विकास के साथ एमएसएमई और बरेली के उत्पादों को बढ़ावा देने का प्रयास किया जायेगा।
पांच गांवों को किया गया भूमि अधिग्रहण के लिए चिन्हित
बीडीए सचिव योगेंद्र कुमार ने बताया कि योजना के लिए पांच गांवों की भूमि को अधिग्रहण के लिए चिह्नित किया गया है। इन गांवों से 267 हेक्टेयर की जमीन को चिह्नित किया जाना है। इसको लेकर बीडीए के अधिकारियों ने डीएम रविंद्र कुमार को चिट्ठी लिखी है। वहीं रामगंगा रिवरफ्रंट का डवलपमेंट भी किया जाएगा। यह जैविक संरक्षण के साथ पर्यावरण के अनुकूल होगा।
जरी-जरदोजी को मिलेगा आयाम, एक्सप्रेस-वे से होगी 15 मिनट की दूरी
टाउनशिप में जरी-जरदोजी के काम को नया आयाम मिलेगा। कामगारों की प्रतिभा को बढ़ावा देने के लिए प्रदर्शनी लगाई जाएगी। इसके साथ ही उत्पाद बेचने के लिए दुकान और काम करने लिए के लिए कॉमन सेंटर की व्यवस्था की जायेगी।
आर्किटेक्ट सुमित अग्रवाल के मुताबिक छोटे कामगारों और व्यापारियों के लिए फ्लैटेड डवलपमेंट के रूप में कम खर्च में जगह उपलब्ध कराई जाएगी। वहीं गंगा एक्सप्रेस-वे से टाउनशिप का रास्ता महज 15 मिनट का होगा।