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सीटीईटी का पेपर खराब होने पर छात्रा ने कर ली खुदकुशी
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फरीदपुर। सीटीईटी (सीटेट) का पेपर खराब होने पर एक छात्रा ने कमरे में फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। परिवार वालों को जानकारी हुई तो चीख पुकार मच गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा है।
फरीदपुर के गांव रमपुरिया निवासी गोपाल गौड़ तहसील में स्टांप वेंडर हैं। फिलहाल वह फरीदपुर में पशु चिकित्सालय के पीछे बनी कॉलोनी में रहते हैं। गोपाल बुधवार सुबह तहसील चले गए। दोपहर में उनकी पत्नी किसी काम से बाहर चली गईं। घर पर 21 वर्षीय बेटी ममता अकेली थी, तभी ममता ने कमरे में पंखे से फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। मां घर आईं तो कमरे का दरवाजा बंद देखकर खटखटाया। आवाज न आने पर बेटी को सोता समझकर अपने काम में लग गईं। शाम को पांच बजे गोपाल तहसील से आए तो उन्होंने भी बेटी के कमरे का दरवाजा खटखटाया। कोई जवाब नहीं आया तो उन्होंने दरवाजे को झटके से धकेला तो कुंडी टूट गई। अंदर बेटी का शव फंदे से लटका था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने छानबीन कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिवार वालों ने बताया कि आठ दिसंबर को सीटेट की परीक्षा हुई थी। परीक्षा में कुछ प्रश्न गलत हो गए थेे तभी से ममता टेंशन में थी। परिवार वालों ने उसे काफी समझाया भी था। ममता ने इसी वर्ष बीटीसी की परीक्षा उत्तीर्ण की थी।
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फरीदपुर के गांव रमपुरिया निवासी गोपाल गौड़ तहसील में स्टांप वेंडर हैं। फिलहाल वह फरीदपुर में पशु चिकित्सालय के पीछे बनी कॉलोनी में रहते हैं। गोपाल बुधवार सुबह तहसील चले गए। दोपहर में उनकी पत्नी किसी काम से बाहर चली गईं। घर पर 21 वर्षीय बेटी ममता अकेली थी, तभी ममता ने कमरे में पंखे से फंदा लगाकर खुदकुशी कर ली। मां घर आईं तो कमरे का दरवाजा बंद देखकर खटखटाया। आवाज न आने पर बेटी को सोता समझकर अपने काम में लग गईं। शाम को पांच बजे गोपाल तहसील से आए तो उन्होंने भी बेटी के कमरे का दरवाजा खटखटाया। कोई जवाब नहीं आया तो उन्होंने दरवाजे को झटके से धकेला तो कुंडी टूट गई। अंदर बेटी का शव फंदे से लटका था। सूचना पर पहुंची पुलिस ने छानबीन कर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। परिवार वालों ने बताया कि आठ दिसंबर को सीटेट की परीक्षा हुई थी। परीक्षा में कुछ प्रश्न गलत हो गए थेे तभी से ममता टेंशन में थी। परिवार वालों ने उसे काफी समझाया भी था। ममता ने इसी वर्ष बीटीसी की परीक्षा उत्तीर्ण की थी।
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