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टीकाकरण में फतेहपुर, बंकी और सिद्वौर की प्रगति खराब
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बाराबंकी। कोरोना की तीसरी लहर ने अपने तीखे तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। इससे बचाव का सबसे सुरक्षित और आसान तरीका टीकाकरण हैं। लेकिन विभागीय लापरवाही के चलते टीकाकरण को वह गति नहीं मिल रही है जिसकी अपेक्षा की जा रही है। डीएम की डांट फटकार और सख्ती के बाद भी लापरवाह सुधर नहीं रहे हैं। यहीं कारण है कि जिले के तीन ब्लॉकों फतेहपुर, बंकी और सिद्धौर की स्थिति काफी खराब है। जबकि जिला प्रशासन जल्द से जल्द सभी को टीकाकरण से आच्छादित करने के प्रयास में है।
जिले में 18 प्लस वालों की संख्या 22 लाख 38 हजार के आसपास है जिन्हें कोरोना का टीका लगाया जाना है। लेकिन अभी तक महज 21 लाख को ही टीके लगाए जा सके हैं। टीकाकरण में सबसे खराब स्थिति फतेहपुर 74.3 प्रतिशत, बंकी 75.2 प्रतिशत और सिद्धौर 78.6 प्रतिशत तीन ब्लॉकों की है। जबकि सबसे बेहतर स्थिति में मसौली ब्लॉक की है।
यहां पर अभी तक 87.2 प्रतिशत लोगों को टीके लगाए जा सके हैं। दूसरे नंबर पर बनीकोडर है, यहां पर 84.7 और तीसरे नंबर पर दरियाबाद ब्लॉक है, यहां पर अभी तक 86.2 प्रतिशत लोगों को कोरोना का टीका लगाया जा चुका है। डीएम लगातार इसकी समीक्षा कर रहे हैं।
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प्रतिदिन शाम को बैठक कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दे रहे हैं और खुद फील्ड में जाकर हकीकत से रूबरू हो रहे हैं। लेकिन डीएम के इस प्रयास पर जिम्मेदार ही पानी फेरने का काम कर रहे हैं। डीएम भले ही टीकाकरण के प्रति गंभीर दिखाई दे रहे हों पर लापरवाह सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं।
इस बाबत सीएमओ डॉ. रामजी वर्मा ने बताया कि टीकाकरण की प्रगति तीन ब्लॉकों की संतोषजनक नहीं है। इसमें सुधार के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। डीएम द्वारा टीकाकरण की प्रतिदिन समीक्षा भी की जा रही है। प्रयास तेजी से चल रहा है। जल्द से जल्द हम लोगों का शत-प्रतिशत टीकाकरण करने में सफल होंगे। (संवाद)
शत-प्रतिशत टीकाकरण की तैयारी
विधानसभा चुनाव और कोविड के बढ़ते मामलों को देखते हुए प्रशासन शत-प्रतिशत टीकाकरण कराने की तैयारी में हैं। इसके लिए पूर्ति विभाग, राजस्व विभाग, बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग को जिम्मेदारी सौंपी गई है। लेकिन इन लोगों से अपेक्षित सहयोग नहीं मिल पा रहा है। जिनकी ड्यूटी लगाई गई है वह केंद्रों पर मिलते ही नहीं है। यहीं कारण है कि टीकाकरण की रफ्तार बढ़ नहीं पा रही है।
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जिले में 18 प्लस वालों की संख्या 22 लाख 38 हजार के आसपास है जिन्हें कोरोना का टीका लगाया जाना है। लेकिन अभी तक महज 21 लाख को ही टीके लगाए जा सके हैं। टीकाकरण में सबसे खराब स्थिति फतेहपुर 74.3 प्रतिशत, बंकी 75.2 प्रतिशत और सिद्धौर 78.6 प्रतिशत तीन ब्लॉकों की है। जबकि सबसे बेहतर स्थिति में मसौली ब्लॉक की है।
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यहां पर अभी तक 87.2 प्रतिशत लोगों को टीके लगाए जा सके हैं। दूसरे नंबर पर बनीकोडर है, यहां पर 84.7 और तीसरे नंबर पर दरियाबाद ब्लॉक है, यहां पर अभी तक 86.2 प्रतिशत लोगों को कोरोना का टीका लगाया जा चुका है। डीएम लगातार इसकी समीक्षा कर रहे हैं।
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प्रतिदिन शाम को बैठक कर अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दे रहे हैं और खुद फील्ड में जाकर हकीकत से रूबरू हो रहे हैं। लेकिन डीएम के इस प्रयास पर जिम्मेदार ही पानी फेरने का काम कर रहे हैं। डीएम भले ही टीकाकरण के प्रति गंभीर दिखाई दे रहे हों पर लापरवाह सुधरने का नाम नहीं ले रहे हैं।
इस बाबत सीएमओ डॉ. रामजी वर्मा ने बताया कि टीकाकरण की प्रगति तीन ब्लॉकों की संतोषजनक नहीं है। इसमें सुधार के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। डीएम द्वारा टीकाकरण की प्रतिदिन समीक्षा भी की जा रही है। प्रयास तेजी से चल रहा है। जल्द से जल्द हम लोगों का शत-प्रतिशत टीकाकरण करने में सफल होंगे। (संवाद)
शत-प्रतिशत टीकाकरण की तैयारी
विधानसभा चुनाव और कोविड के बढ़ते मामलों को देखते हुए प्रशासन शत-प्रतिशत टीकाकरण कराने की तैयारी में हैं। इसके लिए पूर्ति विभाग, राजस्व विभाग, बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग को जिम्मेदारी सौंपी गई है। लेकिन इन लोगों से अपेक्षित सहयोग नहीं मिल पा रहा है। जिनकी ड्यूटी लगाई गई है वह केंद्रों पर मिलते ही नहीं है। यहीं कारण है कि टीकाकरण की रफ्तार बढ़ नहीं पा रही है।