{"_id":"58275e844f1c1b4709b37674","slug":"silence-in-bullion-the-second-day-closure","type":"story","status":"publish","title_hn":"सराफा में सन्नाटा, दूसरे दिन भी बंदी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
सराफा में सन्नाटा, दूसरे दिन भी बंदी
ब्यूरो, अमर उजाला, बांदा
Updated Sat, 12 Nov 2016 11:55 PM IST
विज्ञापन
बांदा में बंद रहा सर्राफा बाजार।
- फोटो : अमर उजाला
बांदा। नोट बंदी के फौरन बाद से तीन दिन तक चांदी काटते रहे सराफा कारोबारियों की दुकानें अब बंद हो गईं हैं। सर्राफा एसोसिएशन के निर्णय पर बाजार में ताले पड़ गए हैं। मंगलवार की रात नोट बंद होने की खबर आते ही बड़ी संख्या में लोगों ने चलन से बाहर नोटों से सोना-चांदी खरीदा।
सर्राफों ने इसका फायदा दोगुना से अधिक दामों में सोना बेचकर उठाया। अगले दो दिन तक भी यह चलता रहा। इस बीच सर्राफा व्यवसायियों की हो रही किरकिरी और आयकर विभाग की निगाहों पर शुक्रवार को दोपहर बाद सर्राफा एसोसिएशन अध्यक्ष राधाकृष्ण गोयल (किशन भइया) ने दुकानें बंद करा दीं। शुरुआत अपने दुकान से की। नतीजतन शनिवार को भी सर्राफा व्यापार बंद रहा। करोड़ों का कारोबार थम गया।
विज्ञापन
सर्राफों ने इसका फायदा दोगुना से अधिक दामों में सोना बेचकर उठाया। अगले दो दिन तक भी यह चलता रहा। इस बीच सर्राफा व्यवसायियों की हो रही किरकिरी और आयकर विभाग की निगाहों पर शुक्रवार को दोपहर बाद सर्राफा एसोसिएशन अध्यक्ष राधाकृष्ण गोयल (किशन भइया) ने दुकानें बंद करा दीं। शुरुआत अपने दुकान से की। नतीजतन शनिवार को भी सर्राफा व्यापार बंद रहा। करोड़ों का कारोबार थम गया।
विज्ञापन