बलिया। फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया व्यापार मंडल के पदाधिकारियों और सदस्यों ने प्रधानमंत्री और वित्तमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के प्रतिनिधि सीडीओ को सौंपा। जिसमें यूपीआई लेन-देन पर प्रस्तावित एमडीआर (मर्चेंट डिस्काउंट रेट) शुल्क व्यवस्था वापस लेने की मांग की गई।
व्यापारियों ने कहा कि दो हजार रुपये से अधिक के व्यापारी यूपीआई लेन-देन पर प्रस्तावित एमडीआर शुल्क व्यवस्था पर पुनर्विचार कर इसे वापस लिया जाए। संगठन का कहना है कि व्यापारियों ने देश में डिजिटल भुगतान और यूपीआई को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। ऐसे में डिजिटल भुगतान स्वीकार करने पर अतिरिक्त लागत का भार पड़ने से व्यापारियों की परिचालन लागत बढ़ेगी। फेडरेशन के प्रदेश अध्यक्ष भूपेंद्र सिंह सोबती के नेतृत्व में प्रदेश स्तर पर चलाए जा रहे अभियान के क्रम में यह पत्रक सौंपा गया। व्यापारियों ने यूपीआई को शून्य एमडीआर व्यवस्था के तहत जारी रखने और छोटे, मध्यम व बड़े सभी व्यापारियों को डिजिटल भुगतान की अतिरिक्त लागत से मुक्त रखने की मांग की। इस दौरान अरविंद गांधी, प्रदीप वर्मा, प्रीतम गुप्ता, विजय गुप्ता, जितेंद्र चतुर्वेदी, रजनीकांत सिंह आदि मौजूद रहे।