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तराई में भारी बारिश
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sat, 02 Jul 2016 09:50 PM IST
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घरों में घुसा पानी
- फोटो : अमर उजाला
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गर्मी व उमस से परेशान तराई के लोग शनिवार को हुई आठ घंटे की बारिश से दिक्कत में आ गए। रिकॉर्ड 104 मिलीमीटर वर्षा से कलेक्ट्रेट, जिला अस्पताल समेत कई कार्यालयों, कालोनियों व मोहल्ले में जलभराव हो गया। तीन मोहल्ले दोपहर बाद तक जलमग्न रहे।
डेढ़ दर्जन से अधिक मकानों की दीवारें ढह गईं। शुक्रवार रात भर शहर से लेकर गांव तक बिजली गुल रही। तराई में मानसून सक्रिय होने के बाद शुक्रवार रात दो बजे गरज-चमक के साथ शुरू हुई मूसलाधार वर्षा का क्रम सुबह 10 बजे तक जारी रहा। आठ घंटे की भारी वर्षा के चलते शहर और कस्बे भारी जल भराव हो गया।
जिला अस्पताल, महिला अस्पताल व टीबी क्लीनिक परिसर में घुटनों तक पानी भरने से मरीजों और तीमारदारों को परेशानी हुई। कलेक्ट्रेट इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक का क्षेत्रीय कार्यालय परिसर, बीएसए आफिस व जिला पुस्तकालय, हूजूरपुर रोड स्थित न्यायिक व आफिसर्स कालोनी के साथ कई मोहल्लों में काफी पानी भर गया।
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घसियारीपुरा, रायपुर राजा और बख्शीपुरा नईबस्ती मोहल्ले जलभराव से तालाब बन गए। इन मोहल्ले के घरों में घुटने व कमर तक पानी भरने से तमाम सामान बर्बाद हो गया। तीनों मोहल्लों के करीब डेढ़ हजार परिवार प्रभावित हुए। शहर में कलेक्ट्रेट, नौवागढ़ी व ग्रामीण अंचलों में कई स्थानों पर पेड़ गिरे हैं।
मोहल्ला रायपुर राजा में केडीसी के प्राचार्य एसपी सिंह के मकान की चारदीवारी ढह गई। बख्शीपुरा में व्यावसायिक प्रतिष्ठान की बाउंड्री के साथ दो व्यक्तियों के मकान की दीवारें गिर गईं। पयागपुर, नानपारा, नवाबगंज, रिसिया में भी भारी वर्षा के चलते मकानों की दीवारें ढहीं लेकिन किसी को चोट नहीं आई।
भारी वर्षा के चलते पूरी रात शहर और ग्रामीण अंचलों में विद्युत आपूर्ति प्रभावित रही। लोगों ने अंधेरे में रात गुजारी। हालांकि सुबह छह बजे के करीब आपूर्ति बहाल हुई।
इस दौरान पेयजल संकट से लोगों को जूझना पड़ा। फसल अनुसंधान केंद्र के प्रभारी वैज्ञानिक डॉ. एमवी सिंह ने बताया कि 104 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड हुई है। पूर्वानुमान के मुताबिक तीन दिन झमाझम वर्षा का क्रम जारी रहेगा।
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डेढ़ दर्जन से अधिक मकानों की दीवारें ढह गईं। शुक्रवार रात भर शहर से लेकर गांव तक बिजली गुल रही। तराई में मानसून सक्रिय होने के बाद शुक्रवार रात दो बजे गरज-चमक के साथ शुरू हुई मूसलाधार वर्षा का क्रम सुबह 10 बजे तक जारी रहा। आठ घंटे की भारी वर्षा के चलते शहर और कस्बे भारी जल भराव हो गया।
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जिला अस्पताल, महिला अस्पताल व टीबी क्लीनिक परिसर में घुटनों तक पानी भरने से मरीजों और तीमारदारों को परेशानी हुई। कलेक्ट्रेट इलाहाबाद यूपी ग्रामीण बैंक का क्षेत्रीय कार्यालय परिसर, बीएसए आफिस व जिला पुस्तकालय, हूजूरपुर रोड स्थित न्यायिक व आफिसर्स कालोनी के साथ कई मोहल्लों में काफी पानी भर गया।
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घसियारीपुरा, रायपुर राजा और बख्शीपुरा नईबस्ती मोहल्ले जलभराव से तालाब बन गए। इन मोहल्ले के घरों में घुटने व कमर तक पानी भरने से तमाम सामान बर्बाद हो गया। तीनों मोहल्लों के करीब डेढ़ हजार परिवार प्रभावित हुए। शहर में कलेक्ट्रेट, नौवागढ़ी व ग्रामीण अंचलों में कई स्थानों पर पेड़ गिरे हैं।
मोहल्ला रायपुर राजा में केडीसी के प्राचार्य एसपी सिंह के मकान की चारदीवारी ढह गई। बख्शीपुरा में व्यावसायिक प्रतिष्ठान की बाउंड्री के साथ दो व्यक्तियों के मकान की दीवारें गिर गईं। पयागपुर, नानपारा, नवाबगंज, रिसिया में भी भारी वर्षा के चलते मकानों की दीवारें ढहीं लेकिन किसी को चोट नहीं आई।
भारी वर्षा के चलते पूरी रात शहर और ग्रामीण अंचलों में विद्युत आपूर्ति प्रभावित रही। लोगों ने अंधेरे में रात गुजारी। हालांकि सुबह छह बजे के करीब आपूर्ति बहाल हुई।
इस दौरान पेयजल संकट से लोगों को जूझना पड़ा। फसल अनुसंधान केंद्र के प्रभारी वैज्ञानिक डॉ. एमवी सिंह ने बताया कि 104 मिलीमीटर वर्षा रिकॉर्ड हुई है। पूर्वानुमान के मुताबिक तीन दिन झमाझम वर्षा का क्रम जारी रहेगा।