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गबंगों का दुस्साहस: क्लीनिक में घुसकर डॉक्टर पर जानलेवा हमला, चिकित्सक ने पुलिस पर लगाए गंभीर आरोप
Sat, 01 Nov 2025 06:38 PM IST
प्रगति चंद
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
Published by: प्रगति चंद
Updated Sat, 01 Nov 2025 06:38 PM IST
सार
Azamgarh News: आजमगढ़ जिले में क्लीनिक में घुसकर डॉक्टर पर जानलेवा हमला किया गया। इस दौरान डॉक्टर एक बदमाश से भिड़ गया। जिसके बाद दोनों लड़ते हुए सड़क पर कीचड़ में पहुंच गए।
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मौके पर जुटे लोग
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
आजमगढ़ जिले के अहरौला थाना क्षेत्र के माहुल नगर पंचायत में माहुल पुलिस चौकी से मात्र 400 मीटर दूरी पर अवैध असलहे से लैस एक बाइक सवार दो बदमाशों ने एक डॉक्टर के क्लीनिक में घुसकर डॉक्टर के सिर पर बट से मारकर घायल कर दिया। डॉक्टर भी असलहा लैस बदमाश से भिड़ गए और दोनों झगड़ा करते हुए सड़क तक आ गए। सड़क पर बदमाश और डॉक्टर दोनों कीचड़ में गिरे, जिसके बदमाश का गमछा और हाथ में लिया हुआ असलहा डॉक्टर के हाथ में आ गया। इसी बीच बदमाश मौका देखकर वहां से फरार हो गए।
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जानकारी के अनुसार डॉक्टर वीरेंद्र कुमार प्रजापति अहरौला थाना क्षेत्र के समसल्लीपुर गांव के निवासी हैं और माहुल में अपना क्लीनिक चलाते हैं। जहां पर शनिवार लगभग 12 बजे बाइक सवार दो बदमाशों ने घटना को अंजाम दिया। सूचना पर डायल 112 चौकी इंचार्ज माहुल सुधीर सिंह मौके पर पहुंच गए।
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वहीं पीड़ित डॉक्टर वीरेंद्र प्रजापति का आरोप है कि माहुल चौकी इंचार्ज सुधीर सिंह मौके पर पहुंचे लेकिन चौकी इंचार्ज तमाशबीन की भूमिका में दिखे। यहां तक कि 112 पुलिस ने चौकी इंचार्ज के साथ थाने पर जाने को कहा।
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डॉक्टर का आरोप है कि चौकी इंचार्ज ने थाने पर लेकर जाने के बजाय खुद असलहा लेकर थाने पर जाने को कहा। डॉक्टर खुद अकेले असलहा लेकर थाने पहुंचे। थाने पर मौजूद स्टाफ ने तहरीर लेने से मना कर दिया, तहरीर न लिए जाने पर डॉक्टर ने एसपी से फोन पर शिकायत की और व्हाट्सएप के जरिए तहरीर भी भेजी। दो घंटे बाद थाने पर पहुंचे थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने तहरीर लेकर डॉक्टर से घटना के संबंध में जानकारी ली।
थानाध्यक्ष प्रदीप कुमार ने बताया कि मामले में छीना गया असलहा नहीं लाइटर है। अन्य पहलुओं पर जांच की जा रही है। बताया कि आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जा रहा है।