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Azamgarh News: इंस्पायर अवार्ड के लिए आवेदन में जिला फिसड्डी
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आजमगढ़। इंस्पायर अवॉर्ड योजना के लिए आवेदन करने के मामले में आजमगढ़ जिला प्रदेश में फिसड्डी है। डेढ़ महीने बाद भी जिले में लक्ष्य के मुकाबले 15 प्रतिशत से कम आवेदन हुए हैं। आवेदन कम होने पर स्कूल शिक्षा महानिदेशक ने कई जिलों पर नाराजगी व्यक्त की है। इसमें आजमगढ़ भी शामिल है। डीआईओएस और बीएसए को निर्देशित किया गया कि आवेदन करवाएं।
योजना के तहत छठवीं से 10वीं तक के छात्र-छात्राओं से मौलिक विचारों और रोजमर्रा की समस्या को सुलझाने वाले आइडिया लिया जाता है। जिन बच्चों का आइडिया चयनित होगा, उन्हें 10 हजार दिया जाता है। अगर वह आइडिया अगले चरण में शामिल होता है तो उन बच्चों को राष्ट्रपति पुरस्कृत करेंगे। साथ ही उसे स्टार्टअप इंडिया और स्किल इंडिया से जोड़ा जाएगा। राष्ट्रीय स्तर पर चयनित छात्र-छात्राओं को विदेश के वैज्ञानिक संस्थानों में भी जाने का मौका मिलेगा। इस योजना में प्रत्येक विद्यालय से अधिकतम पांच बच्चे का आइडिया लिया जाना है। लेकिन जनपद में लक्ष्य के मुकाबले 15 फीसदी भी आवेदन नहीं हो पाए हैं।
नोडल अधिकारी के नेतृत्व में ब्लॉक स्तर पर भी स्कूलों में इंस्पायर अवार्ड योजना के आवेदन को लेकर प्रेरित किया जा रहा है। कहीं कोई कोर कसर न छूटे, इस संबंध में सजग किया गया है। परिषदीय स्कूलों में भी प्रयास जारी है। - वीरेंद्र प्रताप सिंह, डीआईओएस।
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योजना के तहत छठवीं से 10वीं तक के छात्र-छात्राओं से मौलिक विचारों और रोजमर्रा की समस्या को सुलझाने वाले आइडिया लिया जाता है। जिन बच्चों का आइडिया चयनित होगा, उन्हें 10 हजार दिया जाता है। अगर वह आइडिया अगले चरण में शामिल होता है तो उन बच्चों को राष्ट्रपति पुरस्कृत करेंगे। साथ ही उसे स्टार्टअप इंडिया और स्किल इंडिया से जोड़ा जाएगा। राष्ट्रीय स्तर पर चयनित छात्र-छात्राओं को विदेश के वैज्ञानिक संस्थानों में भी जाने का मौका मिलेगा। इस योजना में प्रत्येक विद्यालय से अधिकतम पांच बच्चे का आइडिया लिया जाना है। लेकिन जनपद में लक्ष्य के मुकाबले 15 फीसदी भी आवेदन नहीं हो पाए हैं।
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नोडल अधिकारी के नेतृत्व में ब्लॉक स्तर पर भी स्कूलों में इंस्पायर अवार्ड योजना के आवेदन को लेकर प्रेरित किया जा रहा है। कहीं कोई कोर कसर न छूटे, इस संबंध में सजग किया गया है। परिषदीय स्कूलों में भी प्रयास जारी है। - वीरेंद्र प्रताप सिंह, डीआईओएस।
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