फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Azamgarh News ›   Azamgarh police busted an international gang involved in cyber fraud of 95 crore and arrested seven people

आजमगढ़ पुलिस का एक्शन: 95 करोड़ की साइबर ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गैंग का पर्दाफाश, सात आरोपी गिरफ्तार

Sat, 22 Mar 2025 02:57 PM IST
प्रगति चंद अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़।
अमर उजाला नेटवर्क, आजमगढ़। Published by: प्रगति चंद Updated Sat, 22 Mar 2025 02:57 PM IST
सार

Azamgarh News: आजमगढ़ जिले की पुलिस ने साइबर अपराधियों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 95 करोड़ की साइबर ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय गैंग का पर्दाफाश करते हुए सात लोगों को गिरफ्तार किया है। 

विज्ञापन
Azamgarh police busted an international gang involved in cyber fraud of 95 crore and arrested seven people
आजमगढ़ पुलिस के गिरफ्त में सभी आरोपी - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

आजमगढ़ जिले की पुलिस ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए ऑनलाइन गेमिंग के नाम पर 95 करोड़ रुपये की साइबर ठगी करने वाले अंतरराष्ट्रीय संगठित गिरोह का भंडाफोड़ किया है। इस कार्रवाई में सात अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है। एसएसपी हेमराज मीना के नेतृत्व में चलाए गए अभियान के तहत पुलिस ने 208 बैंक खातों में से 1 करोड़ रुपये फ्रीज किए। पुलिस ने 15 लाख रुपये मूल्य का सामान बरामद किया, जिसमें 20 हजार रुपये नकद, 51 मोबाइल फोन, 4 लैपटॉप, 42 एटीएम कार्ड, 13 बैंक पासबुक, 79 सिम कार्ड, 4 चेकबुक और 1 फाइबर राउटर शामिल हैं। 

विज्ञापन

 
इस प्रकार देते थे ठगी को अंजाम
पुलिस के अनुसार, यह गैंग 'क्रिकेट बज' नामक अवैध ऑनलाइन गेम के जरिए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स जैसे व्हाट्सएप, टेलीग्राम और फेसबुक पर लोगों को झांसा देता था। अभियुक्त विज्ञापनों के माध्यम से लोगों को लुभाते थे और उन्हें वेबसाइट (https://allpanels.com.in) पर लॉगिन कराकर गेम या टास्क पूरा करने का लालच देकर पैसे दोगुने-तीगुने करने का वादा करते थे। इसके बाद ठगी का पैसा फर्जी बैंक खातों और मोबाइल नंबरों के जरिए ट्रांसफर कर लिया जाता था। इस गैंग के सदस्य भारत के साथ-साथ श्रीलंका और यूएई जैसे देशों से जुड़े थे और व्हाट्सएप ग्रुप्स के जरिए ठगी के पैसे का लेन-देन करते थे। 
विज्ञापन


गिरफ्तारी और अभियान का विवरण

यह कार्रवाई साइबर क्राइम थाना आजमगढ़ में दर्ज मुकदमा संख्या 70/2024 की जांच के दौरान हुई, जिसमें धारा 318(4), 319(2), 336(3), 338, 340(2), 111 बीएनएस, 66सी, 66डी आईटी एक्ट और 3 सार्वजनिक जुआ अधिनियम के तहत मामला दर्ज था। मुखबिर की सूचना और मोबाइल नंबरों व बैंक खातों की लोकेशन की जांच के आधार पर 22 मार्च 2025 को साइबर क्राइम थाना और स्वाट टीम ने संयुक्त ऑपरेशन चलाकर वाराणसी के पांडेयपुर, थाना बड़ालालपुर से 7 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया।

गिरफ्तार अभियुक्तों में 6 उत्तर प्रदेश और 1 पश्चिम बंगाल से है। देश के विभिन्न राज्यों में इनके खिलाफ 45 साइबर ठगी की शिकायतें दर्ज हैं। गिरफ्तार अभियुक्तों में शुभम जायसवाल (मिर्जापुर), धनजीत यादव (जौनपुर), अजय यादव (वाराणसी), अभय राय (चंदौली), अविनाश राय (पश्चिम बंगाल), शुभम यादव (वाराणसी) और पीयूष यादव (जौनपुर) शामिल हैं।
विज्ञापन

बोले आरोपी वाराणसी में छिपकर करते थे धंधा

पूछताछ में आरोपी ने बताया कि नवंबर 2024 में आजमगढ़ से 11 लोग पकड़े जाने के बाद वे वाराणसी में छिपकर यह धंधा चला रहे थे। ससे पहले नवंबर 2024 में आजमगढ़ पुलिस ने रेडी अन्ना, लोटस और महादेव जैसे प्रतिबंधित ऐप्स के जरिए 190 करोड़ की ठगी करने वाले एक अन्य अंतरराष्ट्रीय गैंग का पर्दाफाश किया था, जिसमें 11 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक हेमराज मीना ने कहा कि साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस का अभियान लगातार जारी रहेगा। इस ऑपरेशन में साइबर क्राइम थाना प्रभारी निरीक्षक राजीव कुमार यादव, स्वाट टीम और सर्विलांस टीम ने अहम भूमिका निभाई। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed