{"_id":"695e792fd2f67e569a057bc1","slug":"ot-and-lab-of-sahu-medical-center-sealed-patient-admission-stopped-ayodhya-news-c-97-1-ayo1005-140734-2026-01-07","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ayodhya News: साहू मेडिकल सेंटर की ओटी और लैब सील, मरीज भर्ती पर रोक","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ayodhya News: साहू मेडिकल सेंटर की ओटी और लैब सील, मरीज भर्ती पर रोक
Wed, 07 Jan 2026 08:48 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Wed, 07 Jan 2026 08:48 PM IST
विज्ञापन
28-साहू मेडिकल सेंटर सील करने के दौरान मौजूद स्वास्थ्य विभाग की टीम।-स्वास्थ्य विभाग
अयोध्या। सोहावल बाजार में संचालित साहू मेडिकल सेंटर की ओटी और लैब सील कर दी गई है। जांच पूरी होने तक अस्पताल में मरीज भर्ती करने पर रोक लगाई गई है। नवजात की मौत मामले में बुधवार को जांच करने गई स्वास्थ्य टीम ने यह कार्रवाई की है।
बाबा बाजार थाना क्षेत्र के अमराई गांव निवासी विवेक कुमार चौहान ने सीएमओ को शिकायती पत्र दिया था। इसके अनुसार उन्होंने 19 दिसंबर की रात 11:30 बजे प्रसव पीड़ा होने पर अपनी पत्नी सरिता को साहू मेडिकल सेंटर में भर्ती कराया था। अस्पताल में स्टाफ की लापरवाही से उनके नवजात की मौत हो गई। उन्होंने डॉ. विपिन बिहारी साहू से शिकायत की तो उनकी पिटाई करके उनसे अभद्र व्यवहार किया गया।
इसकी जांच के लिए बुधवार की दोपहर में डिप्टी सीएमओ राजेश चौधरी टीम के साथ साहू मेडिकल सेंटर गए थे। डिप्टी सीएमओ ने बताया कि निरीक्षण के समय दो मरीज सिजेरियन प्रसव के बाद भर्ती थे। उनकी फाइलों पर किसी भी सर्जन व निश्चेतक के हस्ताक्षर व नोट्स नहीं थे। सरिता की फाइल भी महज एक पन्ने की थी, जिस पर बीएएमएस चिकित्सक डाॅ. विपिन बिहारी साहू के हस्ताक्षर थे, जो ऑपरेशन योग्य नहीं हैं।
विज्ञापन
ओटी में मेडिकल कचरा निस्तारण की समुचित व्यवस्था नहीं थी। मौके से एक स्टाफ नर्स व एक एएनएम मौजूद मिली। पूछताछ में भी वह ऑपरेशन करने वाले चिकित्सकों के नाम नहीं बता सके। इसलिए ओटी और लैब सील कर दी गई है। मामले की जांच की जा रही है। इस मौके पर शशिकांत तिवारी, विजय कुमार आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
बाबा बाजार थाना क्षेत्र के अमराई गांव निवासी विवेक कुमार चौहान ने सीएमओ को शिकायती पत्र दिया था। इसके अनुसार उन्होंने 19 दिसंबर की रात 11:30 बजे प्रसव पीड़ा होने पर अपनी पत्नी सरिता को साहू मेडिकल सेंटर में भर्ती कराया था। अस्पताल में स्टाफ की लापरवाही से उनके नवजात की मौत हो गई। उन्होंने डॉ. विपिन बिहारी साहू से शिकायत की तो उनकी पिटाई करके उनसे अभद्र व्यवहार किया गया।
विज्ञापन
इसकी जांच के लिए बुधवार की दोपहर में डिप्टी सीएमओ राजेश चौधरी टीम के साथ साहू मेडिकल सेंटर गए थे। डिप्टी सीएमओ ने बताया कि निरीक्षण के समय दो मरीज सिजेरियन प्रसव के बाद भर्ती थे। उनकी फाइलों पर किसी भी सर्जन व निश्चेतक के हस्ताक्षर व नोट्स नहीं थे। सरिता की फाइल भी महज एक पन्ने की थी, जिस पर बीएएमएस चिकित्सक डाॅ. विपिन बिहारी साहू के हस्ताक्षर थे, जो ऑपरेशन योग्य नहीं हैं।
विज्ञापन
ओटी में मेडिकल कचरा निस्तारण की समुचित व्यवस्था नहीं थी। मौके से एक स्टाफ नर्स व एक एएनएम मौजूद मिली। पूछताछ में भी वह ऑपरेशन करने वाले चिकित्सकों के नाम नहीं बता सके। इसलिए ओटी और लैब सील कर दी गई है। मामले की जांच की जा रही है। इस मौके पर शशिकांत तिवारी, विजय कुमार आदि मौजूद रहे।