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Ayodhya News: कुवैत में फंसे अयोध्या के सैकड़ों प्रवासी, वापसी पर एक लाख खर्च
Sun, 05 Apr 2026 09:16 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Sun, 05 Apr 2026 09:16 PM IST
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मवई। पश्चिम एशिया में जारी युद्ध के कारण कुवैत में अयोध्या जिले के सैकड़ों प्रवासी भारतीय फंसे हुए हैं। हवाई और समुद्री मार्ग प्रभावित होने से उनकी स्वदेश वापसी मुश्किल हो गई है, जिससे वे भय के माहौल में दिन काट रहे हैं। कई प्रवासी शादी-विवाह के सीजन में भी घर नहीं पहुंच पा रहे हैं।
कुवैत, दुबई और बहरीन से अपने देश लौटना चुनौतीपूर्ण हो गया है। कुवैत से लौटे रानीमऊ निवासी महफूज खां ने बताया कि एयरलाइंस वैकल्पिक मार्ग सुझा रही हैं, लेकिन यह सफर लंबा और जोखिम भरा है। मखदूमपुर के असगर के अनुसार, लोग बस से सऊदी अरब पहुंचकर दम्माम, रियाद या जेद्दा से भारत लौट रहे हैं। इस वैकल्पिक मार्ग पर एक लाख रुपये से अधिक का खर्च आ रहा है। पटरंगा के सुहेल अहमद ने हालात को भयावह बताया और कहा कि बाहर निकलना भी मुश्किल हो गया है। प्रवासियों के परिजन भी चिंतित हैं।
दुबई से लौटे प्रवासियों ने बताया कि अलर्ट संदेश आते ही डर का माहौल बन जाता है। स्थानीय सरकार और भारतीय दूतावास स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। हालांकि, बढ़ते तनाव ने प्रवासियों का आर्थिक व मानसिक दबाव बढ़ा दिया है।
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कुवैत, दुबई और बहरीन से अपने देश लौटना चुनौतीपूर्ण हो गया है। कुवैत से लौटे रानीमऊ निवासी महफूज खां ने बताया कि एयरलाइंस वैकल्पिक मार्ग सुझा रही हैं, लेकिन यह सफर लंबा और जोखिम भरा है। मखदूमपुर के असगर के अनुसार, लोग बस से सऊदी अरब पहुंचकर दम्माम, रियाद या जेद्दा से भारत लौट रहे हैं। इस वैकल्पिक मार्ग पर एक लाख रुपये से अधिक का खर्च आ रहा है। पटरंगा के सुहेल अहमद ने हालात को भयावह बताया और कहा कि बाहर निकलना भी मुश्किल हो गया है। प्रवासियों के परिजन भी चिंतित हैं।
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दुबई से लौटे प्रवासियों ने बताया कि अलर्ट संदेश आते ही डर का माहौल बन जाता है। स्थानीय सरकार और भारतीय दूतावास स्थिति पर नजर रखे हुए हैं। हालांकि, बढ़ते तनाव ने प्रवासियों का आर्थिक व मानसिक दबाव बढ़ा दिया है।
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