{"_id":"6978eb5c975e29458d0dfb44","slug":"deputy-commissioner-of-gst-resigns-in-support-of-the-government-ayodhya-news-c-97-1-ayo1005-141931-2026-01-27","type":"story","status":"publish","title_hn":"Ayodhya News: सरकार के समर्थन में जीएसटी के उपायुक्त का इस्तीफा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Ayodhya News: सरकार के समर्थन में जीएसटी के उपायुक्त का इस्तीफा
Tue, 27 Jan 2026 10:14 PM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
Updated Tue, 27 Jan 2026 10:14 PM IST
विज्ञापन
11-इस्तीफे के साथ कार्यालय में मौजूद उपायुक्त कर प्रशांत सिंह।-संवाद
अयोध्या। विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के विरोध के बीच मंगलवार को जिले में एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया है। स्टेट जीएसटी के उपायुक्त कर प्रशांत सिंह ने शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के बयानों से आहत होकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और सरकार के समर्थन में अपना इस्तीफा दिया है। पहली बार सरकार के समर्थन में दिए गए इस्तीफे को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हैं।
राज्यपाल को संबोधित इस्तीफा मंगलवार को अपर आयुक्त ग्रेड-1 संतोष कुमार सौंपा है। इसमें उन्होंने कहा है कि विगत कई दिनों से प्रयागराज में प्रदेश सरकार व मुख्यमंत्री, गृहमंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री के विरुद्ध अविमुक्तेश्वरानंद शंकराचार्य की टिप्पणी से वह आहत हैं। वह प्रदेश सरकार के कर्मचारी हैं। इससे उन्हें आजीविका मिली है। इससे उनके परिवार का लालन-पालन होता है। यदि कोई प्रदेश सरकार के मुखिया के खिलाफ अनर्गल प्रलाप करता है तो उसका विरोध करना उनका राजकीय धर्म है।
शंकराचार्य की टिप्पणी को वह राज्य, संविधान व लोकतंत्र के विरुद्ध मानते हैं। शंकराचार्य भोले-भाले अधिकारियों को प्रलोभन देकर सरकार के विरुद्ध एक साजिश है। विगत कई दिन से शंकराचार्य समाज में जातिवाद का जहर घोल रहे हैं और देश व प्रदेश को अस्थिर करने का प्रयास कर रहे हैं, जिससे वह आहत हैं। वह एक सरकारी सेवक के साथ संवेदनशील व्यक्ति भी हैं। राष्ट्र, संविधान, राज्य, लोकतंत्र, लोकतांत्रिक पद्धति से चुने हुए प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री आदि के विरुद्ध अपमानजनक टिप्पणी से उनका मन आहत होना स्वाभाविक है। त्यागपत्र स्वीकार होने तक वह राजस्व के वृद्धि के लिए अपने पद और कर्तव्यों का निर्वहन करते रहेंगे।
विज्ञापन
इनसेट
निर्णय से हर कोई रहा दंग
मंगलवार की दोपहर एक बजे से ही उपायुक्त के इस्तीफे की चर्चा पूरे दफ्तर में फैलने लगी। इसे सुनकर हर कोई दंग रहा। सभी अधिकारी व कर्मचारी बार-बार उनके कार्यालय आकर उन्हें ऐसा करने से रोकते रहे। उनके सहकर्मियों ने भी उन्हें समझाने की कोशिश की, लेकिन वह अपने निर्णय पर अडिग रहे। अपनी पत्नी को फोन करके उन्होंने इस्तीफे की जानकारी दी और कैमरे के सामने ही भावुक हो गए।
इनसेट
तीन जिलों का दायित्व संभालते हैं उपायुक्त
उपायुक्त प्रशांत सिंह स्टेट जीएसटी की विशेष अनुसंधान शाखा (एसआईबी) में संभाग-ए का दायित्व संभालते हैं। उनके कार्यक्षेत्र में अयोध्या के अलावा सुल्तानपुर और अंबेडकर नगर जिले भी आते हैं। वह मूलरूप से आजमगढ़ के रहने वाले हैं। जिले में लगभग दो साल से तैनात हैं। एसआईबी की कार्रवाइयों के दौरान वह अक्सर सुर्खियों में रहते हैं।
विज्ञापन
राज्यपाल को संबोधित इस्तीफा मंगलवार को अपर आयुक्त ग्रेड-1 संतोष कुमार सौंपा है। इसमें उन्होंने कहा है कि विगत कई दिनों से प्रयागराज में प्रदेश सरकार व मुख्यमंत्री, गृहमंत्री अमित शाह और प्रधानमंत्री के विरुद्ध अविमुक्तेश्वरानंद शंकराचार्य की टिप्पणी से वह आहत हैं। वह प्रदेश सरकार के कर्मचारी हैं। इससे उन्हें आजीविका मिली है। इससे उनके परिवार का लालन-पालन होता है। यदि कोई प्रदेश सरकार के मुखिया के खिलाफ अनर्गल प्रलाप करता है तो उसका विरोध करना उनका राजकीय धर्म है।
विज्ञापन
शंकराचार्य की टिप्पणी को वह राज्य, संविधान व लोकतंत्र के विरुद्ध मानते हैं। शंकराचार्य भोले-भाले अधिकारियों को प्रलोभन देकर सरकार के विरुद्ध एक साजिश है। विगत कई दिन से शंकराचार्य समाज में जातिवाद का जहर घोल रहे हैं और देश व प्रदेश को अस्थिर करने का प्रयास कर रहे हैं, जिससे वह आहत हैं। वह एक सरकारी सेवक के साथ संवेदनशील व्यक्ति भी हैं। राष्ट्र, संविधान, राज्य, लोकतंत्र, लोकतांत्रिक पद्धति से चुने हुए प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री आदि के विरुद्ध अपमानजनक टिप्पणी से उनका मन आहत होना स्वाभाविक है। त्यागपत्र स्वीकार होने तक वह राजस्व के वृद्धि के लिए अपने पद और कर्तव्यों का निर्वहन करते रहेंगे।
विज्ञापन
इनसेट
निर्णय से हर कोई रहा दंग
मंगलवार की दोपहर एक बजे से ही उपायुक्त के इस्तीफे की चर्चा पूरे दफ्तर में फैलने लगी। इसे सुनकर हर कोई दंग रहा। सभी अधिकारी व कर्मचारी बार-बार उनके कार्यालय आकर उन्हें ऐसा करने से रोकते रहे। उनके सहकर्मियों ने भी उन्हें समझाने की कोशिश की, लेकिन वह अपने निर्णय पर अडिग रहे। अपनी पत्नी को फोन करके उन्होंने इस्तीफे की जानकारी दी और कैमरे के सामने ही भावुक हो गए।
इनसेट
तीन जिलों का दायित्व संभालते हैं उपायुक्त
उपायुक्त प्रशांत सिंह स्टेट जीएसटी की विशेष अनुसंधान शाखा (एसआईबी) में संभाग-ए का दायित्व संभालते हैं। उनके कार्यक्षेत्र में अयोध्या के अलावा सुल्तानपुर और अंबेडकर नगर जिले भी आते हैं। वह मूलरूप से आजमगढ़ के रहने वाले हैं। जिले में लगभग दो साल से तैनात हैं। एसआईबी की कार्रवाइयों के दौरान वह अक्सर सुर्खियों में रहते हैं।