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Ayodhya News: कूटरचित कागजात से वाहनों का क्रय-विक्रय करने के आरोपी को मिली जमानत
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अयोध्या। आरटीओ विभाग में वाहन स्वामित्व के हस्तांतरण में कूटरचित कागजात के सहारे फ्रॉड करने वाले आरोपी प्रमोद कुमार यादव की जमानत अर्जी स्वीकार करते हुए जमानत पर रिहा किए जाने का आदेश पारित किया गया है। यह आदेश अपर सत्र न्यायाधीश प्रथम सुरेंद्र मोहन सहाय की अदालत से हुआ है।
आरोपी प्रमोद कुमार यादव ने जमानत अर्जी में अपने को बेकसूर बताते हुए कहा कि वह वाहन का स्वामी रहा है। लोन लेकर वाहन खरीदा था जिसकी किस्त की अदायगी भी किया है। फाइनेंस कंपनी का कोई बकाया नहीं है। वाहन का विक्रय कर दिया है जिससे उस पर लगाए गए सभी आरोप झूठे हैं। न्यायाधीश ने आरोपी के अंतरिम जमानत पर अदालत के आदेश व निर्देशों के पालन में कोई चूक न होने एवं पत्रावली पर मौजूद तथ्यों को देखते हुए आरोपी प्रमोद यादव को एक लाख की जमानत धनराशि पर रिहा किए जाने का आदेश पारित किया है।
अभियोजन के अनुसार संभागीय परिवहन कार्यालय अयोध्या में कुछ वाहनों के स्वामित्व हस्तांतरण में कूटरचित कागजात पाए गए। सहायक परिवहन अधिकारी अयोध्या की ओर से आरोपी प्रमोद कुमार यादव सहित चोला मंडलम कंपनी के फाइनेंस मैनेजर, अनूप कुमार, मो. निजाम, झब्बर यादव, शिवकुमार, त्र्यंबक प्रताप चंद्र, राघवेंद्र प्रताप सिंह, अनिल कुमार यादव, गणेश कुमार, राज कुमार, राम करन, सुनील कुमार व अमरजीत कोरी के विरुद्ध थाना कोतवाली नगर में मुकदमा दर्ज कराया गया। वाहनों के फाइनेंस कंपनी से लोन का भुगतान हो जाने का बिना नो ड्यूज कराए वाहन के स्वामित्व को मिटा कर वाहनों को बेचने का काम आरोपियों पर लगाया गया है। मुकदमा के अन्य आरोपियों राम करन, राघवेंद्र प्रताप सिंह व सुनील की जमानत उच्च न्यायालय से पहले ही मंजूर हो चुकी है।
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आरोपी प्रमोद कुमार यादव ने जमानत अर्जी में अपने को बेकसूर बताते हुए कहा कि वह वाहन का स्वामी रहा है। लोन लेकर वाहन खरीदा था जिसकी किस्त की अदायगी भी किया है। फाइनेंस कंपनी का कोई बकाया नहीं है। वाहन का विक्रय कर दिया है जिससे उस पर लगाए गए सभी आरोप झूठे हैं। न्यायाधीश ने आरोपी के अंतरिम जमानत पर अदालत के आदेश व निर्देशों के पालन में कोई चूक न होने एवं पत्रावली पर मौजूद तथ्यों को देखते हुए आरोपी प्रमोद यादव को एक लाख की जमानत धनराशि पर रिहा किए जाने का आदेश पारित किया है।
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अभियोजन के अनुसार संभागीय परिवहन कार्यालय अयोध्या में कुछ वाहनों के स्वामित्व हस्तांतरण में कूटरचित कागजात पाए गए। सहायक परिवहन अधिकारी अयोध्या की ओर से आरोपी प्रमोद कुमार यादव सहित चोला मंडलम कंपनी के फाइनेंस मैनेजर, अनूप कुमार, मो. निजाम, झब्बर यादव, शिवकुमार, त्र्यंबक प्रताप चंद्र, राघवेंद्र प्रताप सिंह, अनिल कुमार यादव, गणेश कुमार, राज कुमार, राम करन, सुनील कुमार व अमरजीत कोरी के विरुद्ध थाना कोतवाली नगर में मुकदमा दर्ज कराया गया। वाहनों के फाइनेंस कंपनी से लोन का भुगतान हो जाने का बिना नो ड्यूज कराए वाहन के स्वामित्व को मिटा कर वाहनों को बेचने का काम आरोपियों पर लगाया गया है। मुकदमा के अन्य आरोपियों राम करन, राघवेंद्र प्रताप सिंह व सुनील की जमानत उच्च न्यायालय से पहले ही मंजूर हो चुकी है।
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