फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Auraiya News ›   Search for the operators of Maa Pitambara Hospital.

Auraiya News: मां पीतांबरा अस्पताल के संचालकों की तलाश

Mon, 12 Oct 2026 01:24 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Mon, 12 Oct 2026 01:24 AM IST
विज्ञापन
Search for the operators of Maa Pitambara Hospital.
फोटो-10- मां पीतांबरा अस्पताल को सील करते स्वास्थ्य कर्मी व मौजूद सीएचसी अधीक्षक डॉ. वीपी शाक्य
बिधूना। कस्बे के भरथना रोड स्थित मां पीतांबरा अस्पताल में इलाज के दौरान प्रसूता और नवजात की मौत के मामले में प्रशासन और पुलिस एक्शन मोड में आ गए हैं। गंभीर लापरवाही और हंगामे के बाद स्वास्थ्य विभाग ने अस्पताल को सील कर दिया है, वहीं पुलिस नामजद आरोपियों की तलाश में दबिश दे रही है। वहीं, स्वास्थ्य विभाग ने इस मामले की जांच को लेकर तीन सदस्यीय टीम गठित कर दी है।
विज्ञापन

भटौली गांव निवासी सुरजीत राठौर ने अस्पताल संचालक शिवा यादव, अभि यादव, प्रशांत यादव और चमन शर्मा के खिलाफ गंभीर धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कराई है। पति का आरोप लगाया कि अस्पताल में अनुभवी डॉक्टरों की कमी और घोर लापरवाही के चलते उनके मृत बच्चे का जन्म हुआ। विरोध करने पर संचालकों ने उसकी सास और उससे हाथापाई की, पत्नी की ऑक्सीजन हटा दी और बाद में शव को अपनी गाड़ी से कानपुर स्थित कार्डियोलॉजी अस्पताल के बाहर फेंककर फरार हो गए।
विज्ञापन

घटना से आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल के बाहर शव रखकर जमकर हंगामा किया और सड़क पर कार को तिरछा खड़ा कर जाम लगाने का प्रयास किया। हालांकि बाद में पुलिस ने कार को हटा दिया, लेकिन भीड़ के कारण वहां से निकलने वालों को परेशान होना पड़ा था। करीब तीन घंटे परिजन के हंगामे व अड़ने के बाद स्वास्थ्य विभाग से नोडल अधिकारी डॉ. देवनारायण व बिधूना सीएचसी अधीक्षक डॉ. बीपी शाक्य वहां पहुंचे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रात करीब आठ बजे एसडीएम कमल सिंह की मौजूदगी में अस्पताल को सील कर दिया गया। रविवार सुबह भटौली गांव में गमगीन माहौल के बीच महिला का अंतिम संस्कार कर दिया गया। बताया जा रहा है कि अस्पताल में तैनात डॉक्टरों व कर्मचारियों की डिग्रियों और अन्य दस्तावेज की जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से नोटिस दिया गया है। इस बीच, पैनल के माध्यम से कराए गए महिला के पोस्टमार्टम की रिपोर्ट सामने आ गई है। कोतवाली प्रभारी विनेश कुमार सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट में शॉक हेमरेज से मौत की पुष्टि हुई है। पुलिस आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस टीम लगी है।
दो दिन पहले हुई घटना, पीड़ित अड़े तब देर रात किया सील
जच्चा-बच्चा की मौत मामले ने प्रशासनिक व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आठ अक्तूबर की सुबह नवजात की मौत व नौ अक्तूबर को महिला की मौत हो गई। पीड़ित परिवार के विरोध के बाद ही प्रशासन हरकत में आया। नौ अक्तूबर को महिला की मौत के बाद आरोप लगाने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया। 10 अक्तूबर को परिजन ने शव सड़क पर रखकर विरोध जताया। तब जाकर पुलिस हरकत में आई और रिपोर्ट दर्ज की गई। वहीं, अस्पताल संचालन के मानकों की याद स्वास्थ्य महकमे को आई। इसके बाद शनिवार देर रात अस्पताल को सील किया गया।


वर्जन----
जच्चा-बच्चा की मौत के बाद तीन सदस्यीय टीम जांच के लिए गठित कर दी गई है। इसके अलावा अस्पताल में तैनात स्टाफ के दस्तावेज की भी जांच होगी। रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई होगी।-संतकुमार, प्रभारी सीएमओ

फोटो-10- मां पीतांबरा अस्पताल को सील करते स्वास्थ्य कर्मी व मौजूद सीएचसी अधीक्षक डॉ. वीपी शाक्य

फोटो-10- मां पीतांबरा अस्पताल को सील करते स्वास्थ्य कर्मी व मौजूद सीएचसी अधीक्षक डॉ. वीपी शाक्य

फोटो-10- मां पीतांबरा अस्पताल को सील करते स्वास्थ्य कर्मी व मौजूद सीएचसी अधीक्षक डॉ. वीपी शाक्य

फोटो-10- मां पीतांबरा अस्पताल को सील करते स्वास्थ्य कर्मी व मौजूद सीएचसी अधीक्षक डॉ. वीपी शाक्य

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed