{"_id":"682a376e37cf861697083d6b","slug":"bike-collided-with-a-vehicle-young-man-died-amethi-news-c-96-1-ame1002-140689-2025-05-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Amethi News: वाहन की चपेट में आई बाइक, युवक की मौत","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Amethi News: वाहन की चपेट में आई बाइक, युवक की मौत
Mon, 19 May 2025 01:09 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमेठी
Updated Mon, 19 May 2025 01:09 AM IST
विज्ञापन
बाजारशुकुल (अमेठी)। क्षेत्र के मूर्ति का पुरवा गांव निवासी सतीश कुमार (28) की शनिवार रात सड़क हादसे में बाराबंकी के हैदरगढ़ में मौत हो गई। इसके बाद परिजनों में कोहराम मचा है।
मूर्ति का पुरवा गांव निवासी सतीश कुमार (28) शनिवार को बाइक से पैनगरा गांव से एक परिचित की बरात में शामिल होने निकले थे। सतीश कुमार की बाइक बाराबंकी के हैदरगढ़ के पास कुमेदान के पुरवा गांव जाते समय अज्ञात वाहन की चपेट में आ गई। हादसे में घायल सतीश को स्थानीय लोगों ने हैदरगढ़ सीएचसी पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इसकी सूचना किसी अजनबी ने फोन पर परिजनों को दी। बेटे की मौत की सूचना मिलते ही मां राजकुमारी, पत्नी सीमा और अन्य परिजन रोते-बिलखते मौके पर पहुंचे। युवक की मौत के बाद गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
विज्ञापन
तीन मासूमों से छिना पिता का साया
सतीश की मौत के बाद उनकी पत्नी सीमा और तीन छोटे बच्चे दिव्यांशी (6), ऋतिक (4) और प्रतिज्ञा (3) बेसहारा हो गए हैं। बच्चों की मासूम चीखें और बार-बार पापा कहां गए की पुकार हर किसी की आंखें नम कर रही थीं। तीन साल पहले ही पिता किरसन का निधन हो गया था। घर में सतीश ही एकमात्र सहारा था। छोटा भाई सरवन अहमदाबाद में परिवार के साथ मजदूरी करता है।
विज्ञापन
मूर्ति का पुरवा गांव निवासी सतीश कुमार (28) शनिवार को बाइक से पैनगरा गांव से एक परिचित की बरात में शामिल होने निकले थे। सतीश कुमार की बाइक बाराबंकी के हैदरगढ़ के पास कुमेदान के पुरवा गांव जाते समय अज्ञात वाहन की चपेट में आ गई। हादसे में घायल सतीश को स्थानीय लोगों ने हैदरगढ़ सीएचसी पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
विज्ञापन
इसकी सूचना किसी अजनबी ने फोन पर परिजनों को दी। बेटे की मौत की सूचना मिलते ही मां राजकुमारी, पत्नी सीमा और अन्य परिजन रोते-बिलखते मौके पर पहुंचे। युवक की मौत के बाद गांव में मातमी सन्नाटा पसरा है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
विज्ञापन
तीन मासूमों से छिना पिता का साया
सतीश की मौत के बाद उनकी पत्नी सीमा और तीन छोटे बच्चे दिव्यांशी (6), ऋतिक (4) और प्रतिज्ञा (3) बेसहारा हो गए हैं। बच्चों की मासूम चीखें और बार-बार पापा कहां गए की पुकार हर किसी की आंखें नम कर रही थीं। तीन साल पहले ही पिता किरसन का निधन हो गया था। घर में सतीश ही एकमात्र सहारा था। छोटा भाई सरवन अहमदाबाद में परिवार के साथ मजदूरी करता है।