फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ambedkar Nagar News ›   Police

दरोगा जी बोले- बुलेट लाओ और मनमाफिक चार्जशीट लगवाओ

Sat, 17 Oct 2020 10:51 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Sat, 17 Oct 2020 10:51 PM IST
विज्ञापन
Police
अंबेडकरनगर। अपराधी के भाई से बेवाना थाना प्रभारी द्वारा मिठाई खरीदवाने का वीडियो वायरल होने के बाद अब मालीपुर थाने के एक दरोगा द्वारा चार्जशीट लगाने के नाम पर बुलेट मांगने का ऑडियो वायरल हुआ है। पीड़ित ने मामले की शिकायत एसपी से की। इसके बाद दरोगा को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
विज्ञापन

पुलिसकर्मियों के भ्रष्टाचार ने पुलिस-प्रशासन की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। गत दिनों बेवाना थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह द्वारा एक अपराधी के घर दबिश देने से पहले उसके भाई को फोन पर जानकारी देने का ऑडियो वायरल हुआ था। इसके दो दिन बाद ही थाना प्रभारी जितेंद्र सिंह का वीडियो वायरल हुआ, जिसमें वे उसी बदमाश के भाई से एक दुकान पर बड़ी मात्रा में मिठाई खरीदवाते दिखाई पड़े। इस पर एसपी ने उन्हें लाइन हाजिर कर दिया था। इस घटना को अभी चंद दिन भी नहीं बीते थे कि पुलिस का शर्मशार करने वाला एक नया ऑडियो फिर सामने आ गया।
विज्ञापन

इसमें मालीपुर थाने के एक दरोगा असलम अली चार्जशीट लगाने के नाम पर बुलेट की मांग करते सुने जा रहे हैं। रसूलपुर बाकरगंज निवासी पीड़ित निसार ने एसपी को भेजी शिकायत में कहा कि गांव के कुछ लोगों से उसका विवाद चल रहा है। इसमें मारपीट व धमकी देने का एक मुकदमा दर्ज कराया गया था। दरोगा असलम अली ने सात हजार रुपये उससे ले लिया, लेकिन अभियुक्तों पर चार्जशीट लगाने के लिए अब बुलेट की मांग कर रहे हैं। पीड़ित ने एसपी को ऑडियो भेजते हुए कहा कि इसमें दरोगा कह रहे हैं कि तुम्हारा विपक्षी लाखों रुपये देने को तैयार है।
विज्ञापन
विज्ञापन

यदि तुम चाहते हो बढ़िया चार्जशीट लगाऊं तो बुलेट की व्यवस्था करो। शिकायत में कहा गया कि विवेचक की मंशा अपराधियों को बचाने की लग रही है। विवेचना में वे देरी भी कर रहे हैं। इससे निष्पक्ष विवेचना संभव नहीं है। विवेचना किसी अन्य थाने के दरोगा से कराने की मांग करने के साथ ही कहा गया कि संबंधित प्रकरण में जरूरी कार्रवाई की जाए। एसपी आलोक प्रियदर्शी ने ऑडियो सामने आने के बाद दरोगा असलम अली को लाइन हाजिर करने के साथ ही विभागीय जांच के भी निर्देश दिए हैं। इसे लेकर चर्चा भी खूब हो रही है। लोगों का कहना है कि इस तरह के घोर भ्रष्टाचार के मामलों में लाइन हाजिर जैसी कार्रवाई खानापूरी अधिक लगती है। कार्रवाई ऐसी होनी चाहिए कि आगे कोई पुलिसकर्मी ऐसा करने से पहले लाख बार सोचे।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed